रोहित शर्मा को वानखेड़े स्टेडियम का खास तोहफा, अजित वाडेकर और शरद पवार के साथ मिला ये सम्मान

Rohit Sharma: मुंबई क्रिकेट एसोसिएशन ने अपनी 86वीं वार्षिक आम बैठक का आयोजन किया. बैठक में वानखेड़े स्टेडियम के पवेलियन और स्टैंड्स का नामकरण रोहित शर्मा, शरद पवार और अजित वाडेकर के नाम पर करने का फैसला हुआ. यह निर्णय मुंबई क्रिकेट में उनके योगदान को सम्मान देने के उद्देश्य से लिया गया.

Rohit Sharma: मुंबई क्रिकेट एसोसिएशन (MCA) ने मंगलवार को अपनी 86वीं वार्षिक आम बैठक (AGM) सफलतापूर्वक संपन्न की, जिसमें मुंबई में क्रिकेट के विकास और विस्तार के प्रति अपनी प्रतिबद्धता को दोहराया गया. बैठक में कई महत्वपूर्ण फैसले लिए गए, जिनमें वानखेड़े स्टेडियम के एक प्रतिष्ठित पवेलियन का नाम भारत के टी20 वर्ल्ड कप और चैंपियंस ट्रॉफी जीताने वाले कप्तान रोहित शर्मा के नाम पर रखने का ऐलान प्रमुख रहा. रोहित के साथ शरद पवार और अजित वाडेकर के नाम पर भी पवेलियन के नाम का ऐलान किया गया है. 

रोहित शर्मा क्रिकेट इतिहास के सबसे महान ओपनिंग बल्लेबाजों में गिने जाते हैं. उन्होंने 499 अंतरराष्ट्रीय मैचों में 42.18 की औसत से 19,700 रन बनाए हैं, जिसमें 49 शतक, 108 अर्धशतक और 264 का सर्वोच्च व्यक्तिगत स्कोर शामिल है. उनके नाम वनडे में तीन दोहरे शतक हैं, जो किसी भी बल्लेबाज के सबसे ज़्यादा हैं और 264 रन का स्कोर वनडे क्रिकेट का सर्वाधिक व्यक्तिगत स्कोर है. वे एक टी20 वर्ल्ड कप और एक चैंपियंस ट्रॉफी खिताब भारत को दिला चुके हैं, दोनों ही बतौर कप्तान. उन्होंने भारत की कप्तानी तीनों फॉर्मेट में की है. इतनी उपलब्धियों के बाद रोहित को यह सम्मान दिया जा रहा है. 

किन स्टैंड्स के नाम बदले जाएंगे?

आम बैठक में एक और प्रस्ताव सर्वसम्मति से पारित किया गया, जिसमें वानखेड़े स्टेडियम के विभिन्न स्टैंड्स को नई पहचान दी गई. यह प्रस्ताव मिलिंद नार्वेकर द्वारा रखा गया था और जीतेन्द्र आव्हाड ने इसका समर्थन किया. पारित प्रस्ताव के अनुसार, ग्रैंड स्टैंड लेवल 3: श्री शरद पवार स्टैंड, ग्रैंड स्टैंड लेवल 4: अजित वाडेकर स्टैंड और डिवेचा पवेलियन लेवल 3: रोहित शर्मा स्टैंड के नाम से जाना जाएगा. 

अजित वाडेकर और शरद पवार. इमेज- सोशल मीडिया.

अजित वाडेकर का कैरियर

1966 से 1974 तक 37 टेस्ट और दो वनडे खेलने वाले वाडेकर ने 1971 में वेस्टइंडीज और इंग्लैंड में ऐतिहासिक सीरीज जीतने में भारत की अगुआई की. उन्होंने 1958-59 में अपना प्रथम श्रेणी डेब्यू किया था. वह भारतीय क्रिकेट के इतिहास में नंबर 3 के सर्वश्रेष्ठ बल्लेबाजों में से एक थे और बेहतरीन स्लिप फील्डरों में से एक थे. अगस्त 2018 में 77 वर्ष की आयु में उनका निधन हो गया.

आम बैठक में लिए गए अन्य निर्णय

आम बैठक की एक और बड़ी घोषणा में मुंबई क्रिकेट एसोसिएशन ने अपने संबद्ध क्लबों के लिए फंड को 75 करोड़ रुपये तक बढ़ाने की घोषणा की है, जिसे आने वाले वर्षों में 100 करोड़ रुपये तक ले जाने की योजना है. MCA के प्रेस रिलीज़ के अनुसार, यह निर्णय मुंबई में जमीनी स्तर पर क्रिकेट ढांचे को मजबूत करने और इसके दीर्घकालिक विकास को समर्थन देने के उद्देश्य से लिया गया है.

इसके अलावा, मुंबई क्रिकेट एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष दिवंगत अमोल काले की स्मृति में MCA पवेलियन में स्थित मैच डे ऑफिस को अब “MCA ऑफिस लाउंज इन मेमोरी ऑफ अमोल काले” नाम से जाना जाएगा. इस अवसर पर मुंबई क्रिकेट एसोसिएशन के अध्यक्ष अजिंक्य नाइक ने कहा, “आज के निर्णय मुंबई क्रिकेट के स्तंभों के प्रति हमारे गहरे सम्मान और क्रिकेट के उज्जवल भविष्य को लेकर हमारी प्रतिबद्धता को दर्शाते हैं. ये स्टैंड और यह लाउंज हमेशा उन दिग्गजों की विरासत को संजोए रखेंगे, जिन्होंने मुंबई की क्रिकेट आत्मा को एक-एक रन और एक-एक ईंट से गढ़ा है.” मुंबई क्रिकेट एसोसिएशन ने दोहराया कि वह क्रिकेट में उत्कृष्टता की अपनी प्रतिबद्धता के साथ आगे भी उन महान हस्तियों की विरासत को सहेजने और संवारने का कार्य करता रहेगा, जिन्होंने खेल को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया.

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उत्तर प्रदेश के भदोही जिले के रहने वाले अनन्त ने इलाहाबाद विश्वविद्यालय से मास कम्युनिकेशन में पोस्ट ग्रेजुएशन की पढ़ाई पूरी की है. उन्होंने 2024 में अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत प्रभात खबर में खेल पत्रकार के रूप में की थी, जहां उन्होंने करीब एक वर्ष तक क्रिकेट और अन्य खेलों से जुड़ी खबरों को कवर किया. बाद में अपनी रुचि और विशेषज्ञता के चलते उन्होंने अंतरराष्ट्रीय डेस्क का रुख किया और आज वैश्विक राजनीति व भू-राजनीति के प्रमुख विषयों पर लेखन कर रहे हैं.

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