गाजियाबाद की निकिता ने फेलियर को बनाया सीढ़ी, हासिल की UPSC में AIR 30

Nikita Verma AIR 30: यूपीएससी सिविल सर्विस जैसी कठिन परीक्षा को पास करना आसान नहीं होता है. गाजियाबाद की निकिता, जो दो बार प्रीलिम्स में फेल होने के बाद भी हार नहीं मानी और UPSC 2025 में AIR 30 प्राप्त किया.

Nikita Verma AIR 30: UPSC की परीक्षा को देश की सबसे कठिन परीक्षाओं में से एक माना जाता है. हर साल लाखों युवा इस एग्जाम को देते हैं पर सफलता सबको नहीं मिल पाती है. गाजियाबाद की रहने वाली निकिता ने भी शुरुआती असफलताओं से घबराने के बजाय अपनी गलतियों से सीखा और साल 2025 की यूपीएससी परीक्षा में 30वीं रैंक हासिल किया. आइए निकिता वर्मा (Nikita Verma AIR 30) की जर्नी को करीब  से जानते हैं. 

Nikita Verma AIR 30: कहां की रहने वाली है निकिता? 

निकिता वर्मा (Nikita Verma AIR 30) का जन्म और परवरिश उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद में हुई. उनके घर में हमेशा से ही पढ़ाई-लिखाई का माहौल रहा है. उनके पिता दिल्ली सरकार में डिप्टी सेक्रेटरी के पद पर कार्यरत हैं, उन्होंने हमेशा से निकिता को आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया है. निकिता वर्मा बचपन से पढ़ाई में काफी होनहार स्टूडेंट रही है. 

गाजियाबाद से दिल्ली यूनिवर्सिटी तक का सफर

निकिता बचपन से ही देश की पॉलिटिक्स और इंटरनेशनल अफेयर्स को समझने में काफी रुचि रखती थीं. इसी रुचि को आगे बढ़ाते हुए उन्होंने दिल्ली यूनिवर्सिटी (DU) से पॉलिटिकल साइंस में ग्रेजुएशन किया.  फिर उसी सब्जेक्ट में पोस्ट ग्रेजुएशन की पढ़ाई पूरी की.

दो बार प्रीलिम्स में मिली असफलता 

निकिता (Nikita Verma AIR 30) के लिए यूपीएससी का सफर इतना आसान नहीं था. अपनी पहली दो कोशिशों में वो प्रीलिम्स परीक्षा भी क्लियर नहीं कर पाईं थी. हालांकि, उनका CSAT स्कोर हमेशा अच्छा रहता था, लेकिन फिर भी वो कट-ऑफ पार नहीं कर पा रही थीं. लगातार दो बार फेल होने के बाद भी कोई भी इंसान टूट जाता है. लेकिन निकिता ने इसे एक मौके की तरह देखा. दो असफलताओं के बाद अपने तीसरे अटेम्प्ट में निकिता वर्मा ने UPSC 2025 में ऑल इंडिया रैंक 30 हासिल किया. 

तैयारी के लिए अपनाई ये खास स्ट्रेटेजी

  • सिलेबस पर पकड़: उन्होंने सबसे पहले पिछले सालों के क्वेश्चन पेपर का एनालिसिस किया ताकि परीक्षा के पैटर्न को समझा जा सके.
  • स्टैटिक सब्जेक्ट का रिवीजन: हिस्ट्री, जियोग्राफी और पॉलिटिकल साइंस जैसे सब्जेक्ट्स का उन्होंने कई बार रिवीजन किया ताकि बेसिक कॉन्सेप्ट्स पूरी तरह क्लियर रहें.
  • करंट अफेयर्स से जुड़ाव: उन्हें इंटरनेशनल अफेयर्स में पहले से ही रुचि थी, जिसका फायदा उन्हें जनरल स्टडीज और उनके ऑप्शनल सब्जेक्ट (PSIR) में मिला.

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लेखक के बारे में

By Smita Dey

स्मिता दे प्रभात खबर में डिजिटल कंटेंट क्रिएटर के तौर पर काम कर रही हैं. बुक्स पढ़ना, डांसिंग और ट्रैवलिंग का शौक रखने वाली स्मिता युवाओं को बेहतर करियर गाइड करना और नौकरी के लिए प्रोत्साहित करना पसंद करती हैं.

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