केदारनाथ पैदल मार्ग पर आया भारी मलबा, सोनप्रयाग से केदारनाथ धाम जाने वाला मार्ग अगले आदेश तक स्थगित

Kedarnath Dham Yatra: में मूसलाधार बारिश और खराब रास्ता के कारण केदारनाथ पैदल यात्रा फिलहाल रोक दी गई है. बताया जा रहा है कि बारिश के कारण जंगल चट्टी के पास गदेरा उफान के आने से भारी मात्रा में मलबा और पत्थर पैदल मार्ग पर जमा हो चुका है. वहीं रुद्रप्रयाग प्रशासन ने पैदल यात्रा पर भी फिलहाल रोक लगा दी है.

Kedarnath Dham Yatra: उत्तराखंड के केदारघाटी में मौसम में बदलाव के कारण केदारनाथ धाम की यात्रा काफी प्रभावित हुई है. लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के कारण कई इलाकों में मलबा और पत्थर गिर गया है. इसके कारण केदारधाम जाने जाने वाले मार्ग बाधित हो गया है. उत्तराखंड की रुद्रप्रयाग पुलिस ने ट्वीट कर कहा “जंगल चट्टी के पास खड्ड में मलबा और पत्थर गिरने से केदारनाथ धाम जाने वाला मार्ग क्षतिग्रस्त हो गया है. सोनप्रयाग से केदारनाथ धाम जाने वाले मार्ग को अगले आदेश तक स्थगित कर दिया गया है. पैदल मार्ग से यात्रा करने वाले श्रद्धालुओं, जिनमें सड़क क्षतिग्रस्त होने से पहले केदारनाथ धाम के लिए रवाना हो चुके श्रद्धालु भी शामिल हैं, की प्रभावी सुरक्षा सुनिश्चित की जा रही है.”

रुद्रप्रयाग पुलिस ने जारी किया यात्रा अपडेट

  • जंगल चट्टी के पास गधेरे में मलबा पत्थर आने पर केदारनाथ धाम जाने वाला पैदल मार्ग क्षतिग्रस्त हो गया है.
  • अगले आदेश तक सोनप्रयाग से केदारनाथ धाम जाने वाली पैदल यात्रा को स्थगित कर दिया गया है.
  • मार्ग क्षतिग्रस्त होने से पहले केदारनाथ धाम यात्रा के लिए निकल चुके श्रद्धालुओं सहित पैदल मार्ग में आवाजाही कर रहे श्रद्धालुओं की प्रभावी सुरक्षा की जा रही सुनिश्चित.
  • केदारनाथ धाम आ रहे श्रद्धालुओं से अपील है कि वे जहां पर हैं, वहीं पर सुरक्षित रहें तथा आस-पास के निकटवर्ती स्थलों पर होटल इत्यादि में स्टे करें.
  • इन इलाकों में आने वाले दिनों में भारी बारिश का अनुमान जताया गया है.
  • पुलिस ने कहा कि अपनी चारधाम यात्रा को मौसम पूर्वानुमान के अनुरूप ही करें प्लान और अपनी सुरक्षा का भी ध्यान रखें.

केदारनाथ के पास हुआ हेलीकॉप्टर दुर्घटनाग्रस्त

उत्तराखंड में केदारनाथ के पास रविवार को एक निजी कंपनी का हेलीकॉप्टर दुर्घटनाग्रस्त हो गया जिससे उसमें सवार छह श्रद्धालुओं समेत सात लोगों की मौत हो गयी. न्यूज एजेंसी पीटीआई के मुताबिक दुर्घटना गौरीकुंड के जंगलों के ऊपर हुई. इस दुर्घटना में मरने वालों में पायलट और एक शिशु भी शामिल है. रविवार सुबह करीब साढ़े पांच बजे आर्यन एविएशन के हेलीकॉप्टर ने केदारनाथ से गुप्तकाशी के लिए उड़ान भरी और अचानक यह दुर्घटनाग्रस्त हो गया. बताया जा रहा है कि खराब और दृश्यता कम होने की वजह से यह हादसा हुआ. रुद्रप्रयाग के जिला पर्यटन विकास अधिकारी एवं हेली सेवा के नोडल अधिकारी राहुल चौबे ने बताया कि हेलीकॉप्टर से संपर्क टूटने पर उसकी खोजबीन शुरू की गयी जिसके बाद दुर्घटना का पता चला.

आग की लपटों में घिरा हेलीकॉप्टर

घटनास्थल का एक वीडियो भी सोशल मीडिया में वायरल हो रहा है, जिसमें दिख रहा है कि दुर्घटनाग्रस्त हेलीकॉप्टर से आग की लपटें उठ रही  है.रुद्रप्रयाग जिले की पुलिस ने बताया कि मृतकों की पहचान महाराष्ट्र निवासी राजकुमार सुरेश जायसवाल, उनकी पत्नी श्रद्धा जायसवाल और बेटी काशी, उत्तर प्रदेश निवासी विनोद देवी, तुसथी सिंह विक्रम और  पायलट राजवीर सिंह चौहान के रूप में हुई है. प्रदेश के सीएम  ख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने हेलीकॉप्टर दुर्घटना को लेकर गहरा दुख जताया है. उन्होंने कहा कि राज्य आपदा प्रतिवादन बल सहित अन्य एजेंसियां राहत एवं बचाव कार्यों में लगे हैं. इससे पहले आठ मई को उत्तरकाशी जिले में गंगोत्री धाम जा रहा एक हेलीकॉप्टर दुर्घटनाग्रस्त हो गया था जिसमें छह लोगों की मौत हो गयी थी . 

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Author: Pritish Sahay

प्रीतीश सहाय, इन्हें इलेक्ट्रॉनिक और डिजिटल मीडिया इंडस्ट्री में 12 वर्षों से अधिक का अनुभव है. ये वर्तमान में प्रभात खबर डॉट कॉम के साथ डिजिटल कंटेंट प्रोड्यूसर के रूप में कार्यरत हैं. मीडिया जगत में अपने अनुभव के दौरान उन्होंने कई महत्वपूर्ण विषयों पर काम किया है और डिजिटल पत्रकारिता की बदलती दुनिया के साथ खुद को लगातार अपडेट रखा है. इनकी शिक्षा-दीक्षा झारखंड की राजधानी रांची में हुई है. संत जेवियर कॉलेज से ग्रेजुएट होने के बाद रांची यूनिवर्सिटी से पत्रकारिता की डिग्री हासिल की. इसके बाद लगातार मीडिया संस्थान से जुड़े रहे हैं. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत जी न्यूज से की थी. इसके बाद आजाद न्यूज, ईटीवी बिहार-झारखंड और न्यूज 11 में काम किया. साल 2018 से प्रभात खबर के साथ जुड़कर काम कर रहे हैं. प्रीतीश सहाय की रुचि मुख्य रूप से राजनीतिक खबरों, नेशनल और इंटरनेशनल इश्यू, स्पेस, साइंस और मौसम जैसे विषयों में रही है. समसामयिक घटनाओं को समझकर उसे सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचाने की इनकी हमेशा कोशिश रहती है. वे राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय राजनीति से जुड़े मुद्दों पर लगातार लेखन करते रहे हैं. इसके साथ ही विज्ञान और अंतरिक्ष से जुड़े विषयों पर भी लिखते हैं. डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में काम करते हुए उन्होंने कंटेंट प्लानिंग, न्यूज प्रोडक्शन, ट्रेंडिंग टॉपिक्स जैसे कई क्षेत्रों में काम किया है. तेजी से बदलते डिजिटल दौर में खबरों को सटीक, विश्वसनीय और आकर्षक तरीके से प्रस्तुत करना पत्रकारों के लिए चुनौती भी है और पेशा भी, इनकी कोशिश इन दोनों में तालमेल बनाते हुए बेहतर और सही आलेख प्रस्तुत करना है. वे सोशल मीडिया और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म की जरूरतों को समझते हुए कंटेंट तैयार करते हैं, जिससे पाठकों तक खबरें प्रभावी ढंग से पहुंच सकें. इंटरनेशनल विषयों में रुचि होने कारण देशों के आपसी संबंध, वार अफेयर जैसे मुद्दों पर लिखना पसंद है. इनकी लेखन शैली तथ्यों पर आधारित होने के साथ-साथ पाठकों को विषय की गहराई तक ले जाने का प्रयास करती है. वे हमेशा ऐसी खबरों और विषयों को प्राथमिकता देते हैं जो राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय लिहाज से महत्वपूर्ण हों. रूस यूक्रेन युद्ध, मिडिल ईस्ट संकट जैसे विषयों से लेकर देश की राजनीतिक हालात और चुनाव के दौरान अलग-अलग तरह से खबरों को पेश करते आए हैं.

Read More

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >