कोलकाता/नयी दिल्ली : भारत के सर्वोच्च न्यायालय ने पश्चिम बंगाल समेत कई राज्यों को शुक्रवार (11 सितंबर, 2020) को नोटिस जारी किया. सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार की ओर से संचालित ‘आयुष्मान भारत योजना’ को अपने राज्य में लागू नहीं करने के लिए वहां की सरकारों को नोटिस जारी किया है.
सुप्रीम कोर्ट ने नोटिस जारी करके पश्चिम बंगाल, ओड़िशा, तेलंगाना और दिल्ली सरकार से जवाब मांगा है. एक याचिका पर सुनवाई करते हुए सुप्रीम कोर्ट ने इन राज्यों को नोटिस जारी किया. याचिकाकर्ता ने अपनी याचिका में कहा है कि देश के इन चार राज्यों में स्वास्थ्य से जुड़ी इस योजना का लाभ लोगों को नहीं मिल रहा है.
राज्य सरकारों ने चूंकि आयुष्मान भारत योजना को लागू नहीं किया है, इन राज्यों के गरीब तबके के लोगों को 5 लाख रुपये तक की चिकित्सा सहायता से वंचित होना पड़ रहा है. आयुष्मान भारत योजना के तहत केंद्र सरकार गरीब परिवारों को 5 लाख रुपये तक का स्वास्थ्य बीमा मुहैया कराती है.
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आयुष्मान भारत योजना के तहत मिलने वाले गोल्डेन कार्ड की मदद से लोग देश के किसी भी अस्पताल में अपना इलाज करवा सकते हैं. उनके इलाज पर आने वाला 5 लाख रुपये तक का खर्च बीमा कंपनियां वहन करती हैं. इसका कोई प्रीमियम गोल्डेन कार्ड धारी को नहीं चुकाना होता है.
केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार ने इस योजना को शुरू किया था और पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने अपने राज्य में इस योजना को लागू करने से साफ इनकार कर दिया था. ओड़िशा, तेलंगाना और दिल्ली में भी यह योजना अब तक लागू नहीं हुई है. इसके खिलाफ एक याचिका दाखिल की गयी है, जिस पर सुनवाई के बाद इन राज्यों को नोटिस जारी किया गया.
Posted By : Mithilesh Jha
