आंतरिक मजबूती जरूरी है

अंतरराष्ट्रीय कोर्ट में कुलभूषण जाधव के केस की सुनवाई चल रही है. विपक्षी वकील ने विरोध में अपनी दलील रखते हुए भारत के ही तीन पत्रकारों के लेखों का जिक्र किया. इन लेखों में कुलभूषण जाधव के बारे में ऐसी बातें लिखी गयी थीं, जिसने कोर्ट में भारत का ही पक्ष कमजोर करने में विरोधी […]

अंतरराष्ट्रीय कोर्ट में कुलभूषण जाधव के केस की सुनवाई चल रही है. विपक्षी वकील ने विरोध में अपनी दलील रखते हुए भारत के ही तीन पत्रकारों के लेखों का जिक्र किया.
इन लेखों में कुलभूषण जाधव के बारे में ऐसी बातें लिखी गयी थीं, जिसने कोर्ट में भारत का ही पक्ष कमजोर करने में विरोधी वकील की सहायता की. हम बाहरी ताकतों से मजबूती से लड़ रहे हैं, जबकि अंदर की ताकतें ही हमें कमजोर बना रही हैं. इन ताकतों से पूरी शक्ति से लड़ने की ज्यादा जरूरत है.
बाहरी ताकतों से हम तब तक नहीं लड़ सकेंगे, जब तक कि भीतरी ताकतें हमें कमजोर करती रहेंगी. हम अंदर से मजबूत रहेंगे, तभी किसी भी बाहरी ताकत का मुकाबला कर सकेंगे. बुद्धिजीवी वर्ग हर तरह से विचार व्यक्त करे, लेकिन राष्ट्र हित में ऐसी कोई भी बात न बोले, न लिखे, जिसका उपयोग भारत के विरुद्ध किया जा सके.
सीमा साही, बोकारो

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