क्रिकेट के मैदान में कई बार विलेन बना बाउंसर

क्रिकेट का खेल आज पूरे दुनिया में सबसे अधिक पसंद किया जाने वाला खेल बन चुका है. इस खेल में जितना अधिक रोमांच है उतना ही अधिक इसमें खतरा भी है. हालांकि अभी के दौर में खतरों से निपटने के लिए काफी ध्‍यान दिया जाने लगा है. खिलाड़ी पूरी सुरक्षा के साथ मैदान पर उतरते […]

क्रिकेट का खेल आज पूरे दुनिया में सबसे अधिक पसंद किया जाने वाला खेल बन चुका है. इस खेल में जितना अधिक रोमांच है उतना ही अधिक इसमें खतरा भी है. हालांकि अभी के दौर में खतरों से निपटने के लिए काफी ध्‍यान दिया जाने लगा है.

खिलाड़ी पूरी सुरक्षा के साथ मैदान पर उतरते हैं. लेकिन फिर भी कई दफा ऐसी घटनायें हो जाती है जिससे क्रिकेटर मैदान पर चोटिल हो जाते हैं और कभी-कभी तो स्थिति ऐसी बन जाती है कि उनके जानपर भी खतरा बन जाता है.
क्रिकेट के इतिहास में एक ऐसा भी दिन आया है जिसमें भारतीय खिलाड़ी को अपनी जान भी गवानी पड़ी. यहां बात हो रही है युवा क्रिकेटर रमन लांबा की. 23 फरवरी 1998 को भारतीय क्रिकेट इतिहास की सबसे दुखद घटना घटी थी. उत्तर प्रदेश के क्रिकेटर रमन लांबा को शॉर्ट लेग पर फील्डिंग करते समय सिर में चोट लगी थी और निधन हो गया था.
इसके अलावा कुछ और खिलाड़ी हैं जो हो चुके हैं बॉल के शिकार
* मार्क बाउचर – मार्क बाउचर अक्षिण अफ्रीका के महान विकेटकीपर रह चुके हैं. बाउचर भी मैदान पर घायल हो चुके हैं. बाउचर को चोट इतनी गंभीर लगी थी कि उन्‍हें इससे उबरने में कई दिन लग गये. एक अभ्‍यास मैच के दौरान उनकी बांयी आंख में गिल्‍ली लगी और घायल हो गये थे. बाउचर भाग्‍यशाली रहे कि उनकी चोट इतनी गंभीर नहीं थी और वह इसके बाद भी क्रिकेट खेलते रहे.
* ब्रायन लारा – वेस्‍टइंडीज के महान बल्‍लेबाज को शायद ही कोई ऐसा हो जो नहीं जानता हो. लारा ने क्रिकेट के इतिहास में कई रिकार्ड अपने नाम किया. बायें हाथ के इस बल्‍लेबाज ने टेस्‍ट क्रिकेट में एक पारी में सबसे अधिक रन बनाने का रिकार्ड बनाया है. इस महान बल्‍लेबाज को एक बार ऐसे दौर से गुजरना पड़ा था जब वह मैदान पर बुरी तरह से घायल हो गये थे. अगर किस्‍मत उनके साथ नहीं होता तो कुछ भी हो सकता था.
बात चैंपियन ट्रॉफी 2004 के फाइनल मुकाबले की हो रही है. वेस्‍टइंडीज और पाकिस्‍तान की टीम फाइनल मुकाबले में एक-दूसरे के सामने थी. लारा बल्‍लेबाजी कर रहे थे और उनके सामने दुनिया के सबसे तेज गेंदबाज शोएब अख्‍तर थे. अख्‍तर की एक गेंद लारा के सिर पर लगी और वह बुरी तरह से घायल होकर मैदान पर गिर गये. वो तो भला था कि उन्‍होंने हेलमेट पहन रखा था. गेंद हेलमेट में लगी और उनका सिर सुरक्षित रहा.
*शिवनारायण चंद्रपॉल – वेस्‍टइंडीज के बल्‍लेबाज शिवनारायण चंद्रपाल भी एक बार मैदान पर बुरी तरह से घायल हो गये थे. 2008 में ऑस्‍ट्रेलिया और वेस्‍टइंडीज के बीच एक मैच के दौरान रफ्तार के बादशाह ब्रेट ली की गेंद चंद्रपॉल के जबड़े में लगी और वह घायल हो गये. उन्‍हें ब्रेट ली की गेंद समझ में नहीं आयी और जबड़ा चोटिल कर बैठे. गेंद इतनी तेज थी कि अगर चंद्रपॉल ने हेलमेट नहीं पहनी होती तो उन्‍हें और भी गंभीर चोट लग सकती थी.

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