नयी दिल्ली: विदेशों से भारत आने वालों के लिए भारत सरकार ने एक नयी गाइडलाइन जारी कर दी है. सरकार ने कहा है कि इंटरनेशनल पैसेंजर्स को अब भारत आने पर निगेटिव RT-PCR रिपोर्ट देना होगा. स्वास्थ्य मंत्रालय ने बुधवार को यह जानकारी दी. स्वास्थ्य मंत्रालय की ओर से जारी गाइडलाइन में कहा गया है कि विदेशों से आने वाले यात्रियों को घोषणा करनी होगी, जिसमें बताना होगा कि वे कोरोना से संक्रमित नहीं हैं.
स्वास्थ्य मंत्रालय की गाइडलाइन में कहा गया है कि विदेशों से आने वाले सभी यात्रियों को अब स्वघोषित फॉर्म के साथ आरटी-पीसीआर टेस्ट रिपोर्ट अपलोड करना होगा. साथ ही एयरलाइंस कंपनियों को सुनिश्चित करना होगा कि कोई भी यात्री बिना निगेटिव आरटी-पीसीआर रिपोर्ट के विमान में सवार न हो सके.
स्वास्थ्य मंत्रालय की ओर से जारी गाइडलाइन में कहा गया है कि जिन देशों में कोरोना अब भी खत्म नहीं हुआ है, उन देशों से आने वाले लोगों का पूरी तरह से वैक्सीनेटेड होना अनिवार्य है. ऐसे लोग अगर भारत आते हैं, तो उन्हें 14 दिन तक निगरानी में रहना होगा.
यदि वैक्सीन की डोज नहीं ली है या आधा-अधूरा वैक्सीनेशन हुआ है, तो उन्हें भारत में आने के बाद कोरोना का टेस्ट कराना होगा. 7 दिन के लिए होम कोरेंटिन में रहना होगा. भारत में आने के आठवें दिन फिर से कोरोना टेस्ट कराना होगा. अगर रिपोर्ट निगेटिव आती है, तो उसके बाद उसे 7 दिन तक अपने ही घर में निगरानी में रहना होगा.
बाकी देशों से आने वाले यात्रियों के लिए भी उपरोक्त गाइडलाइन यानी आने के बाद कोरोना टेस्ट, 7 दिन की होम कोरेंटिन, 8वें दिन फिर से कोरोना टेस्ट और उसके बाद 7 दिन तक सेल्फ-हेल्थ मॉनिटरिंग में रहना होगा.
गाइडलाइन में यह भी कहा गया है कि वैसे देशों, जहां कोरोना का खतरा नहीं है, से आने वाले यात्रियों, जिसमें केटेगरी A देश और शेष देश शामिल हैं, को आने के बाद 14 दिन तक सेल्फ हेल्थ मॉनिटरिंग में रहना होगा.
इन 14 दिनों में अगर कोरोना का कोई लक्षण दिखता है या टेस्ट में पॉजिटिव पाया जाता है, तो उसे फिर से टेस्ट करवाना होगा. ऐसे यात्रियों को तत्काल पास के स्वास्थ्य केंद्रों को सूचित करना होगा या राष्ट्रीय हेल्पलाइन नंबर 1075 या राज्य हेलपलाइन नंबर से संपर्क करना होगा.
Posted By: Mithilesh Jha
