साइबर क्राइम के मामले में इन दिनों काफी तेजी से बढ़ रहे हैं. अपराधी अलग-अलग तरीके से लोगों को ठगी का शिकार बना रहे हैं. हालांकि दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल को बड़ी सफलता हासिल हुई है. दिल्ली पुलिस की साइबर क्राइम यूनिट (आईएफएसओ) ने साइबर क्रिमिनल्स के 3 गिरोहों का भंडाफोड़ किया.
बिहार, दिल्ली से चार राज्यों से 12 साइबर अपराधी गिरफ्तार
दिल्ली पुलिस की साइबर क्राइम यूनिट दिल्ली एनसीआर, मुंबई, वाराणसी और बिहार से 12 लोगों को धोखेबाजी के आरोप में गिरफ्तार किया.
ऐसे लोगों को ठगी का शिकार बनाते थे गिरफ्तार अपराधी
दिल्ली पुलिस के स्पेशल सेल के अधिकारियों ने बताया कि गिरफ्तार अपराधी फर्जी वेबसाइट का इस्तेमाल कर फ्रेंचाइजी/डीलरशिप का ऑफर देकर लोगों को ठगते थे. पुलिस ने बताया, आरोपियों के पास से तीन लैपटॉप, 20 मोबाइल फोन, सिम कार्ड, एटीएम कार्ड और चेकबुक बरामद किए गए हैं.
नौकरी की लालच देकर धोखाधड़ी
कुछ दिनों पहले चीनी ऐप के माध्यम से लोगों को किस तरह से ठगी का शिकार बनाया जा रहा था, उसका भी बड़ा खुलासा हुआ. इस मामले में बड़ी कार्रवाई भी की गयी. प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने नौकरी उपलब्ध कराने के बहाने युवाओं के साथ धोखाधड़ी करने को लेकर चीन नियंत्रित मोबाइल ऐप के खिलाफ जांच शुरू कर दी है. इस कार्रवाई में 5.85 करोड़ रुपये मूल्य का धन जब्त किया गया. ईडी ने बताया, जांच में यह पाया गया कि भोले-भाले लोगों, खासतौर पर युवाओं के साथ कुछ चीनी नागरिकों ने एक मोबाइल ऐप के जरिये धोखाधड़ी की, जिसका नाम कीपशेयरर है. पुलिस ने एक आरोपपत्र में कहा था कि 92 आरोपियों में से छह चीनी नागरिक जबकि एक ताइवानी नागरिक है, जो पूरे घोटाले को नियंत्रित कर रहे थे.
