रेलवे में सुरेश प्रभु ने दुर्घटना मुक्त मिशन पेश करने की वकालत की

नयी दिल्ली : दुर्घटना मुक्त मिशन की पुरजोर वकालत करते हुए रेल मंत्री सुरेश प्रभु ने आज अन्य देशों से भारत को अपना विनिर्माण केंद्र बनाने का आह्वान किया और कहा कि सरकार अगले पांच वर्षो में रेलवे की सेवाओं के विकास के लिए 120 अरब डालर का निवेश करेगी. प्रभु ने कहा कि किसी […]

नयी दिल्ली : दुर्घटना मुक्त मिशन की पुरजोर वकालत करते हुए रेल मंत्री सुरेश प्रभु ने आज अन्य देशों से भारत को अपना विनिर्माण केंद्र बनाने का आह्वान किया और कहा कि सरकार अगले पांच वर्षो में रेलवे की सेवाओं के विकास के लिए 120 अरब डालर का निवेश करेगी.
प्रभु ने कहा कि किसी भी परिवहन संगठन का जोर सुरक्षित आवागमन पर होना चाहिए जहां दुर्घटना की कोई गुंजाइश न हो, साथ ही निर्धारित समयसीमा के भीतर दुर्घटना मुक्त मिशन शुरू करने की जरूरत पर बल दिया.
रेल मंत्री ने यहां एक अंतरराष्ट्रीय सेमिनार में कहा, दुनियाभर में परिवहन का जोर सुरक्षा पर है और यह रेलवे के साथ भी है. हमारे लिए यह महत्वपूर्ण है कि हम अत्याधुनिक प्रौद्योगिकी की मदद से सुरक्षित यातायात सुनिश्चित करें. मुख्य लाइन, मेट्रो और तीव्र गति पारगमन प्रणाली के लिए कमान, नियंत्रण और संचार प्रणाली के क्षेत्र में विकास पर आयोजित सम्मेलन में जापान, कोरिया, रूस समेत कई देशों के प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया.
प्रभु ने कहा कि भारत का रेल क्षेत्र में कई देशों के साथ प्रौद्योगिकी गठजोड है.
रेल क्षेत्र में निवेश के अवसरों को रेखांकित करते हुए प्रभु ने कहा, सरकार अगले पांच वर्षो में रेलवे में 120 अरब डालर निवेश करेगी और भविष्य में यह राशि बढेगी. विदेशों से निवेश आमंत्रित करने के लक्ष्य का जिक्र करते रेल मंत्री ने कहा कि भारत के पास दक्ष मानव संसाधन, बडा बाजार है और वृहद विनिर्माण केंद्र के रुप में वह लाभ की स्थिति में है. इसके अलावा उसके पास निर्यात की क्षमता वाले विनिर्माण केंद्र के रूप में आंतरिक खपत के भी अवसर है. उन्होंने कहा, मेक इन इंडिया के लिए एक सकारात्मक माहौल है. हम अन्य देशों के साथ गठजोड करना चाहते हैं ताकि भारत को विनिर्माण केंद्र के रूप में तैयार कर सकें. आइए अपना उत्पाद यहां तैयार कीजिए और फिर यहां से निर्यात करें.

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By Prabhat Khabar Digital Desk

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