सैनिकों पर समुचित ध्यान हो

अफसोस की बात है कि हमारे देश में सेना के अफसरों के लिए सभी सुविधाएं हैं, परंतु हमारे जांबाज जवान जीवन की खुरदुरे व कड़वे सच से रूबरू होते हैं. दुश्मन उनके सामने हमले के लिए तैयार है, जैसलमेर की 50 डिग्री सेल्सियस की झुलसती गर्मी से लेकर सियाचिन की खून जमा देनेवाली -50 डिग्री […]

अफसोस की बात है कि हमारे देश में सेना के अफसरों के लिए सभी सुविधाएं हैं, परंतु हमारे जांबाज जवान जीवन की खुरदुरे व कड़वे सच से रूबरू होते हैं.
दुश्मन उनके सामने हमले के लिए तैयार है, जैसलमेर की 50 डिग्री सेल्सियस की झुलसती गर्मी से लेकर सियाचिन की खून जमा देनेवाली -50 डिग्री सेल्सियस में ड्यूटी करनेवाले सेना के जवानों को अगर इतनी बुरी हालत में नौकरी करनी पड़ रही है, तब तो यह बहुत शर्म की बात है. इस खराब स्थिति के लिए जो लोग जिम्मेदार हैं, उनको इसकी सजा मिलनी ही चाहिए और अति शीघ्र समस्या का समाधान होना ही चाहिए. साथ ही यह भी सुनिश्चित होना चाहिए कि ऐसी स्थिति भविष्य में कभी पैदा न हो.
– निर्मल कुमार शर्मा,गाजियाबाद, उत्तर प्रदेश

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