पश्चिम रेलवे के अनुसार, यात्रियों की सुरक्षा को सर्वोपरि रखते हुए ट्रेनों की आवाजाही को नियंत्रित किया जा रहा है. रेलवे अधिकारियों और इंजीनियरिंग टीमों को संवेदनशील स्थलों पर तैनात किया गया है. अधिकारियों का कहना है कि जलस्तर घटने और ट्रैक सुरक्षित पाए जाने पर ही सेवाओं को पूरी तरह बहाल किया जाएगा.
- उमरगाम रोड और घोलवड: यहां स्थित पुल संख्या-203 पर नदी का पानी खतरे के निशान तक पहुंचने के कारण सुबह 4:43 बजे रेल यातायात पूरी तरह रोक दिया गया था. जलस्तर में मामूली सुधार के बाद सुबह 6:50 बजे परिचालन शुरू तो किया गया, लेकिन ट्रेनों को 15 किमी/घंटा की कॉशन स्पीड (धीमी गति) से निकाला जा रहा है.
- संजान यार्ड: पुल संख्या-230 पर बाढ़ का पानी खतरे के निशान से ऊपर जाने के कारण सुबह 6:45 बजे से परिचालन अस्थायी रूप से बंद कर दिया गया.
- उदवाडा और वापी: पुल संख्या-284 पर जलस्तर बढ़ने के कारण सुबह लगभग 7:05 बजे से ट्रेन सेवाएं रोक दी गईं.
पालघर में जलप्रलय, स्कूल बंद और बचाव कार्य जारी
महाराष्ट्र के पालघर जिले में रातभर हुई रिकॉर्ड बारिश के कारण कई कस्बों और गांवों में बाढ़ जैसे हालात बन गए हैं. सैकड़ों लोग जलभराव में फंस गए हैं, जिन्हें निकालने के लिए प्रशासन ने राहत एवं बचाव अभियान तेज कर दिया है. स्थिति की गंभीरता को देखते हुए स्थानीय प्रशासन ने गुरुवार को जिले के सभी स्कूलों में छुट्टी घोषित कर दी है.
आईएमडी ने भारी बाारिश का रेड अलर्ट जारी किया, तूफान की भी संभावना
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने भारी बारिश की चेतावनी जारी करते हुए 'रेड अलर्ट' घोषित किया है. मौसम विभाग के अनुसार, आने वाले घंटों में 60 से 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तूफानी हवाएं चलने और भीषण बारिश होने की संभावना है.
