पीरियड से पहले क्यों बदल जाता है मूड? डॉ. प्रियंका त्रिवेदी ने बताई वजह

Mood Swings Happen Before Period: पीरियड से पहले कई महिलाओं को मूड स्विंग, चिड़चिड़ापन और उदासी जैसी समस्याएं महसूस होती हैं. स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ. प्रियंका त्रिवेदी के अनुसार, इसके पीछे शरीर में होने वाले हार्मोनल बदलाव जिम्मेदार होते हैं. सही खानपान, पर्याप्त नींद और नियमित व्यायाम से इस समस्या को काफी हद तक कंट्रोल किया जा सकता है.

Mood Swings Happen Before Period: कई महिलाओं को पीरियड शुरू होने से कुछ दिन पहले अचानक मूड में बदलाव महसूस होने लगता है. कभी बिना किसी खास वजह के चिड़चिड़ापन बढ़ जाता है, तो कभी उदासी, थकान या गुस्सा आने लगता है. कई बार छोटी-छोटी बातें भी बहुत ज्यादा परेशान करने लगती हैं. इस वजह से रोजमर्रा के कामों और रिश्तों पर भी असर पड़ सकता है. स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ. प्रियंका त्रिवेदी के अनुसार, पीरियड से पहले होने वाले ये मूड स्विंग शरीर में हार्मोन के स्तर में होने वाले बदलाव की वजह से होते हैं. पीरियड आने से पहले एस्ट्रोजन और प्रोजेस्टेरोन जैसे हार्मोन तेजी से बदलते हैं, जिसका सीधा असर दिमाग और भावनाओं पर पड़ता है. इसी कारण कई महिलाओं को इस दौरान मानसिक और शारीरिक बदलाव महसूस होते हैं. हालांकि सही जानकारी, संतुलित खानपान और स्वस्थ दिनचर्या अपनाकर इन लक्षणों को काफी हद तक कम किया जा सकता है.

पीरियड से पहले मूड स्विंग क्यों होता है?

डॉ. प्रियंका त्रिवेदी बताती हैं कि पीरियड से पहले शरीर में एस्ट्रोजन और प्रोजेस्टेरोन हार्मोन का स्तर तेजी से बदलता है. इन हार्मोन का सीधा असर दिमाग और भावनाओं पर पड़ता है. इसी वजह से कई महिलाओं को अचानक गुस्सा आना, बेचैनी, थकान या उदासी महसूस हो सकती है. इस स्थिति को प्रीमेंस्ट्रुअल सिंड्रोम (PMS) भी कहा जाता है.

मूड स्विंग के आम लक्षण

पीरियड से पहले मूड स्विंग होने पर कुछ सामान्य लक्षण दिखाई दे सकते हैं जैसे—

  • बिना कारण चिड़चिड़ापन महसूस होना
  • छोटी-छोटी बातों पर गुस्सा आना
  • उदासी या रोने का मन होना
  • थकान और तनाव महसूस होना
  • ध्यान लगाने में परेशानी होना

मूड स्विंग को कैसे करें कंट्रोल?

डॉ. प्रियंका त्रिवेदी के अनुसार कुछ आसान आदतें अपनाकर मूड स्विंग को कम किया जा सकता है. नियमित व्यायाम करना, संतुलित आहार लेना और पर्याप्त नींद लेना बहुत जरूरी है. इसके अलावा योग और मेडिटेशन भी मानसिक शांति देने में मदद करते हैं. कैफीन और जंक फूड कम करने से भी शरीर और दिमाग बेहतर महसूस करता है.

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By Prerna

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