बिहार के इस लाल ने 5 घंटे की फिल्म में दिए ऐसे फाड़ू पंचलाइन, थिएटर में फ्लॉप लेकिन OTT पर बन गई कल्ट क्लासिक

Gangs of Wasseypur: मनोज बाजपेयी के ‘सरदार खान’ किरदार ने कैसे बनाई अलग पहचान? जानिए 2012 में थिएटर में फ्लॉप रहने वाली यह फिल्म ओटीटी पर कैसे बनी कल्ट क्लासिक और बॉक्स ऑफिस पर दोनों पार्ट ने कितनी कमाई की.

Gangs of Wasseypur: अगर भारतीय गैंगस्टर फिल्मों की बात होती है, तो ‘गैंग्स ऑफ वासेपुर’ का नाम जरूर लिया जाता है. इस फिल्म में नवाजुद्दीन सिद्दीकी, हुमा कुरैशी, पंकज त्रिपाठी, ऋचा चड्ढा और तिग्मांशु धूलिया जैसे कई शानदार कलाकार नजर आए थे. लेकिन इन सबके बीच बिहार के बेतिया से आने वाले मनोज बाजपेयी का ‘सरदार खान’ का किरदार सबसे ज्यादा पसंद किया गया. उन्होंने इस रोल को इतने दमदार अंदाज में निभाया कि आज भी ‘सरदार खान’ भारतीय सिनेमा के सबसे यादगार किरदारों में गिना जाता है.

हैरानी की बात यह है कि साल 2012 में रिलीज के समय यह फिल्म थिएटर में फ्लॉप रही थी, लेकिन ओटीटी पर आने के बाद इसे जबरदस्त प्यार मिला और आज इसे कल्ट क्लासिक का दर्जा हासिल है.

Manoj Bajpayee in Gangs of Wasseypur: एक्टिंग और डायलॉग्स ने बना दिया यादगार

गैंग्स ऑफ वासेपुर में मनोज बाजपेयी, फोटो- इंस्टाग्राम

जब ‘गैंग्स ऑफ वासेपुर’ रिलीज हुई थी, तब मनोज बाजपेयी आज की तरह बड़े स्टार नहीं थे. लेकिन ‘सरदार खान’ के किरदार में उन्होंने ऐसी जान डाली कि यही किरदार फिल्म की सबसे बड़ी पहचान बन गया. उनकी दमदार एक्टिंग और डायलॉग डिलीवरी ने दर्शकों का दिल जीत लिया.

मनोज बाजपेयी ने इस फिल्म में ऐसे-ऐसे कड़क डायलॉग्स और पंचलाइन दिए, जो आज भी लोगों की जुबान पर चढ़े हुए हैं. “कह के लेंगे…” से लेकर “यह वासेपुर है, यहां कबूतर भी एक पंख से उड़ता है दूसरे से इज्जत बचाता है” जैसे मशहूर डायलॉग्स इसी फिल्म की देन हैं.

Gangs of Wasseypur Box Office: इतनी तारीफों के बाद भी बॉक्स ऑफिस पर क्यों हुई थी फ्लॉप?

अब सवाल यह है कि जब फिल्म इतनी दमदार थी, तो थिएटर में फ्लॉप क्यों हो गई? दरअसल, साल 2012 में दर्शकों के लिए इस तरह की देसी गैंगस्टर फिल्में बिल्कुल अलग थीं. फिल्म में ज्यादा हिंसा और गाली-गलौज थी. साथ ही, इसका रनटाइम (5 घंटे 21 मिनट) भी काफी लंबा था. इसी कारण मेकर्स ने इसे दो पार्ट में रिलीज किया. हालांकि, रिलीज के समय फिल्म को उम्मीद के मुताबिक दर्शक नहीं मिले और दोनों पार्ट बॉक्स ऑफिस पर फ्लॉप साबित हुए.

कमाई की बात करें तो पहले पार्ट ने भारत में 31.88 करोड़ रुपए नेट और दूसरे पार्ट ने 21.65 करोड़ रुपए नेट का बिजनेस किया.

गैंग्स ऑफ वासेपुर पार्ट 1 बॉक्स ऑफिस-

गैंग्स ऑफ वासेपुर पार्ट 2 बॉक्स ऑफिस-

Gangs of Wasseypur OTT: ओटीटी पर बदल गई फिल्म की किस्मत

गैंग्स ऑफ वासेपुर, फोटो- इंस्टाग्राम

थिएटर के बाद जब ‘गैंग्स ऑफ वासेपुर’ ओटीटी पर आई, तो लोगों ने इसे खूब पसंद किया. धीरे-धीरे फिल्म की कहानी, किरदार और डायलॉग्स लोगों के बीच इतने पॉपुलर हो गए कि आज भी इसे बार-बार देखा जाता है. आज IMDb पर इस फिल्म की 8.2/10 रेटिंग है, जबकि नेटफ्लिक्स और प्राइम वीडियो जैसे प्लेटफॉर्म्स पर यूजर्स ने इसे औसतन 4.4/5 रेटिंग दी है.

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By Sheetal choubey

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मूल रूप से बिहार के बक्सर की रहने वाली शीतल की शुरुआती पढ़ाई कानपुर (उत्तर प्रदेश) में हुई. इसके बाद उन्होंने माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय, मध्य प्रदेश से मास कम्युनिकेशन में ग्रेजुएशन किया.

उन्होंने अपने करियर की शुरुआत शब्द सांची से की, जहां उन्होंने एजुकेशन और एंटरटेनमेंट दोनों बीट्स पर काम किया. इसी दौरान उन्होंने कंटेंट राइटिंग के साथ वॉइस ओवर और Adobe Premiere Pro पर बेसिक वीडियो एडिटिंग का अनुभव भी हासिल किया.

करीब एक साल के अनुभव के बाद साल 2024 में वह प्रभात खबर डिजिटल से जुड़ीं. यहां वह रोजाना बॉक्स ऑफिस रिपोर्ट्स, बॉलीवुड, साउथ सिनेमा, भोजपुरी इंडस्ट्री, OTT और टीवी से जुड़ी खबरों पर काम कर रही हैं.

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