‘हमारी टीम रहती तो भारत को तीन दिन में हरा देते’, श्रीलंका के पूर्व कप्तान ने रोहित की टीम इंडिया पर कसा तंज

Arjun Ranatunga: भारतीय टीम की टेस्ट मैचों में बुरे प्रदर्शन के बाद से उस पर ढेरों उंगलियां उठने लगीं हैं. इसी क्रम में श्रीलंका के पूर्व कप्तान ने दावा किया है कि उनकी 1996 वाली टीम होती तो वे भारत को भारत में ही तीन दिन में हरा देते.

Arjun Ranatunga: कभी अपनी सरजमीं पर अजेय मानी जाने वाली भारतीय क्रिकेट टीम को हाल ही में निराशाजनक प्रदर्शन का सामना करना पड़ा है. भारतीय टीम को न्यूजीलैंड के खिलाफ 3-0 से क्लीन स्वीप झेलनी पड़ी, और इसके बाद ऑस्ट्रेलिया ने बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी में 3-1 से हराया. इन नतीजों के बाद टीम इंडिया की काफी आलोचना हो रही है. इसी बीच श्रीलंका के 1996 विश्व कप विजेता कप्तान अर्जुन रणतुंगा ने एक बड़ा बयान देकर भारतीय क्रिकेट प्रेमियों को हैरान कर दिया. उनका कहना है कि अगर उनकी कप्तानी वाली श्रीलंकाई टीम होती, तो वह मौजूदा भारतीय टीम को भारत में महज तीन दिनों में हरा देती.

अर्जुन रणतुंगा ने कहा कि वर्तमान भारतीय बल्लेबाजी क्रम चामिंडा वास और मुथैया मुरलीधरन जैसे गेंदबाजों का सामना नहीं कर सकता. उन्होंने द टेलीग्राफ से बात करते हुए कहा, “अगर मेरी टीम में चामिंडा वास और मुरलीधरन जैसे गेंदबाज होते, तो हम मौजूदा भारतीय टीम को भारत में तीन दिनों के भीतर हरा देते.” रणतुंगा ने भारतीय टीम के वर्तमान स्तर पर सवाल उठाते हुए कहा कि भारत के पास अब वैसा गुणवत्ता वाला बल्लेबाजी क्रम नहीं है, जैसा 1990 के दशक में हुआ करता था. उन्होंने उस समय के भारतीय दिग्गजों सुनील गावस्कर, दिलीप वेंगसरकर, मोहम्मद अजहरुद्दीन, सचिन तेंदुलकर, विनोद कांबली और राहुल द्रविड़ का जिक्र करते हुए कहा कि उन खिलाड़ियों को दो बार आउट करना किसी भी टीम के लिए मुश्किल होता था. उन्होंने सीधे तौर पर सवाल किया कि क्या आज की भारतीय टीम में वैसी ही गुणवत्ता है?

भारतीय टेस्ट टीम की हालिया विफलता

भारत ने साल 2012 से 2024 के बीच लगातार 12 घरेलू टेस्ट सीरीज जीती, लेकिन न्यूजीलैंड के खिलाफ 3-0 की हार ने इस सिलसिले को तोड़ दिया. इसके बाद बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी में भी टीम इंडिया का प्रदर्शन निराशाजनक रहा और ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ 3-1 से हार झेलनी पड़ी. इसके अलावा, भारत विश्व टेस्ट चैंपियनशिप (WTC) 2023-25 के फाइनल में भी जगह बनाने में विफल रहा. यह पहली बार है जब भारत WTC के फाइनल में नहीं पहुंच सका. रणतुंगा ने भारतीय टीम की निरंतर गिरती साख पर चिंता व्यक्त की और कहा कि अगर यह सिलसिला जारी रहा, तो भारतीय क्रिकेट का प्रभाव धीरे-धीरे कम हो सकता है.

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रणतुंगा ने श्रीलंका क्रिकेट बोर्ड की भी आलोचना की

रणतुंगा ने सिर्फ भारतीय टीम ही नहीं, बल्कि अपनी श्रीलंकाई टीम और श्रीलंका क्रिकेट बोर्ड (SLC) की भी आलोचना की. उन्होंने कहा कि वर्तमान श्रीलंकाई टीम में भी प्रतिभा की कोई कमी नहीं है, लेकिन 1996 की टीम से उनकी तुलना करने पर केवल अरविंदा डी सिल्वा ही मौजूदा खिलाड़ियों से कुछ पायदान ऊपर थे. उन्होंने श्रीलंका क्रिकेट बोर्ड (SLC) को लेकर कहा, “असल समस्या श्रीलंका क्रिकेट बोर्ड के अंदर है. बोर्ड का प्रबंधन भ्रष्ट है, जो सभी समस्याओं की जड़ है. जब तक प्रशासन दुरुस्त नहीं होगा, तब तक श्रीलंका क्रिकेट में सुधार नहीं हो सकता.”

विराट कोहली के खराब फॉर्म पर रणतुंगा की सलाह

रणतुंगा ने विराट कोहली के खराब फॉर्म पर भी अपनी राय दी. उन्होंने कहा कि कोहली को पूर्व दिग्गजों जैसे सुनील गावस्कर और राहुल द्रविड़ से सलाह लेनी चाहिए. उन्होंने यह भी कहा कि, “कोहली को खुद तय करना होगा कि उन्हें आगे क्या करना है. लेकिन अगर वह अपने खेल में सुधार करना चाहते हैं, तो उन्हें उन महान खिलाड़ियों के पास जाना चाहिए जिन्होंने टेस्ट क्रिकेट में सफलता पाई है.” विराट टेस्ट मैचों के बाद कटक में खेले गए दूसरे वनडे मैच में भी फेल रहे, वे केवल 5 रन बनाकर आउट हो गए. 

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