तेल रिसाव की आशंका के तहत तटरक्षक ने गोवा, कर्नाटक और केरल सरकारों को अलर्ट किया

पणजी : महाराष्ट्र तट के निकट तेल के 110 बैरल बहते पाये जाने के बाद भारतीय तटरक्षक ने गोवा, कर्नाटक और केरल सरकारों को आगाह किया है कि अगर ये बीच में टूट गये तो तेल रिसाव का खतरा होगा. भारतीय तटरक्षक ने निगरानी के दौरान मुंबई से तकरीबन 135 किलोमीटर दूर कोंकण क्षेत्र में […]

पणजी : महाराष्ट्र तट के निकट तेल के 110 बैरल बहते पाये जाने के बाद भारतीय तटरक्षक ने गोवा, कर्नाटक और केरल सरकारों को आगाह किया है कि अगर ये बीच में टूट गये तो तेल रिसाव का खतरा होगा. भारतीय तटरक्षक ने निगरानी के दौरान मुंबई से तकरीबन 135 किलोमीटर दूर कोंकण क्षेत्र में काशीद तट के पास 200 लीटर क्षमता वाले लोहे के ड्रम समुद्र में बहते देखे थे.

भारतीय तटरक्षक के जनसंपर्क अधिकारी कमांडेंट अक्षय जैन ने इन राज्यों को लिखे पत्र में कहा, ‘ये ड्रम सबसे पहले काशीद तट के पास देखे गये और तब से वेंगुरला (महाराष्ट्र) तट तक तटीय एवं स्थानीय पुलिस थाने इनकी बरामदगी की रिपोर्ट दे रहे हैं.’ तटरक्षक ने कहा है, ’10 अगस्त तक कुल 90 ड्रम बरामद किये गये हैं. संभावना है कि (बाकी) ड्रम गोवा, कर्नाटक और केरल तट पर भी लगें.’

जैन ने कहा है, ‘इन ड्रम में हाइड्रोकार्बन उत्पाद (तेल) है जो मानव के लिए हानिकारक हो सकते हैं. यह निश्चित किया जा रहा है कि ये ड्रम कहां से आए.’ उन्होंने कहा, ‘इसके मद्देनजर यह आग्रह किया जाता है कि आपके क्षेत्राधिकार वाले संबंधित विभागों को अवगत करा दिया जाए.’

गोवा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अध्यक्ष जोस मैनुएल नोरोन्हा ने बताया कि तेल रिसाव प्रबंधन योजना के अंतर्गत सभी राज्य सरकारों को सूचित कर दिया गया है कि उनके राज्य के तटों पर ये ड्रम पहुंच सकते हैं. नोरोन्हा ने कहा, ‘200 ड्रम हैं जो बहते पाये गये हैं. वे क्षेत्र से गुजर रहे किसी पोत से गिर गये होंगे.’

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By Prabhat Khabar Digital Desk

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