One Nation One Election: एक देश, एक चुनाव को मोदी कैबिनेट की मंजूरी, देखें किसने क्या कहा?

One Nation One Election: वन नेशन वन इलेक्शन को केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार ने हरी झंडी दिखा दी है. केंद्रीय कैबिनेट ने अपनी मंजूरी दे दी. जिसके बाद राजनीति तेज हो गई है. विपक्ष सरकार पर हमलावर है. आइये जानते हैं किसने क्या कहा?

One Nation One Election: केंद्रीय मंत्रिमंडल ने ‘एक राष्ट्र एक चुनाव’ विधेयक को अपनी मंजूरी दे दी है. जिसके बाद विपक्षी नेता लगातार मोदी सरकार पर हमला कर रहे हैं.

शिवसेना (यूबीटी) ने एक राष्ट्र एक चुनाव पर उठाया सवाल

शिवसेना (यूबीटी) नेता अनिल देसाई ने कहा, यह सही है कि एक राष्ट्र एक चुनाव हमारे देश और इसके विकास के लिए अच्छा है, लेकिन क्या चुनाव आयोग, प्रशासन और पुलिस में ऐसा करने की क्षमता है? हमारे पास उचित बुनियादी ढांचा भी नहीं है. यहां तक ​​कि झारखंड, महाराष्ट्र, हरियाणा और जम्मू-कश्मीर के विधानसभा चुनाव भी एक साथ नहीं हो सकते.

कांग्रेस सांसद सुरेश ने कहा, नहीं पता केंद्रीय कैबिनेट ने वन नेशन वन इलेक्शन को मंजूरी दे दी है

कांग्रेस सांसद के सुरेश ने कहा, “हमें नहीं पता कि कैबिनेट ने एक राष्ट्र एक चुनाव विधेयक को मंजूरी दी है, हमें इसके बारे में केवल मीडिया के माध्यम से पता चला है. अगर सरकार एक राष्ट्र एक चुनाव विधेयक पारित करना चाहती है, तो उन्हें सभी राजनीतिक दलों और राज्य सरकारों को भी आमंत्रित करना चाहिए क्योंकि यह एक राष्ट्रीय मुद्दा है. कुछ आम सहमति बननी चाहिए, लेकिन सरकार राज्यों और राजनीतिक दलों के साथ बिना किसी चर्चा के विधेयक पेश करने जा रही है. शुरू से ही, एक राष्ट्र एक चुनाव पर हमारा रुख स्पष्ट रहा है. सरकार को बताना चाहिए कि वे विधेयक क्यों लाना चाहते हैं.”

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आरजेडी सांसद मनोज झा ने वन नेशन वन इलेक्शन पर सरकार पर साधा निशाना

केंद्रीय मंत्रिमंडल द्वारा ‘एक राष्ट्र एक चुनाव’ विधेयक को मंजूरी दिए जाने पर आरजेडी सांसद मनोज झा ने कहा, “जेपीसी में खुली सलाह-मशविरा होता है, लेकिन यह सब तभी होता है जब हम दस्तावेज देखते हैं. दस्तावेज को पढ़ने के बाद इस पर विस्तृत चर्चा होनी चाहिए कि यह देश की प्राथमिकता में कहां आता है. क्या कुछ और मुद्दे हैं जो इससे भी ज्यादा महत्वपूर्ण हैं और जिन्हें सरकार ने ठंडे बस्ते में डाल दिया है? ताकि लोग प्रासंगिक सार्वजनिक मुद्दों पर सवाल न उठाएं.”

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लेखक के बारे में

अरबिंद कुमार मिश्रा वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल में एक अनुभवी पत्रकार के रूप में कार्यरत हैं. अप्रैल 2011 से संस्थान का हिस्सा रहे अरबिंद के पास पत्रकारिता के क्षेत्र में बतौर रिपोर्टर और डेस्क एडिटर 15 वर्षों से अधिक का अनुभव है. वर्तमान में वह नेशनल और इंटरनेशनल डेस्क की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं. विशेषज्ञता और अनुभव अरबिंद की लेखनी में खबरों की गहराई और स्पष्टता है. उनकी मुख्य विशेषज्ञता इन क्षेत्रों में है. राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय मामले: वैश्विक राजनीति और देश की बड़ी घटनाओं पर पैनी नजर. खेल पत्रकारिता: झारखंड में आयोजित 34वें नेशनल गेम्स से लेकर JSCA स्टेडियम में हुए कई अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट मैचों की ग्राउंड रिपोर्टिंग का अनुभव. झारखंड की संस्कृति: राज्य की कला, संस्कृति और जनजातीय समुदायों की समस्याओं और उनकी जीवनशैली पर विशेष स्टोरीज. पंचायतनामा: ग्रामीण विकास और जमीनी मुद्दों पर 'पंचायतनामा' के लिए विशेष ग्राउंड रिपोर्टिंग. करियर का सफर प्रभात खबर डिजिटल से अपने करियर की शुरुआत करने वाले अरबिंद ने पत्रकारिता के हर आयाम को बखूबी जिया है. डिजिटल मीडिया की बारीकियों को समझने से पहले उन्होंने आकाशवाणी (All India Radio) और दूरदर्शन जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में एंकरिंग के जरिए अपनी आवाज और व्यक्तित्व की छाप छोड़ी है. शिक्षा और योग्यता UGC NET: अरबिंद मिश्रा ने यूजीसी नेट (UGC NET) उत्तीर्ण की है. मास्टर्स (MA): रांची यूनिवर्सिटी के जनजातीय एवं क्षेत्रीय भाषा विभाग से एमए की डिग्री. ग्रेजुएशन: रांची यूनिवर्सिटी से ही मास कम्युनिकेशन एंड जर्नलिज्म में स्नातक.

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