आजकल विधानसभा मे स्थानीय नीति को लेकर उत्पन्न किया जा रहा गतिरोध अफसोसनाक है़ स्थानीय नीति के नाम पर खासकर विरोधी पार्टी द्वारा राजनीति करना बेमानी है़
पूर्व की सरकारों ने इसके नाम पर क्या किया, यह सबको पता है़ खासकर हेमंत सोरेन लंबे समय तक सीएम रहे, उन्होंने क्या किया? जबकि अभी सबसे ज्यादा विरोध वे ही कर रहे हैं. रही बात बाबूलाल मरांडी की तो, उन्होंने भी इस मामले में खानापूर्ति ही की़ सारे मामले को देख कर लगता है कि इस पर कोई भी दल गंभीर नहीं है़
शंभू सहाय, ई-मेल से
