तिरूवनंतपुरम : कार हादसे में गंभीर रूप से घायल होने के करीब एक हफ्ते बाद मशहूर वॉयलिन वादक बाला भास्कर का यहां एक निजी अस्पताल में मंगलवार सुबह निधन हो गया. वह 40 साल के थे. हादसा 25 सितंबर को हुआ था. उसमें भास्कर की दो वर्षीय बेटी की मौत हो गयी थी. हादसे में गंभीर रूप से घायल उनकी पत्नी लक्ष्मी का इलाज चल रहा है.
घटना के समय भास्कर का परिवार त्रिशूर के एक मंदिर से पूजा करके लौट रहा था. पल्लीपुरम में उनकी कार एक पेड़ से जा टकरायी. भास्कर ने कॉलेज में अपनी सहपाठी लक्ष्मी से 22 साल की उम्र में शादी की थी. अस्पताल के सूत्रों ने कहा, ‘भास्कर हृदयगति रुकने से 12 बजकर 56 मिनट पर चल बसे. उनकी न्यूरोसर्जरी हुई थी और वह जीवनरक्षक प्रणाली पर थे. उन पर दवाओं का असर होने लगा था.’
सोमवार को उनके दोस्त और गिटार वादक स्टीफन देवास्सी उनसे मिलने गये थे और भास्कर ने अपनी जीभ में थोड़ी हलचल की थी जिससे उम्मीद बंधी थी कि उनकी स्थिति सुधर रही है. लेकिन सोमवार की रात को उनकी हृदयगति रुक गयी और वह चल बसे. अस्पताल के सूत्रों ने बताया कि लक्ष्मी को भास्कर की मृत्यु का समाचार नहीं दिया गया है.
तिरुवनंतपुरम मेडिकल कॉलेज अस्पताल में पोस्टमार्टम के बाद यहां विश्वविद्यालय कॉलेज परिसर में उनका पार्थिव शरीर रखा गया. इसी कॉलेज में उन्होंने और उनकी पत्नी ने पढ़ाई की थी. केरल के मुख्यमंत्री पिनरायी विजयन, वित्त मंत्री थॉमस इसाक और विभिन्न क्षेत्रों के लोगों ने भास्कर को श्रद्धांजलि अर्पित की. कल भास्कर का अंतिम संस्कार किया जायेगा.
भास्कर के निधन पर गायक के जे येशुदास, संगीतकार एम जयचंद्रन, विधानसभा में विपक्ष के नेमा रमेश चेन्निथला ने श्रद्धांजलि अर्पित की. कांग्रेस के वरिष्ठ नेता शशि थरूर ने भी ट्वीट कर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की. इसके अलावा गायक-संगीतकार शंकर महादेवन, मलयालम फिल्म स्टार पृथ्वीराज और मलयालम फिल्म अभिनेता दुलकुर सलमान ने भी भास्कर के निधन पर शोक व्यक्त किया है.
भास्कर मलयालम फिल्मोद्योग में सबसे कम उम्र में संगीत निर्देशक बन गये थे. उन्होंने 17 साल की उम्र में ‘मंगलय पल्लक’ फिल्म के लिए संगीत रचा. उन्हें 2008 में बिस्मिल्लाह खान युवा संगीतकार पुरस्कार मिला था.
