राहुल गांधी का हमला, कहा- छात्रों को प्रधानमंत्री की माफी की जरूरत नहीं, मोदी जी को माफी मांगनी चाहिए

लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने पेपर लीक के मुद्दों को लेकर केंद्र सरकार पर हमला बोला है. शनिवार को X पर एक भावुक पोस्ट साझा करते हुए राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की आलोचना की. उन पर पेपर लीक से प्रभावित छात्रों और उनके परिजनों के प्रति उदासीन रहने का आरोप लगाया.

कांग्रेस नेता ने पेपर लीक के कारण आत्महत्या करने वाले या मानसिक तनाव झेल रहे युवाओं के परिवारों का दर्द साझा करते हुए लिखा, "जिन माता-पिता ने अपने बच्चों को खो दिया है, उनके आंसू और विलाप से बड़ा कोई दुख नहीं हो सकता. यह दर्द ताउम्र उनके साथ रहेगा और इसके साथ ही देश के इस टूटे-फूटे और भ्रष्ट शिक्षा तंत्र पर गंभीर सवाल बने रहेंगे."

"पेपर लीक, रद्द होती परीक्षाएं और एक पल में बर्बाद होती सालों की तैयारी. हमारे छात्रों से ऐसे सिस्टम में ईमानदारी की उम्मीद की जाती है जो खुद बेईमान हो चुका है. भारत के युवाओं को पीएम की माफी की जरूरत नहीं है, बल्कि प्रधानमंत्री मोदी को उनसे माफी मांगनी चाहिए." - राहुल गांधी

पीएम मोदी के रवैये पर उठाए सवाल

प्रधानमंत्री के बयानों पर तंज कसते हुए नेता प्रतिपक्ष ने पूछा, क्या पीएम कभी किसी ऐसे पीड़ित परिवार से मिले हैं? जिसने पेपर लीक और धांधली के कारण अपना बच्चा या अपनी जिंदगी भर की कमाई खो दी हो. उन्होंने दावा किया कि इसका जवाब 'नहीं' है.

युवा की जान जाने से पूरा परिवार दर्द सहता है : राहुल गांधी

राहुल गांधी ने कहा कि किसी भी युवा की जान जाने के पीछे एक पूरा परिवार होता है जो कभी न खत्म होने वाला दर्द सहता है. उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार युवाओं के भविष्य, समय और उनके सपनों को छीनने वाले इस लचर ढर्रे को सुधारने में पूरी तरह नाकाम साबित हुई है.


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लेखक के बारे में

By अरबिंद कुमार मिश्रा

अरबिंद कुमार मिश्रा मुख्यधारा की पत्रकारिता में 15 वर्षों से अधिक का अनुभव रखने वाले एक वरिष्ठ पत्रकार और लेखक हैं. वर्तमान में, वह प्रभात खबर डॉट कॉम (Prabhat Khabar) में सीनियर कंटेंट राइटर के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे हैं. अरबिंद नेशनल, इंटरनेशनल और स्पोर्ट्स कैटेगरी में अपनी लेखनी के लिए जाने जाते हैं. गहरी रिसर्च पर आधारित स्पेशल स्टोरीज, रिपोर्टिंग और जटिल मुद्दों पर आसान भाषा में 'एक्सप्लेनर' लिखना उनकी मुख्य यूएसपी (USP) है.

झारखंड की समृद्ध संस्कृति और लोक परंपराओं में उनकी गहरी रुचि है. अपनी उत्कृष्ट और सरोकार से जुड़ी रिपोर्टिंग के लिए उन्हें संस्थान स्तर पर कई बार सम्मानित और पुरस्कृत भी किया जा चुका है.

करियर का सफरनामा

अरबिंद ने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत देश की प्रतिष्ठित बहुभाषी न्यूज एजेंसी 'हिंदुस्थान समाचार' से बतौर रिपोर्टर की थी. इसके बाद उन्होंने प्रसार भारती के अंग दूरदर्शन और आकाशवाणी के साथ भी काम किया, जहां उन्होंने एंकरिंग, वॉइस-ओवर और रिपोर्टिंग के गुर सीखे. साल 2011 में वह 'प्रभात खबर डॉट कॉम' से जुड़े और तब से लगातार डिजिटल पत्रकारिता के क्षेत्र में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं.

प्रमुख उपलब्धियां और ग्राउंड रिपोर्टिंग

खेल पत्रकारिता और जमीनी रिपोर्टिंग में अरबिंद का योगदान उल्लेखनीय रहा है. उनकी कुछ सबसे बड़ी उपलब्धियों में शामिल हैं:

34वें राष्ट्रीय खेल: झारखंड में आयोजित ऐतिहासिक 34वें नेशनल गेम्स की बेहतरीन और व्यापक ग्राउंड रिपोर्टिंग.

अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट: रांची के जेएससीए (JSCA) स्टेडियम में आयोजित कई इंटरनेशनल क्रिकेट मैचों को करीब से कवर किया.

पुरुष हॉकी वर्ल्ड कप (2018): भुवनेश्वर में आयोजित वर्ल्ड कप के फाइनल मुकाबले की शानदार स्पोर्ट्स रिपोर्टिंग.

पंचायतनामा: प्रभात खबर के इस खास विंग के लिए ग्रामीण इलाकों का दौरा कर कई प्रेरक 'सक्सेस स्टोरीज' लिखीं.

शैक्षणिक योग्यता (Education & Credentials)

UGC NET: साल 2019 में यूजीसी नेट (UGC NET) की परीक्षा उत्तीर्ण की.

बैचलर ऑफ जर्नलिज्म (BJMC): रांची विश्वविद्यालय से साल 2011 में पत्रकारिता में स्नातक की डिग्री हासिल की.

एम.ए. (नागपुरी भाषा): रांची विश्वविद्यालय के 'जनजातीय एवं क्षेत्रीय भाषा विभाग' से साल 2009 में नागपुरी भाषा में स्नातकोत्तर (MA) की डिग्री हासिल की.

लेखन शैली और विशेषज्ञता: एक्सप्लेनर, रिसर्च बेस्ड स्टोरीज, स्पोर्ट्स जर्नलिज्म, इंटरनेशनल अफेयर्स और झारखंड की लोक-संस्कृति.

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