Pok: मध्य प्रदेश के चित्रकूट में स्थित तुलसी पीठ आश्रम में जगदुरु रामभद्राचार्य ने बुधवार को भारतीय थल सेना प्रमुख उपेंद्र द्विवेदी को राम मंत्र की दीक्षा दी. जिसके बदले गुरुदक्षिणा के तौर पर रामभद्राचार्य ने उनसे दक्षिण में पीओके की मांग की.
मुझे गुरुदक्षिणा में बस Pok चाहिए
पत्रकारों से बात करते हुए रामभद्राचार्य ने बताया कि ‘सेना प्रमुख जनरल द्विवेदी बुधवार को मेरे पास राम मंत्र की दीक्षा लेने के लिए आए थे. मैंने उन्हें उसी राम मंत्र की दीक्षा दी, जो मां सीता ने भगवान हनुमान को दी थी, जिसके बाद उन्होंने लंका पर विजय प्राप्त किया था’. इसके बदले मैंने उनसे दक्षिणा मांगी है कि, मुझे POK (पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर) चाहिए. उन्होंने कहा कि ‘पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर हमें चाहिए ही चाहिए, यही हमारी दक्षिणा है’.
आगे पत्रकारों से बात करते हुए उन्होंने कहा कि सेना प्रमुख के आने से उन्हें बेहद खुशी हुई. उनका आदर-सम्मान करना मेरे लिए गौरव की बात है. साथ ही उन्होंने कहा कि पाकिस्तान यदि भविष्य में कोई आतंकवादी हमले को अंजाम देता है या साजिश करता है, तो वह मुंह की खाएगा.
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार रामभद्राचार्य ने कहा कि भारतीय सेना शस्त्रों से दुश्मनों से ऐसी ही पूरी ताकत से लड़ती रहेगी. हम यहां शास्त्र की सहायता से दुश्मनों से लड़ेंगे. थल सेना प्रमुख उपेंद्र द्विवेदी अपनी पत्नी के साथ चित्रकूट स्थित रामभद्राचार्य के आश्रम गए थे. यहां उन्होंने तुलसी पीठ के कांच मंदिर रामभद्राचार्य से मुलाकात की. रामभद्राचार्य से दीक्षा लेने के बाद नेत्र चिकित्सालय का दौरा किया. यहां सद्गुरु ट्रस्ट में पद्मश्री डॉ. बीके जैन ने द्विवेदी का सम्मान किया. साथ ही सद्गुरु ने उन्हें स्मृति चिन्ह भी भेंट किया.
