नयी दिल्ली : नजीब जंग के इस्तीफे के बाद दिल्ली के उपराज्यपाल के तौर पर अनिल बैजल का नाम राष्ट्रपति के पास भेज दिया गया है. उनकी नियुक्ति को लेकर पहले से कयास लगाये जा रहे थे. अबसरकार द्वाराउनके नाम की सिफारिश से यह साफ हो गयी है कि दिल्ली उपराज्यपाल के पद पर वो होंगे. उनकी नियुक्ति को लेकर कागजात राष्ट्रपति भवन में पहुंच चुके हैं.
पूर्व गृह सचिव अनिल बैजल होंगे दिल्ली के नये उपराज्यपाल
नयी दिल्ली : नजीब जंग के इस्तीफे के बाद दिल्ली के उपराज्यपाल के तौर पर अनिल बैजल का नाम राष्ट्रपति के पास भेज दिया गया है. उनकी नियुक्ति को लेकर पहले से कयास लगाये जा रहे थे. अबसरकार द्वाराउनके नाम की सिफारिश से यह साफ हो गयी है कि दिल्ली उपराज्यपाल के पद पर वो […]

अनिलबैजलपूर्व आईएएस ऑफिसरहैंऔर गृह सचिव जैसे अहम पदों पर रह चुके हैं. अनिल बैजल 1969 बैच के आईएएस हैं. अटल बिहारी वाजपेयी की सरकार मेंउन्होंनेगृह सचिव का पद संभाला था. राष्ट्रपति ने जंग का इस्तीफा स्वीकार कर लिया और 70 साल के बैजल की नियुक्ति के भी आदेश दे दिए जो राष्ट्रीय राजधानी के 21वें उप राज्यपाल होंगे. वह 2006 में केंद्रीय शहरी विकास मंत्रालय के सचिव पद से सेवानिवृत्त हुए थे। वह दिल्ली विकास प्राधिकरण के पूर्व उप प्रमुख हैं.
बैजल मनमोहन सिंह सरकार द्वारा शुरु किए गए 60,000 करोड रपए की लागत वाले जवाहरलाल नेहरु राष्ट्रीय शहरी नवीकरण मिशन :जेएनएनयूआरएम: की अभिकल्पना एवं लोकार्पण से सक्रियता से जुडे हुए थे. वह थिंक टैंक विवेकानंद इंटरनेशनल की कार्यकारी परिषद में भी थे। थिंक टैंक के कई पूर्व सदस्यों को मोदी सरकार ने वरिष्ठ पदों पर नियुक्त किया है, जिनमें राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल शामिल हैं. जंग ने 22 दिसंबर को पद से इस्तीफा दे दिया था.
अनिल बैजल दिल्ली विकास प्राधिकरण में भी रह चुके हैं. दिल्ली के उपराज्यपाल के नाम को लेकर मीडिया में कई नामों की चर्चा थी लेकिन अंतिम मुहर अनिल के नाम परलगी है. इस रेस में किरण बेदी का भी नाम था लेकिन अरविंद केजरीवाल और किरण बेदी के बीच का रारसर्वज्ञात है, ऐसे में शायद टकराव से बचने के लिए सरकार ने यह कदम उठाया.