टी-20 श्रृंखला में चयन से हैरान हूं : नेगी

नयी दिल्ली : भारतीय क्रिकेट टीम ने जब ऑस्ट्रेलियाई सरजमीं पर 3-0 से श्रृंखला जीती हो तब किसी की भी उम्मीद नहीं थी कि चयनकर्ता टीम में बदलाव करेंगे और यही वजह है कि पवन नेगी को जब श्रीलंका के खिलाफ टी20 श्रृंखला के लिये टीम में चयन का पता चला तो उन्हें सुखद आश्चर्य […]

नयी दिल्ली : भारतीय क्रिकेट टीम ने जब ऑस्ट्रेलियाई सरजमीं पर 3-0 से श्रृंखला जीती हो तब किसी की भी उम्मीद नहीं थी कि चयनकर्ता टीम में बदलाव करेंगे और यही वजह है कि पवन नेगी को जब श्रीलंका के खिलाफ टी20 श्रृंखला के लिये टीम में चयन का पता चला तो उन्हें सुखद आश्चर्य हुआ.

बायें हाथ के स्पिनर और निचले क्रम के उपयोगी बल्लेबाज नेगी ने कहा, ‘‘मैं नहीं कहूंगा कि मैं भौचक्का था क्योंकि मैं सीमित ओवरों की क्रिकेट में अच्छा प्रदर्शन कर रहा था. लेकिन यह कहना गलत होगा कि मैं हैरान नहीं था क्योंकि मुझे उस टीम में जगह मिलने की उम्मीद नहीं थी जिसने टी20 श्रृंखला 3-0 से जीती थी. अब मैं टीम में हूं और यदि मुझे खेलने का मौका मिलता है तो मैं इस अवसर का पूरा फायदा उठाने की कोशिश करुंगा. ‘
नेगी से पूछा गया कि उनके करियर का टर्निंग प्वाइंट क्या रहा, उन्होंने कहा, ‘‘ कोलकाता नाइटराडर्स के खिलाफ 2014 चैंपियन्स लीग टी20 का फाइनल जिसमें मैंने पांच विकेट लिये थे. जिस मैच में सभी अंतरराष्ट्रीय क्रिकेटर खेल रहे हों उसमें मैन आफ द मैच हासिल करने से मेरा आत्मविश्वास बढ़ा कि मैं भारत की तरफ खेल सकता हूं. ‘ उन्होंने कहा, ‘‘महेंद्र सिंह धौनी ने मेरा जो समर्थन किया उसे नहीं भूल सकता हूं. एक बार उन्होंने मुझसे कहा था कि इस स्तर पर मुख्य मानदंड लगातार अच्छे प्रदर्शन करने की काबिलियत है. ‘ असल में कुछ महीने पहले जब धौनी नेशनल स्टेडियम में अभ्यास करना चाहते थे उन्होंने नेगी को बुलाया था.
नेगी ने कहा, ‘‘जब आपका साथ देने वाला कप्तान हो जो छक्का पडने के बाद कहे कि घबराओ मत तो आपका आत्मविश्वास स्वत: ही बढ़त जाता है. चेन्नई सुपरकिंग्स के ड्रेसिंग रुम में धौनी भाई मुझे बताते थे कि किसी बल्लेबाज के लिये उनकी क्या रणनीति है. वह बहुत स्पष्ट बताते हैं कि वह अपने गेंदबाजों से क्या चाहते हैं. सीएसके के बाद अपनी गेंदबाजी को लेकर मैं अधिक स्पष्ट नजरिया रखने लगा. ‘
रविंद्र जडेजा के टीम में होने से सौराष्ट्र के इस स्पिनर को विश्राम देने या उनके चोटिल होने की दशा में ही नेगी को अंतिम एकादश में जगह मिल पाएगी. नेगी ने कहा, ‘‘मैं जानता हूं कि मुझसे क्या उम्मीद की जा रही है. मेरा काम पूरी तरह से तैयार रहना और ज्यादा से ज्यादा जानकारी जुटाना है क्योंकि ड्रेसिंग रुम में इतने अधिक दिग्गज खिलाडी रहेंगे.
धौनी, सुरेश रैना, ब्रैंडन मैकुलम के साथ चेन्नई सुपरकिंग्स की तरफ से खेलने के बाद क्रिकेटर के रुप में मेरा नजरिया बदला है. ‘ नेगी अब भी खुद को बायें हाथ का विशेषज्ञ स्पिनर कहलाना पसंद करते हैं जिसे छक्के जडना पसंद है. उन्होंने कहा, ‘‘मैं अब भी पहले बायें हाथ का स्पिनर हूं. विकेट हासिल करना मेरी पहली प्राथमिकता है और इसलिए मुझे अंतिम एकादश में चुना जा रहा है. लेकिन आजकल केवल गेंदबाजी ही एकमात्र मानक नहीं है और इसलिए मैंने अपनी बल्लेबाजी पर ध्यान देना शुरू किया. ‘
नेगी ने कहा, ‘‘नेट्स पर बल्लेबाजी का मेरा तरीका सरल है. मैं हमेशा अपने कोचों को मैच स्थिति देने के लिये कहता है. मैं काल्पनिक लक्ष्य जैसे 24 गेंदों पर 40 रन या 18 गेंदों पर 33 रन का लक्ष्य तय करता हूं और फिर फैसला करता हूं कि मुझे कितने छक्के जड़ने हैं. मैं क्षेत्ररक्षण की संभावित सजावट के बारे में भी सोचता हूं. अभ्यास का यह तरीका मैच के दौरान काम आता है. ‘

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