Masik Shivratri March 2026: हिंदू धर्म में चैत्र महीने का बहुत ही विशेष महत्व होता है. यह महीना मां दुर्गा को समर्पित होता है. इस महीने शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा तिथि से लेकर नवमी तिथि तक चैत्र नवरात्र मनाया जाएगा. इस दौरान मां दुर्गा के विभिन्न रूपों की पूजा की जाती है. वहीं चैत्र महीने के कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी तिथि पर मासिक शिवरात्रि मनाई जाती है. इस अवसर पर भगवान शिव और मां पार्वती की पूजा की जाती है. इसके अलावा मनचाही मुराद पाने के लिए इस दिन व्रत भी रखा जाता है. चलिए चैत्र महीने की मासिक शिवरात्रि की तिथि और शुभ मुहूर्त के बारे में जानते हैं.
चैत्र शिवरात्रि शुभ मुहूर्त
पंचांग के अनुसार, चैत्र महीने के कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी तिथि 11 मार्च की देर रात 01 बजकर 54 मिनट पर शुरू होगी. फिर 12 मार्च की सुबह 04 बजकर 19 मिनट पर चैत्र महीने के कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी तिथि समाप्त हो जाएगी. मासिक शिवरात्रि के दौरान निशा काल में शिव शक्ति की पूजा होती है. इस बार 11 मार्च को चैत्र महीने की मासिक शिवरात्रि मनाई जाएगी. इस बार निशा काल में पूजा का समय देर रात 12 बजकर 06 मिनट से 12 बजकर 55 मिनट तक का है.
मासिक शिवरात्रि व्रत विधि
- सबसे पहले आप सुबह स्नान कर स्वच्छ कपड़े पहने और व्रत का संकल्प लें.
- फिर आप शिवलिंग पर गंगाजल, दूध, दही, शहद, घी और मिश्री (पंचामृत) से अभिषेक करें.
- पूजा के दौरान भगवान शिव को बेलपत्र, धतूरा, भांग, सफेद चंदन, अक्षत और शमी के पत्ते अर्पित करें.
- पूजा में माता पार्वती को सुहाग की सामग्री और लाल फूल चढ़ाएं.
- इस दौरान ‘ॐ नमः शिवाय’ का 108 बार जाप करें और शिव चालीसा का भी पाठ करें.
- कहा जाता है कि शिवरात्रि पर रात में जागरण करना शुभ होता है.
- अगले दिन सुबह आप स्नान के बाद पूजा करके पारण कर लें.
मासिक शिवरात्रि व्रत का फल और महत्व
- इस दिन पूजा करने से सभी मनोकामनाएं पूरी होती हैं.
- जीवन की सभी बाधाएं दूर हो जाती हैं.
- घर में सुख शांति और समृद्धि का वास होता है.
- विवाह में आने वाली अड़चनें भी दूर हो जाती हैं.
- शरीर भी हमेशा स्वस्थ रहता है.
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