Maharashtra Civic Poll : बिना वोटिंग महायुति की बड़ी जीत, आखिर कैसे हुआ ये जानें

Maharashtra Civic Poll : मनसे के नेता अविनाश जाधव ने कहा कि अगर आप मतदान से पहले ही चुनाव जीतना चाहते हैं तो चुनाव क्यों करवाते हैं? दोनों सत्ताधारी दलों को आपस में ही चुनाव की सीट बांट लेनी चाहिए. भारत और राज्य में लोकतंत्र का अंत हो चुका है. उन्होंने विपक्ष के कमजोर उम्मीदवारों को चुनकर अपना काम करवा लिया.

Maharashtra Civic Poll : महाराष्ट्र में 29 नगर निगमों के अहम चुनावों में महायुति गठबंधन की तीन प्रमुख सत्तारूढ़ पार्टियों के 68 उम्मीदवार निर्विरोध चुने जा सकते हैं. वहीं मालेगांव में इस्लाम पार्टी का एक उम्मीदवार भी निर्विरोध निर्वाचित होने की स्थिति में है, जिससे कुल संख्या 69 हो सकती है. इस बहुकोणीय मुकाबले में कुल 2,869 सीटों पर चुनाव हो रहा है. इनमें 44 बीजेपी उम्मीदवार, 22 शिवसेना उम्मीदवार, 2 एनसीपी उम्मीदवार और मालेगांव में इस्लाम पार्टी का 1 उम्मीदवार निर्विरोध हैं, यानी इनके खिलाफ कोई प्रतिद्वंद्वी मैदान में नहीं है.

डराया-धमकाया नामांकन वापस कराए गए, विपक्ष का आरोप

यह संख्या शुक्रवार को नामांकन वापसी के आखिरी दिन पुष्टि हुई. विपक्षी दलों ने आरोप लगाया है कि सत्तारूढ़ बीजेपी, शिवसेना और एनसीपी ने प्रतिद्वंद्वी उम्मीदवारों को डराया-धमकाया या लालच देकर आखिरी समय में उनके नामांकन वापस कराए. अभूतपूर्व संख्या में उम्मीदवारों के निर्विरोध होने के मामले को देखते हुए राज्य निर्वाचन आयोग (SEC) ने रिटर्निंग अधिकारियों को जांच पूरी होने तक इन वार्डों में विजेताओं की घोषणा नहीं करने के निर्देश दिए हैं.

महायुति क्यों है खुश?

बृहन्मुंबई महानगरपालिका (बीएमसी) के चुनाव में बीजेपी और उसके महायुति गठबंधन के सहयोगियों ने 68 सीट निर्विरोध जीत ली हैं. बीजेपी नेता केशव उपाध्याय ने कहा कि राज्य भर में बीजेपी और महायुति के 68 उम्मीदवार निर्विरोध निर्वाचित हुए हैं, जो शहरी स्थानीय निकायों में पार्टी की बढ़ती ताकत को दर्शाता है. निर्विरोध निर्वाचित उम्मीदवारों में बीजेपी के 44 उम्मीदवार शामिल हैं, जिनमें सबसे अधिक संख्या ठाणे जिले के कल्याण-डोंबिवली नगर निगम से है. इसके बाद पुणे, पिंपरी चिंचवाड़, पनवेल, भिवंडी, धुले, जलगांव और अहिल्यानगर हैं.

संजय राउत ने क्या कहा

इस बीच, शिवसेना (UBT) और महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना ने शुक्रवार को सत्ताधारी दल पर आरोप लगाया कि वह विपक्षी उम्मीदवारों को 15 जनवरी को होने वाले नगर निगम चुनावों से पीछे हटने के लिए पैसों का इस्तेमाल कर रही है और उन्हें धमकी दे रही हैं. संजय राउत ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर एक पोस्ट शेयर किया. इसमें उन्होंने कहा कि निर्वाचन अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि नामांकन वापसी के लिए देर रात आने वाले उम्मीदवारों का आवेदन भी स्वीकार किया जाए.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Author: Amitabh Kumar

अमिताभ कुमार झारखंड की राजधानी रांची के रहने वाले हैं और पिछले कई वर्षों से पत्रकारिता की दुनिया में सक्रिय हैं. डिजिटल न्यूज में अच्छी पकड़ है और तेजी के साथ सटीक व भरोसेमंद खबरें लिखने के लिए जाने जाते हैं. वर्तमान में अमिताभ प्रभात खबर डिजिटल में नेशनल और वर्ल्ड न्यूज पर फोकस करते हैं और तथ्यों पर आधारित खबरों को प्राथमिकता देते हैं. हरे-भरे झारखंड की मिट्टी से जुड़े अमिताभ ने अपनी शुरुआती पढ़ाई जिला स्कूल रांची से पूरी की और फिर Ranchi University से ग्रेजुएशन के साथ पत्रकारिता की पढ़ाई की. पढ़ाई के दौरान ही साल 2011 में रांची में आयोजित नेशनल गेम को कवर करने का मौका मिला, जिसने पत्रकारिता के प्रति जुनून को और मजबूत किया.1 अप्रैल 2011 से प्रभात खबर से जुड़े और शुरुआत से ही डिजिटल पत्रकारिता में सक्रिय रहे. खबरों को आसान, रोचक और आम लोगों की भाषा में पेश करना इनकी खासियत है. डिजिटल के साथ-साथ प्रिंट के लिए भी कई अहम रिपोर्ट कीं. खासकर ‘पंचायतनामा’ के लिए गांवों में जाकर की गई ग्रामीण रिपोर्टिंग करियर का यादगार अनुभव है. प्रभात खबर से जुड़ने के बाद कई बड़े चुनाव कवर करने का अनुभव मिला. 2014, 2019 और 2024 के लोकसभा चुनाव के साथ-साथ झारखंड विधानसभा चुनावों (2014, 2019 और 2024) की भी ग्राउंड रिपोर्टिंग की है. चुनावी माहौल, जनता के मुद्दे और राजनीतिक हलचल को करीब से समझना रिपोर्टिंग की खास पहचान रही है.

Read More

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >