Corona Vaccine of Children: पीएम मोदी ने मान ली राहुल गांधी की बात! कांग्रेस के पूर्व अध्‍यक्ष ने कही ये बात

coronavirus vaccination of children : रविवार सुबह राहुल गांधी ने अपने ट्विटर वॉल पर लिखा कि केंद्र सरकार ने बूस्टर डोज़ का मेरा सुझाव मान लिया है..ये एक सही क़दम है.

  • 15 से 18 वर्ष तक के किशोरों को तीन जनवरी से वैक्सीन लगाया जायेगा

  • गंभीर बीमारियों से ग्रसित 60 वर्ष से ऊपर के बुजुर्गों को ‘एहतियाती खुराक’

  • हेल्थकेयर और फ्रंटलाइन वर्कर्स को 10 जनवरी से ‘एहतियाती खुराक’

Coronavirus Vaccination of Children : कोरोना महामारी के खिलाफ देश की लड़ाई को मजबूत करने के लिए सरकार ने अहम कदम उठाया है. तीन जनवरी से 15 से 18 साल की आयु के बीच के किशोरों के लिए कोरोना वैक्‍सीनेशन अभियान शुरू किया जायेगा. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राष्ट्र के नाम संबोधन में यह घोषणा की. इसपर कांग्रेस के पूर्व अध्‍यक्ष राहुल गांधी की भी प्रतिक्रिया आई है.

रविवार सुबह राहुल गांधी ने अपने ट्विटर वॉल पर लिखा कि केंद्र सरकार ने बूस्टर डोज़ का मेरा सुझाव मान लिया है..ये एक सही क़दम है. देश के जन-जन तक कोरोना वैक्सीन व बूस्टर की सुरक्षा पहुंचानी होगी. इस ट्वीट के साथ कांग्रेस के पूर्व अध्‍यक्ष ने एक पुराना ट्वीट भी अपना शेयर किया है.

‘प्रीकॉशन डोज’ 10 जनवरी से

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की घोषणा के बाद 10 जनवरी से स्वास्थ्य व अग्रिम मोर्चे पर तैनात कर्मियों, अन्य गंभीर बीमारियों से ग्रसित 60 साल से ऊपर के लोगों को एहतियात के तौर पर वैक्‍सीन की ‘प्रीकॉशन डोज’ (एहतियाती खुराक) दिया जाएगा. प्रधानमंत्री ने कहा कि जल्द ही नाक से देनेवाला वैकसीन और कोविड के खिलाफ दुनिया का पहला डीएनए आधारित टीका जल्द ही देश में शुरू किया जाएगा. उनके संबोधन से कुछ देर पहले ही ड्रग्स कंट्रोलर जनरल ऑफ इंडिया ने किशोरों के लिए भारत बायोटेक के कोवैक्सीन टीके के इमरजेंसी यूज को मंजूरी दी थी.

पीएम मोदी ने की देशवासियों से गुजारिश

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस अवसर पर देशवासियों से गुजारिश की कि वे किसी भी प्रकार के अफवाह से बचें. कोविड के नये वैरिएंट ओमिक्रोन से सतर्क रहें. कोरोना के खिलाफ लड़ाई में स्वास्थ्यकर्मियों और अग्रिम मोर्चा के कर्मियों के योगदान को याद करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि देश को सुरक्षित रखने में उनका बहुत बड़ा योगदान है. उन्होंने कहा कि इसलिए सरकार ने निर्णय लिया है कि इन्हें टीके की ‘प्रीकॉशन डोज’ दी जाए. 60 वर्ष से ऊपर की आयु के कॉ-मॉरबिडिटी वाले नागरिकों को उनके डॉक्टर की सलाह पर वैक्सीन की प्रीकॉशन डोज का विकल्प उपलब्ध होगा. गौरतलब है कि भारत में अभी तक ओमिक्रोन के कुल 440 मामले सामने आ चुके हैं, जिनमें से 115 लोग स्वस्थ हो चुके हैं.


घबराएं नहीं, तैयारी पूरी

-18 आइसोलेशन बेड देश में

-05 ऑक्सीजन सपोर्टेड बेड

-1.40 आइसीयू बेड

-90 विशेष बेड बच्चों के लिए

-देशवासियों से अपील

-अफवाहों से बचें, सावधान रहें

-मास्क का करें सख्ती से प्रयोग

-हाथों को समय-समय पर धोना नहीं भूलें

-नेजल टीके की भी तैयारी

-इंजेक्शन की जगह नाक से दी जाती है वैक्सीन

-बच्चों को दर्दभरे इंजेक्शन से राहत

-यह बच्चों में प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने में ज्यादा कारगर

यह फैसला कोविड के खिलाफ देश की लड़ाई को तो मजबूत करेगा ही, स्कूल और कॉलेज जा रहे किशोरों और उनके माता-पिता की चिंता भी कम करेगा.

-नरेंद्र मोदी, प्रधानमंत्री

Posted By : Amitabh Kumar

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