इजराइल-ईरान की बमबारी से बमक गई चांदी, तोड़ दिया 2012 का रिकॉर्ड

Silver Hits Record: इजराइल-ईरान संघर्ष के चलते निवेशकों ने सुरक्षित संपत्तियों की ओर रुख किया है, जिससे चांदी की कीमत 1,08,200 रुपये प्रति किलोग्राम के सर्वकालिक उच्च स्तर पर पहुंच गई. सोना भी बढ़त के साथ 1,00,710 रुपये प्रति 10 ग्राम पर रहा. डॉलर की मजबूती और वैश्विक तनाव के बीच निवेशकों की धारणा सतर्क बनी हुई है. बाजार अब अमेरिकी फेडरल ओपन मार्केट कमेटी की बैठक से संकेतों का इंतजार कर रहा है. चांदी ने फरवरी 2012 का रिकॉर्ड तोड़ा.

Silver Hits Record: इजराइल और ईरान के बीच छिड़ी जंग ने दुनिया भर के बाजारों में भारी उथल-पुथल मचा दी है. इसी भू-राजनीतिक अस्थिरता के बीच निवेशकों ने सुरक्षित निवेश विकल्पों की ओर रुख किया है, जिसका असर भारतीय सर्राफा बाजार में साफ देखा जा रहा है. दोनों देशों की इस जंग के बीच दिल्ली के सर्राफा बाजार में सफेद धातु चांदी ने रिकॉर्ड तोड़ खरीदारी से एक नया इतिहास रच दिया है. बुधवार को चांदी की कीमत 1,000 रुपये बढ़कर 1,08,200 रुपये प्रति किलोग्राम के सर्वकालिक उच्चतम स्तर पर पहुंच गई. मंगलवार को यह 1,07,200 रुपये प्रति किलो पर बंद हुई थी.

सोना भी 1 लाख के पार

चांदी के साथ-साथ सोने की कीमतों में भी तेज़ी दर्ज की गई. 99.9% शुद्धता वाला सोना 540 रुपये की वृद्धि के साथ 1,00,710 रुपये प्रति 10 ग्राम पर पहुंच गया. यह सोने के लिए भी एक महत्वपूर्ण मनोवैज्ञानिक स्तर है.

Silver Hits Record: अंतरराष्ट्रीय बाजार में भी दिखा असर

मेहता इक्विटीज के उपाध्यक्ष (कमोडिंटी) राहुल कलंत्री के अनुसार, अंतरराष्ट्रीय बाजार में चांदी की कीमत फरवरी 2012 के बाद पहली बार 37 डॉलर प्रति औंस के पार पहुंची है. रुपये की कमजोरी ने भी घरेलू कीमतों को सहारा दिया है.

अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोना कमजोर

हालांकि, वैश्विक स्तर पर हाजिर सोना 0.23% गिरकर 3,380.97 डॉलर प्रति औंस रहा, लेकिन अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव के कारण निवेशकों ने सोने और चांदी जैसे सेफ हेवन एसेट्स में रुचि बनाए रखी. कोटक सिक्योरिटीज का कहना है कि अमेरिकी डॉलर में मजबूती के बावजूद पश्चिम एशिया के हालात ने सुरक्षित निवेश की मांग बढ़ाई है.

अमेरिका-ईरान टकराव से और बढ़ेगी अस्थिरता?

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की ओर से ईरान से बिना शर्त आत्मसमर्पण की मांग और ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई के खिलाफ संभावित सैन्य कार्रवाई की अटकलों ने निवेशकों की चिंता और बढ़ा दी है. इससे अमेरिका की संभावित प्रत्यक्ष सैन्य भागीदारी की आशंका बनी हुई है.

एफओएमसी बैठक पर नजर

आनंद राठी शेयर्स एंड स्टॉक ब्रोकर्स के एवीपी (कमोडिटी एंड करेंसी) मनीष शर्मा के मुताबिक, बाजार की निगाहें अब अमेरिकी फेडरल ओपन मार्केट कमेटी (एफओएमसी) की बैठक पर टिकी हुई हैं. निवेशक आगे की रणनीति तय करने के लिए इस बैठक से संकेतों का इंतजार कर रहे हैं.

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Silver Hits Record: जंग और डॉलर से चांदी हुई मजबूत

भू-राजनीतिक संकट और डॉलर की चाल ने मिलकर चांदी को रिकॉर्ड ऊंचाई पर पहुंचा दिया है. बाजार में फिलहाल सुरक्षित निवेश की मांग बनी रहेगी, जिससे चांदी और सोने में उतार-चढ़ाव बना रह सकता है.

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लेखक के बारे में

By KumarVishwat Sen

कुमार विश्वत सेन प्रभात खबर डिजिटल में डेप्यूटी चीफ कंटेंट राइटर हैं. इनके पास हिंदी पत्रकारिता का 25 साल से अधिक का अनुभव है. इन्होंने 21वीं सदी की शुरुआत से ही हिंदी पत्रकारिता में कदम रखा. दिल्ली विश्वविद्यालय से हिंदी पत्रकारिता का कोर्स करने के बाद दिल्ली के दैनिक हिंदुस्तान से रिपोर्टिंग की शुरुआत की. इसके बाद वे दिल्ली में लगातार 12 सालों तक रिपोर्टिंग की. इस दौरान उन्होंने दिल्ली से प्रकाशित दैनिक हिंदुस्तान दैनिक जागरण, देशबंधु जैसे प्रतिष्ठित अखबारों के साथ कई साप्ताहिक अखबारों के लिए भी रिपोर्टिंग की. 2013 में वे प्रभात खबर आए. तब से वे प्रिंट मीडिया के साथ फिलहाल पिछले 10 सालों से प्रभात खबर डिजिटल में अपनी सेवाएं दे रहे हैं. इन्होंने अपने करियर के शुरुआती दिनों में ही राजस्थान में होने वाली हिंदी पत्रकारिता के 300 साल के इतिहास पर एक पुस्तक 'नित नए आयाम की खोज: राजस्थानी पत्रकारिता' की रचना की. इनकी कई कहानियां देश के विभिन्न पत्र-पत्रिकाओं में प्रकाशित हुई हैं.

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