दिल्ली के लुटियंस में कड़ी सुरक्षा के बीच नये संसद भवन का उद्घाटन, चप्पे-चप्पे पर सुरक्षा बल मौजूद

नए संसद भवन तक विरोध प्रदर्शन करने वाले पहलवानों के मार्च और किसानों को समर्थन को देखते हुए दिल्ली पुलिस ने गाजीपुर सीमा क्षेत्र के पास सुरक्षा कड़ी कर दी है. वहां धारा 144 भी लागू कर दी गई है. जंतर मंतर पर भी सुरक्षा के कड़े इंतजाम हैं.

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज यानी रविवार को नए संसद भवन का उद्घाटन किया. इस खास मौके पर दिल्ली को सुरक्षा के लिहाज से अभेद्य किले में तब्दील कर दिया गया. लुटियंस दिल्ली में हजारों पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया. पूरी दिल्ली में चाक चौबंद सुरक्षा के बीत पीएम मोदी ने नये संसद भवन का उद्घाटन किया. बता दें, संसद से लगभग दो किलोमीटर दूर जंतर-मंतर पर विरोध प्रदर्शन कर रहे पहलवानों ने कहा था कि वे किसी भी कीमत पर नए भवन के पास अपनी महिला महापंचायत करेंगे.

पुलिस ने नहीं दी महिला पंचायत करने की अनुमति हालांकि, प्रदर्शन कर रहे पहलवानों को नये संसद भवन पर महिला पंचायत करने की अनुमति पुलिस ने नहीं दी. पुलिस ने किसी भी प्रदर्शनकारी को संसद भवन की ओर नहीं जाने दिया. पहलवानों के विरोध को लेकर दिल्ली पुलिस के विशेष सीपी दीपेंद्र पाठक ने कहा कि हम नए संसद भवन के उद्घाटन में किसी भी चीज को बाधा नहीं बनने देंगे. उद्घाटन समारोह सुचारू रूप से हो यह सुनिश्चित करने के लिए पूरी दिल्ली पुलिस मुस्तैद है.

किसान कर रहे हैं पहलवानों का समर्थनः गौरतलब है कि किसान नेता राकेश टिकैत ने कहा कि उत्तर प्रदेश के हजारों किसान आज यानी रविवार को दिल्ली के गाजीपुर बॉर्डर पर इकट्ठा होंगे. टिकैत ने कहा कि इसके बाद प्रदर्शनकारी पहलवानों को समर्थन देने के लिए किसान दिल्ली में प्रवेश करेंगे. किसान अन्य सीमा बिंदुओं से भी दिल्ली में प्रवेश करेंगे. इधर, नए संसद भवन तक विरोध प्रदर्शन करने वाले पहलवानों के मार्च और किसानों को समर्थन को देखते हुए दिल्ली पुलिस ने गाजीपुर सीमा क्षेत्र के पास सुरक्षा कड़ी कर दी है. वहां धारा 144 भी लागू कर दी गई है.


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कुश्ती महासंघ के अध्यक्ष बृज भूषण सिंह की गिरफ्तारी की मांगः गौरतलब है कि जंतर मंतर पर प्रदर्शन कर रहे पहलवानों ने भारतीय कुश्ती महासंघ के अध्यक्ष बृज भूषण सिंह की गिरफ्तारी की मांग की है. सिंह पर कई महिला पहलवानों का यौन उत्पीड़न करने का आरोप लगाया गया है. इसी को लेकर पहलवान आज नयी संसद भवन के सामने महिला पंचायत लगाने की जिद पर अड़े हैं.
भाषा इनपुट से साभार

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Author: Pritish Sahay

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