बिकवाली के दबाव में लगातार तीसरे दिन गिरा शेयर बाजार, 636 अंक टूटा सेंसेक्स

Stock Market: भारतीय शेयर बाजार में मंगलवार को लगातार तीसरे दिन गिरावट दर्ज की गई. सेंसेक्स 636 अंक लुढ़ककर 80,737 पर बंद हुआ. निफ्टी भी 174 अंक टूटकर 24,542 पर आ गया. अदाणी ग्रुप की सभी कंपनियों के शेयरों में गिरावट देखी गई, जबकि विदेशी निवेशकों ने 2,589 करोड़ रुपये के शेयर बेचे. वैश्विक अनिश्चितता और कमजोर संकेतों के कारण बाजार पर दबाव रहा. सिर्फ महिंद्रा एंड महिंद्रा का शेयर फायदे में रहा. एशियाई और यूरोपीय बाजारों से भी मिलेजुले संकेत मिले.

Stock Market: बिकवाली के दबाव में मंगलवार को भारतीय शेयर बाजार में लगातार तीसरे दिन गिरावट देखने को मिली. बीएसई सेंसेक्स 636.24 अंक यानी 0.78% टूटकर 80,737.51 पर बंद हुआ. कारोबार के दौरान सेंसेक्स एक समय 798.66 अंक तक नीचे चला गया था. वहीं, निफ्टी 174.10 अंक यानी 0.70% गिरकर 24,542.50 पर बंद हुआ.

अदाणी समूह समेत कई प्रमुख शेयर गिरे

सेंसेक्स में शामिल 30 में से अधिकांश कंपनियों के शेयरों में गिरावट देखी गई. अदाणी पोर्ट्स में 2.42% की गिरावट रही. इसके अलावा बजाज फिनसर्व, बजाज फाइनेंस, पावर ग्रिड, इंडसइंड बैंक, मारुति, टीसीएस और अल्ट्राटेक सीमेंट के शेयर भी नुकसान में रहे. सिर्फ महिंद्रा एंड महिंद्रा का शेयर लाभ में बंद हुआ. अदाणी समूह की सभी 10 सूचीबद्ध कंपनियों में गिरावट दर्ज की गई, जिससे समूह की बाजार पूंजी पर असर पड़ा.

एफआईआई की भारी बिकवाली

शेयर बाजार के आंकड़ों के अनुसार, सोमवार को विदेशी संस्थागत निवेशकों (FII) ने 2,589.47 करोड़ रुपये के शेयर बेचे. रेलिगेयर ब्रोकिंग के वरिष्ठ उपाध्यक्ष अजित मिश्रा ने कहा कि विदेशी फंडों की लगातार निकासी, वैश्विक अनिश्चितता और व्यापार समझौतों को लेकर असमंजस की स्थिति से बाजार पर दबाव बना हुआ है.

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वैश्विक बाजारों से भी मिले नकारात्मक संकेत

एशियाई बाजारों में चीन का शंघाई कम्पोजिट और हांगकांग का हैंगसेंग बढ़त में रहे, जबकि जापान का निक्की नुकसान में रहा. दक्षिण कोरिया का बाजार अवकाश के कारण बंद रहा. यूरोपीय बाजारों में भी दोपहर के कारोबार में कमजोरी देखी गई. हालांकि, सोमवार को अमेरिकी बाजारों में तेजी दर्ज की गई थी. वैश्विक तेल बेंचमार्क ब्रेंट क्रूड की कीमत 0.28% बढ़कर 64.81 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच गई, जो ऊर्जा शेयरों पर आंशिक दबाव का कारण बन सकता है.

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लेखक के बारे में

By KumarVishwat Sen

कुमार विश्वत सेन प्रभात खबर डिजिटल में डेप्यूटी चीफ कंटेंट राइटर हैं. इनके पास हिंदी पत्रकारिता का 25 साल से अधिक का अनुभव है. इन्होंने 21वीं सदी की शुरुआत से ही हिंदी पत्रकारिता में कदम रखा. दिल्ली विश्वविद्यालय से हिंदी पत्रकारिता का कोर्स करने के बाद दिल्ली के दैनिक हिंदुस्तान से रिपोर्टिंग की शुरुआत की. इसके बाद वे दिल्ली में लगातार 12 सालों तक रिपोर्टिंग की. इस दौरान उन्होंने दिल्ली से प्रकाशित दैनिक हिंदुस्तान दैनिक जागरण, देशबंधु जैसे प्रतिष्ठित अखबारों के साथ कई साप्ताहिक अखबारों के लिए भी रिपोर्टिंग की. 2013 में वे प्रभात खबर आए. तब से वे प्रिंट मीडिया के साथ फिलहाल पिछले 10 सालों से प्रभात खबर डिजिटल में अपनी सेवाएं दे रहे हैं. इन्होंने अपने करियर के शुरुआती दिनों में ही राजस्थान में होने वाली हिंदी पत्रकारिता के 300 साल के इतिहास पर एक पुस्तक 'नित नए आयाम की खोज: राजस्थानी पत्रकारिता' की रचना की. इनकी कई कहानियां देश के विभिन्न पत्र-पत्रिकाओं में प्रकाशित हुई हैं.

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