दुष्कर्म के आरोपी को दुबई से दबोच लाई, लेडी IPS के नाम से कांपते हैं अपराधी

Young IPS Success Story: यूपीएससी पास करना और फिर IAS या IPS बनकर अपने काम से पहचान बनाना इतना आसान नहीं होता. सिविल सर्विस की तैयारी करने वाले छात्रों को मशहूर IAS और IPS के काम करने का स्टाइल जरूर नोटिस करना चाहिए. ऐसी ही एक लेडी आईपीएस हैं मेरिन जोसेफ जिन्होंने दुष्कर्म के आरोपी को दुबई से दबोच लाया.

Young IPS Success Story: भारतीय पुलिस सेवा में कुछ नाम ऐसे होते हैं जो अपने साहस, ईमानदारी और कर्मठता के लिए हमेशा याद किए जाते हैं. ऐसी ही एक अफसर हैं IPS मेरिन जोसेफ, जिनका नाम देश की सबसे सख्त और निडर महिला अधिकारियों में लिया जाता है. वह न केवल अपने काम के लिए बल्कि अपने तेज-तर्रार व्यक्तित्व और दृढ़ निश्चय के लिए भी जानी जाती हैं. Young IPS मेरिन की जिंदगी और करियर आज के युवाओं के लिए एक मिसाल है, खासतौर पर उन लड़कियों के लिए जो सिविल सर्विस की तैयारी कर रही हैं.

Who is IPS Merin Joseph: कौन हैं मेरिन जोसेफ?

IPS Officer मेरिन जोसेफ का जन्म 20 अप्रैल 1990 को केरल की राजधानी तिरुवनंतपुरम में हुआ था. उनके पिता अब्राहम जोसेफ केंद्र सरकार के कृषि मंत्रालय में एक वरिष्ठ सलाहकार (Principal Advisor) के रूप में कार्यरत रहे हैं. उनकी मां मिनी जोसेफ एक टीचर हैं और अर्थशास्त्र पढ़ाती हैं. मेरिन की परवरिश एक पढ़े-लिखे और अनुशासित परिवार में हुई, जिससे उनमें मेहनत और जिम्मेदारी की भावना बचपन से ही आ गई थी..

मेरिन जन्म के कुछ समय बाद ही उनका परिवार दिल्ली शिफ्ट हो गया जहां से उन्होंने अपनी शुरुआती पढ़ाई की. दिल्ली के कॉन्वेंट ऑफ जीसस एंड मैरी स्कूल से स्कूलिंग पूरी करने के बाद उन्होंने सेंट स्टीफन्स कॉलेज, दिल्ली यूनिवर्सिटी से ग्रेजुएशन किया.

Young IPS Success Story: देश की यंग आईपीएस में नाम

कॉलेज के दिनों से ही उनमें समाज सेवा और प्रशासनिक सेवा की गहरी रुचि थी. यही वजह रही कि ग्रेजुएशन पूरी करते ही उन्होंने यूपीएससी की तैयारी शुरू कर दी. साल 2012 में उन्होंने UPSC सिविल सेवा परीक्षा पास की और ऑल इंडिया रैंक 188 के साथ IPS के लिए चयनित हुईं. उनका नाम देश की यंग आईपीएस की लिस्ट में शामिल हुआ.

केरल में दुष्कर्म का केस

IPS बनने के बाद मेरिन को उनके गृह राज्य केरल में पोस्टिंग मिली. बतौर पुलिस अफसर, उन्होंने एर्नाकुलम में अपने कार्यकाल के दौरान कई महत्वपूर्ण मामलों में नेतृत्व किया. लेकिन जिस मामले ने उन्हें पूरे देश में पहचान दिलाई वह था एक दो साल की बच्ची के साथ यौन शोषण का केस. इस मामले में आरोपी सऊदी अरब भाग गया था.

मेरिन ने हार नहीं मानी और तमाम प्रशासनिक प्रक्रियाओं को पार करते हुए खुद रियाद पहुंचीं. उन्होंने आरोपी को वहां से गिरफ्तार कर भारत लाने में सफलता पाई. यह केस उनकी बहादुरी और मजबूत इच्छाशक्ति का प्रतीक बन गया.

यह भी पढ़ें: मुख्यमंत्री को गिरफ्तार करने वाली लेडी IPS, 20 साल में 40 ट्रांसफर, नाम से ही कांपते हैं अपराधी

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Author: Ravi Mallick

रवि मल्लिक, प्रभात खबर डिजिटल में सीनियर कंटेट राइटर हैं. सर्वविद्या की राजधानी कहे जाने वाले वाराणसी के रहने वाले हैं. यहीं से पढ़ाई की शुरुआत हुई. भारतेंदु हरिश्चंद्र इंटर कॉलेज से स्कूलिंग खत्म करने के बाद महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ यूनिवर्सिटी से ग्रेजुएशन पूरा किया. इसके बाद पत्रकारिता की ओर दिलचस्पी जगी और आगे की पढ़ाई के लिए लखनऊ चले गए. स्वामी विवेकानंद सुभारती यूनिवर्सिटी से पत्रकारिता में मास्टर्स की डिग्री हासिल की. पढ़ाई के दौरान लखनऊ में रहकर 2017 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव और साल 2019 के लोकसभा चुनाव को करीब से देखा और एक लोकर वेबसाइट के साथ काम किया. डिजिटल युग में पत्रकारिता की शुरुआत होने के चलते रवि मल्लिक Digital News को अच्छे से समझते भी हैं और उसे तराशना भी जानते हैं. पॉलिटिक्स, क्राइम और बिग ब्रेकिंग खबरों पर हाथ साफ करने के बाद साल 2019 में रवि की रुचि एजुकेशन न्यूज की ओर हुई. अमर उजाला के सफलता प्लेटफॉर्म से उन्होंने एजुकेशन की खबरों पर काम करना शुरू किया. एजुकेशन न्यूज पर काम शुरू करने के साथ-साथ रवि के करियर की गाड़ी भी आगे चली. साल 2020 में उन्होंने TV9 भारतवर्ष डिजिटल ज्वाइन किया और इस संस्थान में Career कैटेगरी की शुरुआत की. यहां करियर कैटेगरी पर काम करते हुए 3 साल पूरे कर लिए. साल 2024 में रवि मल्लिक Times Network के टाइम्सनाउ हिंदी के एजुकेशन टीम के साथ जुड़े. जॉब, स्कूली शिक्षा, बोर्ड परीक्षा और रिजल्ट की खबरों पर काम करते हुए एक साल पूरा किया. साल 2025 से रवि प्रभात खबर डिजिटल की यंग और एनर्जेटिक टीम के साथ जुड़े हैं. रवि युवाओं को बेहतर करियर ऑप्शन, करेंट अफेयर्स और नई वैकेंसी के बारे में बताना पसंद करते हैं. बोर्ड परीक्षा हो या UPSC, JEE, CUET और NEET जैसे कॉम्पिटेटिव एग्जाम इनके लिए स्मार्ट टिप्स तैयार करना अच्छा लगता है. एग्जाम टॉपर्स से बात करना और उनकी स्ट्रेटजी के बारे में छात्रों को बताना पसंद है. कॉलेजों के बारे में डिटेल्स में बताना हो या किसी कोर्स की पूरी जानकारी रवि अच्छे से समझा सकते हैं. एजुकेशन न्यूज पर 7 साल का अनुभव रखने वाले रवि मल्लिक के लिए युवाओं को प्रेरित करना, उनके बीच के मुद्दों को उठाना, सही व सटीक जानकारी देना ही प्राथमिकता रही है.

Read More

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >