बुमराह के सामने उसकी पिटाई हो रही और गिल खड़े देख रहे, टीम इंडिया की स्ट्रेटजी पर भड़के पोंटिंग

Ricky Ponting reaction on Shubman Gill’s Strategy in Manchester Test: भारत बनाम इंग्लैंड चौथे टेस्ट में टीम इंडिया की रणनीति सवालों के घेरे में आ गई है. मैच के दूसरे दिन इंग्लैंड के ओपनर्स ने 166 रन की मजबूत साझेदारी की, जहां भारत विकेट के लिए तरस गया. रिकी पोंटिंग ने भारतीय गेंदबाजी योजनाओं और उनके क्रियान्वयन को बेहद खराब बताया और कड़ी आलोचना की.

Ricky Ponting reaction on Shubman Gill’s Strategy: भारत और इंग्लैंड के बीच चौथे टेस्ट में टीम इंडिया की रणनीति पर काफी बहस हो रही है. जब टॉस जीतकर बेन स्टोक्स ने बल्लेबाजी के लिए भारत को आमंत्रित किया, तो यशस्वी जायसवाल और केएल राहुल ने शानदार साझेदारी करते हुए अच्छी शुरुआत दी. हालांकि भारत की पारी बहुत लंबी नहीं चली और मैच के दूसरे दिन के दूसरे सेशन पर समाप्त हुई. भारत की तेज गेंदबाजी आक्रमण से जल्द विकेट लेने की उम्मीद थी. लेकिन इंग्लैंड के ओपनर्स ने 166 रन की लंबी साझेदारी कर डाली. पूर्व ऑस्ट्रेलियाई कप्तान रिकी पोंटिंग ने मैनचेस्टर के ओल्ड ट्रैफर्ड में इंग्लैंड के खिलाफ चौथे टेस्ट के दूसरे दिन भारत की इसी गेंदबाजी रणनीति की जमकर आलोचना की. उन्होंने भारत की योजना और उसके क्रियान्वयन को बेहद खराब करार दिया और कोई नरमी नहीं दिखाई.

हालांकि भारत को गेंदबाजी के लिए इंग्लैंड की तुलना में कम अनुकूल परिस्थितियाँ मिलीं, लेकिन नए गेंद के साथ रणनीतिक चूक ने उनकी मुश्किलें और बढ़ा दीं. भारतीय तेज गेंदबाज लाइन से भटके और खूब रन लुटाए, जिससे इंग्लैंड के सलामी बल्लेबाज बेन डकेट और जैक क्रॉली ने शुरुआत से ही आक्रामक रुख अपनाते हुए कप्तान शुभमन गिल (Shubman Gill) के लिए लगातार सिरदर्द खड़ा कर दिया. पोंटिंग भारत की रणनीति से बेहद असंतुष्ट दिखे. उन्होंने यह कहते हुए सख्त प्रतिक्रिया दी कि नए गेंद से डेब्यू कर रहे अंशुल कंबोज (Anhsul Kamboj) को मोहम्मद सिराज के बजाय गेंद देना एक बड़ी चूक थी. जबकि जसप्रीत बुमराह (Jasprit Bumrah) ने रन गति को कुछ हद तक नियंत्रित किया, वहीं कंबोज को इंग्लिश बल्लेबाजों ने जमकर पीटा.

Ben duckett and zak crawley run between the wickets on anshul kamboj ball. Image: pti.

पोंटिंग ने स्काई स्पोर्ट्स पर कहा, “उन्हें दोनों तरफ से रन पड़े, है ना? हमने पहले भी बात की थी कि उन्होंने पोप के खिलाफ कैसे गेंदबाजी की. मुझे लगता है कि वे रणनीति के स्तर पर भी चूके. मुझे नहीं लगता कि कंबोज को नई गेंद लेनी चाहिए थी. मुझे ये शुरुआत से ही पसंद नहीं आया. और डकेट की पहली छह में से पांच बाउंड्री स्क्वायर लेग की तरफ पीछे लगीं. इसका मतलब है कि रणनीति में बड़ी चूक हुई थी.”

गलत एंड से गेंदबाजी कर रहे बुमराह

पोंटिंग ने बुमराह को भी नहीं बख्शा, जो एंडरसन एंड से गेंदबाजी कर रहे थे, जबकि अधिकतर विकेट स्टेथेम एंड से आए. इससे भारत की रणनीतिक विफलता और भी गहराई से उजागर हुई. उन्होंने आगे कहा, “अब भी देखिए तो बुमराह गलत छोर से गेंदबाजी कर रहे हैं. ज्यादातर विकेट स्टेथेम एंड से गिरे हैं. लेकिन बुमराह ने अधिकतर गेंदबाजी एंडरसन एंड से की है. तो वो क्रियान्वयन के स्तर पर भी चूके और रणनीतिक रूप से भी.”

मैच के दो दिन का हाल

पैर में फ्रैक्चर के बावजूद साहसी ऋषभ पंत बैटिंग करने उतरे और अपनी फिफ्टी पूरी की. दिन के दूसरे सेशन में भारत की पहली पारी 358 रनों पर सिमटी. जिसके बाद बेन डकेट और जैक क्रॉली (84) ने 166 रन की साझेदारी कर इंग्लैंड को शानदार शुरुआत दी. इसके बाद जडेजा ने क्रॉली (84) को ऑफ साइड पर ड्राइव खेलने के लिए मजबूर किया, जिससे वे केएल राहुल को कैच दे बैठे और भारत को पहली सफलता मिली. फिर अंशुल कंबोज ने डकेट (94) का शतक छीनते हुए विकेटकीपर ध्रुव जुरेल के हाथों कैच करवाया और अपने टेस्ट करियर का पहला विकेट हासिल किया. दिन का खेल समाप्त होने तक इंग्लैंड ने 225/2 रन बना लिए थे और अब वे भारत से केवल 133 रन पीछे हैं.

ये भी पढ़ें:-

रिटायरमेंट की चर्चा? टीम से ड्रॉप करुण नायर रो पड़े तो बचपन के दोस्त ने दिया सहारा! वायरल हुईं तस्वीरें

इंग्लैंड में तिलक वर्मा का बल्ला उगल रहा चौके-छक्के, तीसरे मैच में ही ठोका दूसरा शतक

पाकिस्तान से स्पॉट फिक्सर, पर तेंदुलकर-द्रविड़-बुमराह नहीं, डिविलियर्स ने चुनी हैरान करने वाली ऑल-टाइम वर्ल्ड XI

प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में

By Anant narayan shukla

अनन्त नारायण शुक्ल प्रभात खबर डिजिटल में कंटेंट क्रिएटर के रूप में कार्यरत हैं. उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में करीब दो वर्षों का अनुभव है. अनन्त राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मामलों, वैश्विक भू-राजनीति (ग्लोबल जियोपॉलिटिक्स), रक्षा नीति, कूटनीति और विश्व राजनीति से जुड़े विषयों पर खबरें करते हैं. वे दुनिया भर में घट रही महत्वपूर्ण घटनाओं को गहरी रिसर्च और तथ्यमात्मक विश्लेषण के साथ पाठकों तक पहुंचाने का काम करते हैं.

अनन्त मुख्य रूप से अंतरराष्ट्रीय संघर्ष, वैश्विक सुरक्षा, रक्षा रणनीतियों, विदेश नीति, भारत के पड़ोसी देशों से जुड़े घटनाक्रम और विश्व स्तर पर भारत की भूमिका जैसे विषयों को कवर करते हैं. इजरायल-ईरान संघर्ष, अमेरिका की विदेश नीति, परमाणु सुरक्षा, पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (PoK) के हालात, नेपाल-चीन सीमा से जुड़े मुद्दे और वैश्विक कूटनीतिक घटनाक्रम पर उनकी विशेष पकड़ है. इसके अलावा वे अंतरराष्ट्रीय आपदाओं, विदेशों में बसे भारतीयों और वैश्विक स्तर पर भारत के बढ़ते प्रभाव से जुड़ी खबरों पर भी नियमित रूप से लिखते हैं.

इतिहास, राजनीति और विज्ञान में उनकी गहरी रुचि रही है, जिसने उन्हें वैश्विक मामलों और अंतरराष्ट्रीय पत्रकारिता की ओर प्रेरित किया. यही वजह है कि उनके लेखों में विषय की गहराई, एक्सपर्ट्स की राय के साथ उनके कमेंट्स, तथ्यों की सटीकता और व्यापक संदर्भ देखने को मिलता है. बदलते वैश्विक परिदृश्य पर उनकी पैनी नजर रहती है, जिससे वे पाठकों तक समय पर विश्वसनीय और विश्लेषणात्मक जानकारी पहुंचाते हैं.

अनन्त को राष्ट्रीय राजनीति की भी समझ है. उन्होंने झारखंड विधान सभा 2024, दिल्ली विधान सभा चुनाव 2025 चुनाव और देश के अन्य चुनावों को कवर किया है. चुनाव के काउंटिंग डे को कवर करने का भी उनके पास काफी अनुभव है.

अनन्त कभी-कभी नेशनल डेस्क भी संभालते हैं, जिसमें देश भर में जनता से जुड़े जरूरी सामाजिक मुद्दे, न्यायिक खबरों और अपराध की खबरों को भी कवर करते हैं. इसके अलावा उन्हें रोचक जानकारियों को क्यूरेट करने का भी शौक है. इसमें लाइफस्टाइल, ऐतिहासिक और पुरातात्विक जानकारी के साथ ही दुनिया भर के साम्राज्यों के बारे में खबरें करते हैं.

उत्तर प्रदेश के भदोही जिले के रहने वाले अनन्त ने इलाहाबाद विश्वविद्यालय से मास कम्युनिकेशन में पोस्ट ग्रेजुएशन की पढ़ाई पूरी की है. उन्होंने 2024 में अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत प्रभात खबर में खेल पत्रकार के रूप में की थी, जहां उन्होंने करीब एक वर्ष तक क्रिकेट और अन्य खेलों से जुड़ी खबरों को कवर किया. बाद में अपनी रुचि और विशेषज्ञता के चलते उन्होंने अंतरराष्ट्रीय डेस्क का रुख किया और आज वैश्विक राजनीति व भू-राजनीति के प्रमुख विषयों पर लेखन कर रहे हैं.

तथ्यों की पुष्टि और सटीक जानकारी को वे अपनी पत्रकारिता का सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा मानते हैं. उनका प्रयास रहता है कि पाठकों को विश्व घटनाक्रम की भरोसेमंद, संतुलित और गहन जानकारी सरल भाषा में उपलब्ध हो, ताकि वे वैश्विक मुद्दों को बेहतर ढंग से समझ सकें.

Read More
ePaper

अपने दैनिक समाचार अनुभव को और बेहतरीन बनाएं

सिर्फ ₹399 ₹149

एक साल के लिए

आज ही सब्सक्राइब करें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >