इजरायल में स्कैन होगा UPI और मिलेगा 50,000 भारतीयों को रोजगार, जानें मोदी-नेतन्याहू के बड़े फैसले

India-Israel Partnership: पीएम मोदी का इजरायल दौरा डिजिटल और आर्थिक मोर्चे पर गेम-चेंजर साबित हुआ है. अब वहां UPI से भुगतान संभव होगा और 50,000 भारतीय युवाओं को रोजगार के अवसर मिलेंगे. तकनीक से लेकर नौकरियों तक, इस सफल यात्रा ने दोनों देशों के रिश्तों को नई ऊंचाई दी है.

India-Israel Partnership: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की दो दिनों की इजरायल यात्रा केवल औपचारिक मुलाकातों तक सीमित नहीं रही, बल्कि इसने दोनों देशों के भविष्य की नींव रख दी है. कुल 17 क्षेत्रों में हुए समझौतों ने यह साफ कर दिया है कि भारत और इजरायल अब रणनीतिक साझेदार से कहीं आगे बढ़कर एक-दूसरे की जरूरतों के पूरक बन चुके हैं.

अब इजरायल में भी चलेगा UPI

भारत की डिजिटल ताकत का लोहा अब इजरायल ने भी मान लिया है. नेशनल पेमेंट्स कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया (NPCI) और इजरायल के मसाव के बीच हुए समझौते के बाद अब इजरायल के बाजारों में भी UPI से पेमेंट करना मुमकिन होगा. यह भारतीय पर्यटकों के लिए किसी बड़े तोहफे से कम नहीं है.

50 हजार भारतीयों के लिए खुला इजरायली बाजार

इस यात्रा का पहलू रोजगार से जुड़ा है. इजरायल ने अपने देश के रबर, इलेक्ट्रॉनिक्स, रिटेल और विनिर्माण जैसे प्रमुख उद्योगों में अगले 5 सालों में 50,000 भारतीय युवाओं को जगह देने का फैसला किया है. यह कोटा आधारित रोजगार सीधे तौर पर भारतीय स्किल्ड लोगों की आर्थिक स्थिति बदलेगा.

नालंदा से हिब्रू यूनिवर्सिटी तक का सफर

ज्ञान के आदान-प्रदान के लिए एक अभूतपूर्व समझौता हुआ है. बिहार के ऐतिहासिक नालंदा विश्वविद्यालय और यरुशलम के हिब्रू विश्वविद्यालय अब साथ मिलकर रिसर्च करेंगे. इसके अलावा, छात्रों के लिए एक्सचेंज प्रोग्राम शुरू होंगे, जिससे दोनों देशों की युवा प्रतिभाएं एक-दूसरे से सीख सकेंगी.

AI और साइबर सुरक्षा पर फोकस

आने वाला युग आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का है और भारत-इजरायल इसमें पीछे नहीं रहना चाहते. AI की क्षमता बढ़ाने के साथ-साथ, ऑनलाइन सुरक्षा के लिए भारत में एक साइबर एक्सीलेंस सेंटर तैयार किया जाएगा. यह सेंटर बढ़ते डिजिटल फ्रॉड से निपटने में ढाल का काम करेगा.

खेती और व्यापार का नया विस्तार

इजरायल की दुनिया भर में मशहूर प्रेसीजन फार्मिंग अब भारतीय खेतों में दिखेगी. सैटेलाइट और मॉडर्न सिंचाई तकनीक के लिए विशेष सेंटर बनाए जाएंगे. साथ ही, फ्री ट्रेड एग्रीमेंट (FTA) पर भी बातचीत को जल्द खत्म करने पर सहमति बनी है, ताकि दोनों देशों के बीच व्यापार करना सस्ता हो सके.

मिडल ईस्ट से यूरोप तक भारत की पहुंच

भारत-पश्चिम एशिया-यूरोप कॉरिडोर और I2U2 जैसे बड़े प्रोजेक्ट्स पर काम तेज करने का निर्देश दिया गया है. यह ट्रेड रूट भारत के सामान को बेहद कम समय में यूरोप तक पहुंचाने की ताकत रखता है. साथ ही, रक्षा सचिव की मौजूदगी में हुए डिफेंस एग्रीमेंट्स ने सेना की ताकत बढ़ाने का मार्ग भी प्रशस्त कर दिया है.

Also Read: रेलवे यात्रियों को अब मुआवजे के लिए नहीं काटने होंगे दफ्तरों के चक्कर, घर बैठे क्लेम के लिए ऐसे करे आवेदन

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Anshuman Parashar

अंशुमान पराशर पिछले दो वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं. वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल के लिए बिजनेस की लेटेस्ट खबरों पर काम कर रहे हैं. इसे पहले बिहार की राजनीति, अपराध पर भी इन्होंने खबरें लिखी हैं. बिहार विधान सभा चुनाव 2025 में इन्होंने ग्राउंड रिपोर्टिंग और विस्तृत राजनीतिक कवरेज किया है.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >