NEET PG 2025 Third Round Counselling: नेशनल बोर्ड ऑफ एग्जामिनेशन्स इन मेडिकल साइंसेज (NBEMS) ने कुछ समय पहले NEET PG 2025 एडमिशन के लिए क्वालिफाइंग परसेंटाइल में बदलाव किया है. NBEMS के इस फैसले का असर पीजी तीसरे राउंड की काउंसलिंग में दिख रहा है. कैंडिडेट्स को सिर्फ एक दो मार्क्स पर सीट्स भी मिल गई है.
काउंसलिंग डेटा के अनुसार, रोहतक के एक सरकारी मेडिकल संस्थान में एमएस ऑर्थोपेडिक्स की सीट सिर्फ 800 में से 4 अंक लाने वाले उम्मीदवार को मिल गई. वहीं दिल्ली के एक प्रमुख मेडिकल कॉलेज में गायनेकोलॉजी (स्त्री एवं प्रसूति रोग) की सीट 44 अंकों पर और जनरल सर्जरी की सीट 47 अंकों पर भर दी गई.
कम अंकों पर सीटें लगभग सभी विषयों में दी गईं
- ट्रांसफ्यूजन मेडिसिन में 10 अंक
- एनाटॉमी में 11 अंक
- बायोकेमिस्ट्री में माइनस 8 अंक
हेल्थ एक्सपर्ट और अन्य लोगों ने जताई चिंता
हेल्थ सेक्टर के एक्सपर्ट और अन्य फील्ड के लोग इस मामले पर गहरी चिंता जता रहे हैं. उनका कहना है कि यह मेडिकल एजुकेशन और हेल्थ वर्कफोर्स प्लानिंग में गंभीर गिरावट को दर्शाता है.
राउंड 2 की काउंसलिंग के बाद बहुत सी सीट्स खाली रह गई थी
सीट खाली रह जाने का हवाला देते हुए NBEMS ने NEET PG 2025 का परसेंटाइल घटाया. राउंड 2 की काउंसलिंग पूरी होने के बाद भी कई मेडिकल कॉलेज में सीटें खाली रह गईं, जिसके बाद ये फैसला लिया गया. EWS वर्ग के उम्मीदवारों के लिए क्वालिफाइंग परसेंटाइल 50 से घटाकर 7 परसेंटाइल कर दिया गया था. वहीं जनरल PwBD कैटेगरी के उम्मीदवारों के लिए 45 की जगह केवल 5 परसेंटाइल का मानक तय किया गया. इसके अलावा SC, ST और OBC वर्ग के उम्मीदवारों के लिए क्वालिफाइंग परसेंटाइल 40 से घटाकर शून्य (0) परसेंटाइल कर दिया गया है.
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