मार्च के अंत तक बढ़ सकते हैं सीमेंट के दाम! घर बनाना होगा महंगा

Cement Price : कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों और पेटकोक की लागत में उछाल के कारण मार्च के अंत या अप्रैल 2026 की शुरुआत में सीमेंट महंगा होने वाला है। रियल एस्टेट में सुस्ती के बावजूद, बढ़ते इनपुट खर्च की भरपाई के लिए सीमेंट कंपनियां कीमतों में बढ़ोतरी की तैयारी कर रही हैं.

Cement Price: अगर आप घर बनाने की योजना बना रहे हैं या कंस्ट्रक्शन के काम से जुड़े हैं, तो यह खबर आपके लिए महत्वपूर्ण है. नुवामा की एक ताजा रिपोर्ट के अनुसार, मार्च के आखिरी हफ्ते या अप्रैल 2026 की शुरुआत में सीमेंट की कीमतों में भारी उछाल आने की संभावना है.

क्यों बढ़ रहे हैं सीमेंट के दाम ?

सीमेंट की कीमतों में इस संभावित बढ़त के पीछे मुख्य रूप से कच्चा तेल (Crude Oil) जिम्मेदार है.

  • पेटकोक की बढ़ती लागत: कच्चे तेल की कीमतों में तेजी आने से ‘पेटकोक’ (Petcoke) महंगा हो गया है, जो सीमेंट बनाने के लिए ईंधन के रूप में इस्तेमाल होता है.
  • पैकेजिंग का खर्च: सीमेंट की बोरियों की पैकिंग में इस्तेमाल होने वाली सामग्री की लागत भी कच्चे तेल से प्रभावित होती है, जिससे कंपनियों का कुल खर्च बढ़ गया है.
  • नुकसान की भरपाई: कंपनियां अपने बढ़े हुए इनपुट खर्च का बोझ ग्राहकों पर डालकर अपने मुनाफे को संतुलित करना चाहती हैं.

बाजार का हाल: स्थिरता के बाद हलचल

रिपोर्ट के मुताबिक, फरवरी 2026 की शुरुआत में भी कंपनियों ने गैर-व्यापारिक (Non-trade) सेगमेंट में दाम बढ़ाए थे, लेकिन मांग कम होने के डर से कई इलाकों में इसे वापस ले लिया गया था. मार्च के पहले पखवाड़े में कीमतें स्थिर रही हैं, लेकिन अब डीलर्स को पूरी उम्मीद है कि मार्च खत्म होते-होते कंपनियां कीमतों में संशोधन करेंगी.

रियल एस्टेट और सरकारी खर्च का असर

  • सीमेंट की मांग दो मुख्य स्तंभों पर टिकी होती है, सरकारी प्रोजेक्ट्स और रियल एस्टेट.
  • रियल एस्टेट में सुस्ती: आंकड़े बताते हैं कि जनवरी 2026 में नए प्रोजेक्ट्स की लॉन्चिंग में 44% की भारी गिरावट आई है. 2024 और 2025 में भी यह सेक्टर सुस्त रहा था, जिससे सीमेंट की मांग पर दबाव बना हुआ है.
  • सरकारी खर्च (Capex): जनवरी 2026 में सरकारी पूंजीगत व्यय में 24% की कमी देखी गई. हालांकि, अगर अप्रैल 2025 से जनवरी 2026 तक के पूरे साल के आंकड़ों को देखें, तो सरकारी खर्च में 8% की सालाना वृद्धि हुई है, जो सीमेंट सेक्टर के लिए एक राहत की बात है.

भले ही अभी मांग में थोड़ी नरमी है, लेकिन विशेषज्ञों का मानना है कि वित्त वर्ष 2026 की चौथी तिमाही (Q4) में सीमेंट की मांग बेहतर रहेगी. सीमेंट कंपनियों के शेयरों का प्रदर्शन भी आने वाले दिनों में सीमेंट की कीमतों और पेटकोक के दामों पर निर्भर करेगा.

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By Abhishek pandey

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अभिषेक पाण्डेय ने माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय (MCU), भोपाल से पत्रकारिता एवं जनसंचार की पढ़ाई की है। यहां उन्होंने रिपोर्टिंग, डिजिटल मीडिया, न्यूज़ राइटिंग, वीडियो प्रोडक्शन और मल्टीमीडिया जर्नलिज्म की बारीकियां सीखीं, जिनका इस्तेमाल वे आज अपनी पत्रकारिता में कर रहे हैं।

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