मध्य प्रदेश में कौन होगा बीजेपी का सीएम पद का उम्मीदवार? आंतरिक कलह पर क्या बोले शिवराज

मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने दावा किया है कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) आगामी विधानसभा चुनावों के लिए एकजुट होकर काम कर रही है और पार्टी के भीतर कोई ‘आंतरिक कलह’ नहीं है.

मध्य प्रदेश में साल के आखिर में विधानसभा चुनाव होना है. इसको लेकर बीजेपी और कांग्रेस सहित तमाम पार्टियों ने कमर कस ली है. इधर खबर है कि मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार को लेकर बीजेपी में आंतरिक कलह शुरू हो गयी है. हालांकि मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने इस तरह की खबर का खंडन किया है.

पार्टी के अंदर कोई आंतरिक कलह नहीं : शिवराज

मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने दावा किया है कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) आगामी विधानसभा चुनावों के लिए एकजुट होकर काम कर रही है और पार्टी के भीतर कोई ‘आंतरिक कलह’ नहीं है. ज्योतिरादित्य सिंधिया के 2020 में भाजपा में शामिल होने का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा, सिंधिया जी के साथ आए लोग दूध में चीनी की तरह हमारी पार्टी में मिल गए हैं. मुझे यह कहते हुए खुशी हो रही है कि भाजपा मध्य प्रदेश में एकजुट होकर काम कर रही है.

भाजपा बंटी हुई है या नहीं, इस सवाल के जवाब में क्या बोले शिवराज

मध्य प्रदेश में भाजपा बंटी हुई है या नहीं, इस सवाल के जवाब में शिवराज सिंह चौहान ने कहा, बेशक, नेता अपनी प्राथमिकताओं के अनुसार अलग-अलग काम करते हैं. यहां तक कि एक परिवार में दो भाइयों के काम करने का तरीका भी अलग-अलग होता है.

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पार्टी तय करेगी मध्य प्रदेश में मुख्यमंत्री पद का उम्मीदवार

टीवी शो ‘आप की अदालत’ कार्यक्रम में सवालों का जवाब देते हुए चौहान ने कहा कि उनकी पार्टी इस साल के अंत में होने वाले विधानसभा चुनाव के लिए मुख्यमंत्री पद का उम्मीदवार तय करेगी. पार्टी मुख्यमंत्री बनाएगी. जनता मुख्यमंत्री बनाएगी. बातचीत के दौरान चौहान ने बताया कि कैसे उन्हें 2005 में मुख्यमंत्री बनाया गया था, जब वह संसद सदस्य थे और दिल्ली में रहते थे.

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शिवराज ने बताया, क्यों बने मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री

शिवराज सिंह चौहान ने कहा, मैं मुख्यमंत्री इसलिए बना, क्योंकि पार्टी चाहती थी और मुझे लोगों का आशीर्वाद प्राप्त था. 2005 में, जब मैं पहली बार मुख्यमंत्री बना, तो मुझे नहीं पता था कि मुझे चुना गया है. भाजपा संसदीय बोर्ड की बैठक हो रही थी और मैं सांसद के तौर पर दिल्ली के पंडित पंत मार्ग स्थित आवास में था. उन्होंने याद करते हुए कहा, अचानक मेरी पत्नी ने मुझे जगाया और बताया कि टीवी चैनल ब्रेकिंग न्यूज चला रहे हैं कि मुझे मुख्यमंत्री चुना गया है. मैंने उससे कहा कि दिन में सपने देखना छोड़ दो. इसके तुरंत बाद, दरवाजे की घंटी बजी और भूपेंद्र सिंह हुड्डा मुझे बधाई देने के लिए खड़े थे. वह मेरे पड़ोसी थे. चौहान ने कहा कि इसके तुरंत बाद भाजपा के संगठन सचिव का फोन आया और ‘उन्होंने मुझे तत्काल कार्यालय आने को कहा, जहां मुझे बताया गया कि मुझे मुख्यमंत्री की जिम्मेदारी दी गई है’.

मध्य प्रदेश इकाई के तीन गुट, ‘नाराज’, ‘महाराज’ और ‘शिवराज’

भाजपा की मध्य प्रदेश इकाई के तीन गुटों- ‘नाराज’, ‘महाराज’ (ग्वालियर के शाही परिवार के वंशज सिंधिया) और ‘शिवराज’ की अटकलों के बारे में पूछे जाने पर मुख्यमंत्री ने कहा, कांग्रेस के साथ दिक्कत यह है कि जब हमारी पार्टी मिलकर काम करती है, तो उनकी रातों की नींद भी उड़ जाती है. उन्होंने कहा, उनके सपने में भी हम दिखाई देते हैं. जैसे बैल को लाल कपड़े दिखाओ तो वह भड़क जाता है, वैसे ही सपने में भी…कमलनाथ और दिग्विजय सिंह…नींद में भी कई बार ‘शिवराज, शिवराज, शिवराज’ चिल्लाते हैं. चौहान ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अद्वितीय नेता हैं और भारत को विश्वगुरु बनने से कोई नहीं रोक सकता.

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लेखक के बारे में

अरबिंद कुमार मिश्रा वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल में एक अनुभवी पत्रकार के रूप में कार्यरत हैं. अप्रैल 2011 से संस्थान का हिस्सा रहे अरबिंद के पास पत्रकारिता के क्षेत्र में बतौर रिपोर्टर और डेस्क एडिटर 15 वर्षों से अधिक का अनुभव है. वर्तमान में वह नेशनल और इंटरनेशनल डेस्क की जिम्मेदारी संभालने के साथ-साथ एक पूरी शिफ्ट का नेतृत्व (Shift Lead) भी कर रहे हैं. विशेषज्ञता और अनुभव अरबिंद की लेखनी में खबरों की गहराई और स्पष्टता है. उनकी मुख्य विशेषज्ञता इन क्षेत्रों में है. राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय मामले: वैश्विक राजनीति और देश की बड़ी घटनाओं पर पैनी नजर. खेल पत्रकारिता: झारखंड में आयोजित 34वें नेशनल गेम्स से लेकर JSCA स्टेडियम में हुए कई अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट मैचों की ग्राउंड रिपोर्टिंग का अनुभव. झारखंड की संस्कृति: राज्य की कला, संस्कृति और जनजातीय समुदायों की समस्याओं और उनकी जीवनशैली पर विशेष स्टोरीज. पंचायतनामा: ग्रामीण विकास और जमीनी मुद्दों पर 'पंचायतनामा' के लिए विशेष ग्राउंड रिपोर्टिंग. करियर का सफर प्रभात खबर डिजिटल से अपने करियर की शुरुआत करने वाले अरबिंद ने पत्रकारिता के हर आयाम को बखूबी जिया है. डिजिटल मीडिया की बारीकियों को समझने से पहले उन्होंने आकाशवाणी (All India Radio) और दूरदर्शन जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में एंकरिंग के जरिए अपनी आवाज और व्यक्तित्व की छाप छोड़ी है. शिक्षा और योग्यता UGC NET: अरबिंद मिश्रा ने यूजीसी नेट (UGC NET) उत्तीर्ण की है. मास्टर्स (MA): रांची यूनिवर्सिटी के जनजातीय एवं क्षेत्रीय भाषा विभाग से एमए की डिग्री. ग्रेजुएशन: रांची यूनिवर्सिटी से ही मास कम्युनिकेशन एंड जर्नलिज्म में स्नातक.

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