सरबजीत पर हमला,हत्या के इरादे से

अमृतसर : दूसरा अंत्य परीक्षण करने वाले डॉक्टरों के एक दल ने आज कहा कि पाकिस्तानी जेल में भारतीय कैदी सरबजीत सिंह हमले की पीछे मंशा उसकी हत्या करना ही था. यहां सरकारी मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल के अपराध विज्ञान विभाग के प्रमुख डॉ. एच एस राज ने कहा, ‘‘यह एक स्पष्ट मामला है, (सरबजीत […]

अमृतसर : दूसरा अंत्य परीक्षण करने वाले डॉक्टरों के एक दल ने आज कहा कि पाकिस्तानी जेल में भारतीय कैदी सरबजीत सिंह हमले की पीछे मंशा उसकी हत्या करना ही था. यहां सरकारी मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल के अपराध विज्ञान विभाग के प्रमुख डॉ. एच एस राज ने कहा, ‘‘यह एक स्पष्ट मामला है, (सरबजीत पर) हमले के पीछे की मंशा उसे मार डालना था.’’राज ने सरबजीत का अंत्यपरीक्षण करने वाले चिकित्सक दल की अगुवाई की. इस दल ने 49 वर्षीय सरबजीत का दूसरा अंत्यपरीक्षण किया. दल में सजरी विभाग के प्रमुख सुधीर खिची, मेडिसीन विभाग के प्रमुख एस एस सोहल, पैथोलोजी विभाग के प्रमुख अमरजीत सिंह और एनीसथेसिया विभाग की प्रमुख वीना चाटरथ शामिल थे. पहला अंत्य परीक्षण पाकिस्तान के लाहौर में किया गया था.

दूसरी अंत्य परीक्षण रिपोर्ट के अनुसार सरबजीत के शरीर पर कई जख्म हैं जो यह संकेत करते हैं कि जेल में उस पर हमले करने वाले लोग निश्चित रुप से दो से अधिक थे. एक डॉक्टर ने कहा, ‘‘सरबजीत के शरीर पर जैसा जख्म है, उसे देखते हुए यह कहा जा सकता है कि एक अकेला व्यक्ति उसके जैसे हट्ठे-कट्ठे व्यक्ति को नुकसान नहीं पहुंचा सकता. निश्चित तौर पर ज्यादा लोगों ने उस पर हमला किया.’’ डॉक्टर ने बताया कि सरबजीत के शरीर के जख्म छह सात दिन पुराने हैं. सरबजीत की खोपड़ी दो हिस्से में टूटी हुई थी, उसके जबड़े ओर हड्डियां टूटी हुई थी. उसके शरीर के कुछ महत्वपूर्ण अंग गायब थे.

उन्होंने कहा, ‘‘अंत्यपरीक्षण के लिए अहम समझे जाने वाले कुछ अंग गायब थे.’’ पैनल ने सरबजीत की मौत से जुड़ी परिस्थितियों के सिलसिले में स्पष्ट निष्कर्ष पर पहुंचने के लिए लाहौर में किए गए पहले अंत्य परीक्षण की रिपोर्ट मांगी है. सरबजीत की पांच पसलियां टूटने के अलावा उसके हृदय, पित्ताशय, किडनी आदि गायब हैं. डॉक्टर ने कहा, ‘‘मस्तिष्क में गहरी चोट लगी है. मस्तिष्क गायब है और किसी कुंद वस्तु से प्रहार किए गए हैं.’’डॉक्टर ने कहा कि किसी धारदार हथियार से हमला नहीं किया गया है. सिर पर कम से कम छह सात जख्म हैं. डॉक्टरों ने कहा कि विसरा रिपोर्ट आने के बाद ही मौत की असली वजह का पता चल पाएगा.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Read More

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >