Lok Sabha Election 2024 : राहुल गांधी ने कहा- पहले चुनाव में बहुमत, फिर तय होगा इंडिया गठबंधन का पीएम कैंडिडेट

कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने आज कहा कि लोकसभा चुनाव 2024 विचारधारा की लड़ाई है. यह संविधान को बचाने की जंग है.

इंडिया गंठबंधन में पीएम पद का चेहरा कौन होगा इसका फैसला घटक के सभी दल चुनाव के बाद ही करेंगे. उक्त बातें कांग्रेस के वरिष्ठ नेता राहुल गांधी ने आज कही. आज दिल्ली में कांग्रेस का घोषणा पत्र जारी किया गया है, उसी मौके पर राहुल गांधी ने चुनाव और पीएम पद के चेहरे को लेकर मीडिया से बात की.

लोकसभा चुनाव 2024 विचारधारा की लड़ाई

राहुल गांधी ने कहा कि इंडिया गठबंधन में 27 पार्टियां शामिल हैं और वे सभी इस मुद्दे पर विचार करके फैसला करेंगे. उन्होंने क��ा कि लोकसभा चुनाव 2024 विचारधारा की लड़ाई है, इसलिए हम सभी बातों को दरकिनार कर अभी चुनाव पर फोकस कर रहे हैं. ज्ञात हो कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उनकी पार्टी केंद्र में अपने शासन का दूसरा कार्यकाल पूरा कर रही है और उन्हें शासन में तीसरी बार आने से रोकने के लिए विपक्षी पार्टियां एकजुट हुई हैं. पिछले साल दिसंबर के महीने में इंडिया गठबंधन की बैठक के दौरान बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कांग्रेस नेता मल्लिकार्जुन खरगे का नाम सुझाया था. लेकिन उस वक्त खरगे ने यह कहा कि इंडिया गठबंधन के लिए जरूरी यह है कि वो पहले बहुमत प्राप्त करे ताकि पीएम पद पर उसकी दावेदारी हो सके.

चुनाव के बाद लोगों को इंडिया शाइनिंग की याद आएंगी

राहुल गांधी ने दावा किया कि चुनाव को लेकर मीडिया में जिस तरह की बातें कही जा रही हैं चुनावी आंकड़े उससे अलग होंगे और मुकाबला काफी करीबी होगा. उन्होंने कहा कि आजकल तो हर मीडिया सर्वे में बीजेपी की जीत को पक्का बताया जा रहा है. राहुल गांधी ने कहा कि 2004 में भी इसी तरह इंडिया शाइनिंग का नारा दिया गया था, लेकिन हुआ क्या यह सबको पता है.लोकसभा चुनाव 2024 के लिए पहले चरण का मतदान इस बार 19 अप्रैल को होना है, कुल सात चरण में मतदान होंगे. बीजेपी ने इस बार अपने गठबंधन के साथ 400 सीटों पर जीत का दावा किया है, वहीं कांग्रेस उनके दावे पर सवाल उठा रही है.

Also Read : BJP on Congress Manifesto: कांग्रेस के घोषणापत्र में न्यूयॉर्क, थाईलैंड की तस्वीरें, BJP ने किया हमला, कहा- घोषणापत्र झूठ का पुलिंदा

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Published by: Rajneesh anand

रजनीश आनंद प्रभात खबर में सीनियर चीफ कंटेंट राइटर के पद पर कार्यरत हैं और पत्रकारिता के क्षेत्र में 25 वर्षों से अधिक का अनुभव रखती हैं.फिलहाल वे प्रभात खबर के ओरिजिनल, नेशनल, इंटरनेशनल और खेल कैटेगरी के लिए राइटिंग का काम करती हैं. उनकी पहचान फैक्ट बेस्ट रिपोर्टिंग, रिसर्च बेस्ड स्टोरी और एक्सप्लेनर लेखन के लिए है.

राजनीति, सामाजिक सरोकार, ग्रामीण विकास, महिला मुद्दों, इतिहास, खेल, जनजातीय समाज और सार्वजनिक नीतियों से जुड़े विषयों पर उनकी विशेष रुचि रही है. वैसे मुद्दे जो समाज के हाशिये पर मौजूद समुदायों और आम लोगों के जीवन को प्रभावित करते हैं, लेकिन मुख्यधारा की बहस में अपेक्षाकृत कम जगह पाते हैं, ऐसे विषयों पर भी लेखन में रुचि रखती हैं.

रजनीश आनंद कई प्रतिष्ठित पत्रकारिता फेलोशिप से जुड़ी रही हैं. इन्क्लूसिव मीडिया–यूएनडीपी फेलोशिप के तहत उन्होंने झारखंड के पश्चिमी सिंहभूम (चाईबासा) जिले में माहवारी स्वच्छता और किशोरियों एवं महिलाओं के स्वास्थ्य संबंधी चुनौतियों पर अध्ययन एवं रिपोर्टिंग की. झारखंड सरकार मीडिया फेलोशिप के दौरान महिला सशक्तिकरण, सरकारी योजनाओं के प्रभाव और सामाजिक बदलाव के विभिन्न आयामों पर काम किया. इसके अलावा सेव द चिल्ड्रन फेलोशिप के तहत बच्चों के अधिकार, शिक्षा, सुरक्षा और बाल कल्याण से जुड़े मुद्दों पर गहन रिपोर्टिंग की है.

आदिवासी समाज, विशेषकर मुंडा जनजाति के इतिहास, संस्कृति और समकालीन चुनौतियों पर उनका काम उल्लेखनीय माना जाता है. उन्होंने भूमि, पहचान, परंपरा, सामाजिक बदलाव और आदिवासी समुदायों के अधिकारों से जुड़े विषयों पर व्यापक फील्ड रिपोर्टिंग की है.हाल के वर्षों में उन्होंने झारखंड में ऊर्जा संक्रमण (Energy Transition) और जस्ट ट्रांजिशन की अवधारणा पर भी काम किया है. विशेष रूप से कोयला आधारित अर्थव्यवस्था वाले क्षेत्रों में रोजगार, आजीविका और सामाजिक प्रभावों से जुड़ी चुनौतियों पर उनकी रिपोर्टिंग ने महत्वपूर्ण सवाल उठाए हैं.

रजनीश आनंद झारखंड की राजधानी रांची में रहती हैं और इलाहाबाद विश्वविद्यालय से स्नातक हैं. उन्होंने वर्ष 2000 में पत्रकारिता की शुरुआत झारखंड जागरण दैनिक से की. इसके बाद प्रभात खबर, हिंदुस्तान, रांची एक्सप्रेस और दैनिक जागरण सहित कई प्रमुख समाचार संस्थानों के लिए रिपोर्टिंग और स्वतंत्र लेखन किया. प्रिंट मीडिया के दैनिक, साप्ताहिक, पाक्षिक और सांध्य प्रकाशनों में काम करने के साथ-साथ वे वर्ष 2012 से डिजिटल पत्रकारिता में सक्रिय हैं.

और पढ़ें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >