Gaganyaan Mission: अंतरिक्ष जाएंगे ये 4 वैज्ञानिक, पीएम मोदी ने किया नाम का ऐलान, जानें डिटेल

Gaganyaan Mission: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को केरल के तिरुवनंतपुरम में मौजूद इसरो के विक्रम साराभाई स्पेस सेंटर का दौरा किया. गगनयान मानव अंतरिक्ष उड़ान मिशन के अंतरिक्ष यात्रियों के नाम की घोषणा की.

Gaganyaan Mission: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को गगनयान मानव अंतरिक्ष उड़ान मिशन के अंतरिक्ष यात्रियों के नाम की घोषणा की. नरेंद्र मोदी ने केरल के तिरुवनंतपुरम में मौजूद इसरो के विक्रम साराभाई स्पेस सेंटर का दौरा किया. इस दौरान मोदी ने इस सेंटर से ट्राइसोनिक विंड टनल प्रोजेक्ट का भी शुभारंभ किया. यह भारत का पहला ऐसा अंतरिक्ष मिशन होगा जिसमें अंतरिक्ष यात्रियों को कुछ समय के लिए निम्न कक्षा में अंतरिक्ष ले जाया जाएगा. इस मिशन को 2025 में लॉंच किया जाएगा और इसके तहत दो से तीन अंतरिक्ष यात्रियों को 400 किलोमीटर की निम्न कक्षा में अंतरिक्ष में भेजा जाएगा. इसके लिए पीएम मोदी ने 4 वैज्ञानिक के नामों की भी घोषणा की. गगनयान मिशन के लिए चुने गए अंतरिक्ष यात्री के नाम प्रशांत बालाकृष्णन नायर, अंगद प्रताप, अजीत कृष्णन और शुभांशु शुक्ला है.

Gaganyaan Mission: रूस में हुई है ट्रेनिंग

एलान के बाद पीएम मोदी ने कहा कि हम सभी आज एक ऐतिहासिक सफर के साक्षी बन रहे हैं. अब से कुछ देर पहले देश पहली बार अपने 4 गगनयान यात्रियों से परिचित हुआ. ये सिर्फ 4 नाम और 4 इंसान नहीं हैं, ये 140 करोड़ aspirations को स्पेस में ले जाने वाली 4 शक्तियां हैं. 40 वर्ष के बाद कोई भारतीय अंतरिक्ष में जाने वाला है. इस बार टाइम भी हमारा है, काउंटडाउन भी हमारा है और रॉकेट भी हमारा है. इसरो ने इन चार एस्ट्रोनॉट्स की ट्रेनिंग सेशन का एक विडिया भी साझा किया है. इन चारों एस्ट्रोनॉट्स ने रूस में जाकर ट्रेनिंग ली है. आइये जानते हैं कि ये चारों कौन हैं.

प्रशांत बालकृष्णन नायर

ग्रुप कैप्टन प्रशांत बालाकृष्णन नायर केरलवासी हैं जिन्हें मानव अंतरिक्ष उड़ान मिशन के लिए रूस में प्रशिक्षित किया गया था. मलयालम दैनिक मातृभूमि की एक रिपोर्ट के अनुसार, उन्होंने राष्ट्रीय रक्षा अकादमी से स्नातक की उपाधि प्राप्त की और 1999 में एक कमीशन अधिकारी के रूप में वायु सेना में शामिल हो गए. रिपोर्टों के अनुसार,रूस में प्रशिक्षण के अलावा उन्होंने बेंगलुरु के मानव अंतरिक्ष उड़ान केंद्र में भी प्रशिक्षण लिया है.

अंगद प्रताप

ग्रुप कैप्टन अंगद प्रताप ने समूह के अन्य तीन सदस्यों के साथ रूस में 13 महीने तक प्रशिक्षण लिया है. इन्हें भी मिशन का हिस्सा बनने के लिए चुना गया है.

अजीत कृष्णन

ग्रुप कैप्टन अजीत कृष्णन उन चार लोगों में से हैं जिन्हें मिशन का हिस्सा बनने के लिए चुना गया है.

शुभांशु शुक्ला

विंग कमांडर शुभांशु शुक्ला को भी अंतरिक्ष आंदोलन के विभिन्न पहलुओं में मास्को के यूरी गगारिन कॉस्मोनॉट ट्रेनिंग सेंटर में प्रशिक्षित किया गया है.

Also Read: National Science Day 2024: विज्ञान के ज्ञान में बढ़ रही हैं लड़कियों की उपलब्धियां, महिलाओं ने लिया चुनौतियों से लोहा

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Neha Singh

Neha Singh is a contributor at Prabhat Khabar.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >