नासिक के समीप सुखोई विमान दुर्घटनाग्रस्त, दोनों पायलट सुरक्षित

नासिक : भारतीय वायु सेना में शामिल होने का इंतजार कर रहा एक सुखोई विमान बुधवार सुबह नासिक के समीप दुर्घटनाग्रस्त हो गया. पुलिस ने कहा कि हादसे में कोई भी हताहत नहीं हुआ. विमान के जमीन पर गिरने से पहले दोनों पायलट सुरक्षित बाहर निकल गये. हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड (एचएएल) का निर्माणाधीन बहुउद्देशीय सुखोई […]

नासिक : भारतीय वायु सेना में शामिल होने का इंतजार कर रहा एक सुखोई विमान बुधवार सुबह नासिक के समीप दुर्घटनाग्रस्त हो गया. पुलिस ने कहा कि हादसे में कोई भी हताहत नहीं हुआ. विमान के जमीन पर गिरने से पहले दोनों पायलट सुरक्षित बाहर निकल गये. हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड (एचएएल) का निर्माणाधीन बहुउद्देशीय सुखोई सु -30 एमकेआई लड़ाकू विमान नासिक से करीब 25 किलोमीटर दूर पिम्पलगांव बसवंत शहर के समीप वावी – ठुशी गांव के एक खेत में दुर्घटनाग्रस्त हुआ.

पुलिस के एक अधिकारी ने बताया कि विमान सुबह 11 बजकर पांच मिनट पर दुर्घटनाग्रस्त हुआ और पिम्पलगांव पुलिस थाने को सुबह 11 बजकर 15 मिनट पर सूचना मिली. पुलिस ने बताया कि विमान ने नासिक के समीप एचएएल हवाईपट्टी से उड़ान भरी थी. यह विमान रूस के सुखोई द्वारा विकसित किया गया है और एचएएल के लाइसेंस के तहत तैयार किया गया था. विमान के निर्माण में शामिल एक शीर्ष अधिकारी ने बताया कि जो सुखाई विमान दुर्घटनाग्रस्त हुआ है वह इस साल एचएएल नासिक के एयरक्राफ्ट मैनुफैक्चरिंग डिवीजन में बने अपने समूह का पहला विमान था.

अधिकारी ने कहा , ‘‘ आम तौर पर नई स्क्वाड्रन के लिए करीब 12 विमान बनाए जाते हैं और 300 करोड़ रुपये के एक विमान को बनने में करीब तीन साल लगते हैं.” उन्होंने कहा , ‘‘ इस विमान ने कई बार उड़ान भरी थी और यह भारतीय वायु सेना में शामिल होने वाला था.” उन्होंने बताया कि वायुसेना में शामिल होने से पहले ऐसे विमान एचएएल के पायलटों या भारतीय वायुसेना के पायलटों द्वारा उड़ाए जाते हैं.

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