धुआं हो रही सिगरेट कंपनियों की कमाई! भारी टैक्स से बिक्री 5% गिरी, ITC का स्टॉक 17% तक टूटा

एक्साइज ड्यूटी में बढ़ोतरी के कारण सिगरेट की कीमतों में भारी उछाल आया है, जिससे मार्च-अप्रैल में बिक्री में बड़ी गिरावट दर्ज की गई है.

Cigarette sales take a hit after tax hike: केंद्र सरकार द्वारा सिगरेट और तंबाकू उत्पादों पर अतिरिक्त उत्पाद शुल्क (Excise Duty) लगाने के फैसले का असर अब कंपनियों के बैलेंस शीट पर दिखने लगा है. इंफोर्मिस्ट (Informist) की रिपोर्ट के अनुसार, कीमतों में भारी वृद्धि के कारण मार्च में बिक्री में 5% की गिरावट आई है, और अप्रैल में यह गिरावट और गहरी होने की आशंका है.

टैक्स और कीमतों का असर

1 फरवरी से लागू नए नियमों के बाद, सिगरेट के 10 स्टिक वाले पैकेट की कीमतों में ₹22 से ₹55 तक की बढ़ोतरी हुई है. सरकार ने उच्चतम 40% GST स्लैब के ऊपर ₹2,050 से ₹8,500 प्रति हजार स्टिक (लंबाई के आधार पर) की एक्साइज ड्यूटी बढ़ा दी है.

स्टॉक मार्केट में गिरावट

टैक्स बढ़ोतरी की घोषणा के बाद से सिगरेट कंपनियों के शेयरों में भारी गिरावट देखी गई है:

  • ITC: सबसे ज्यादा 17.55% टूटकर ₹300 के स्तर पर पहुंच गया है.
  • Godfrey Phillips: 10% की गिरावट.
  • VST Industries: 11% की गिरावट.

कंपनियों पर असर: ITC बनाम अन्य

विश्लेषकों का मानना है कि कंपनियों के मुनाफे (Margins) पर इसका गहरा असर पड़ेगा. हालांकि, सभी कंपनियों पर इसका प्रभाव एक जैसा नहीं होगा:

  • ITC के लिए राहत की बात: भले ही ITC के ऑपरेटिंग प्रॉफिट में सिगरेट का योगदान 80% है, लेकिन कंपनी का FMCG (Sunfeast, Bingo, Savlon), एग्री-बिजनेस और पेपरबोर्ड सेगमेंट (जो कुल रेवेन्यू का 60% है) एक सुरक्षा कवच (Cushion) की तरह काम करेगा.
  • Godfrey Phillips की चुनौती: गॉडफ्रे फिलिप्स जैसी कंपनियां पूरी तरह से तंबाकू उत्पादों पर निर्भर हैं. उनके पास ITC जैसा डायवर्सिफाइड पोर्टफोलियो नहीं है, जिससे उन पर बिक्री में गिरावट और ‘डाउन-ट्रेडिंग’ (सस्ती सिगरेट की ओर मुड़ना) का ज्यादा बुरा असर पड़ेगा.
पैरामीटरअनुमानित बदलावमुख्य कारण
बिक्री की मात्रा (Volume)10% की गिरावट ↓उच्च कीमतें और मांग में कमी.
सिगरेट सेगमेंट प्रॉफिट15-20% की गिरावट ↓टैक्स का बोझ और बढ़ी हुई लागत.
मार्जिन (Margins)हल्की गिरावट ↓कच्चे माल (तंबाकू) की बढ़ती कीमतें.
ITC प्रॉफिट ग्रोथ (YoY)~3% की बढ़त ↑जनवरी में हुई भारी स्टॉकिंग का फायदा.

Also Read : जंग के बीच सोने-चांदी की चमक पड़ी फीकी; चांदी ₹1.49 लाख तो सोना ₹26,000 हुआ सस्ता, जानें क्या है कारण

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Published by: Abhishek pandey

अभिषेक पाण्डेय पिछले तीन वर्षों से प्रभात खबर में डिजिटल जर्नलिस्ट के तौर पर काम कर रहे हैं। वे बिजनेस और अर्थव्यवस्था से जुड़ी खबरों को आसान भाषा में पाठकों तक पहुंचाने का काम करते हैं। शेयर बाजार, पर्सनल फाइनेंस, बैंकिंग, बजट, सरकारी योजनाएं, MSME, कृषि और इंडस्ट्री जैसे विषयों पर उनकी अच्छी पकड़ है। वे रिसर्च के साथ ऐसी खबरें और एक्सप्लेनर तैयार करते हैं, जिन्हें आम लोग भी आसानी से समझ सकें। इसके अलावा यूटिलिटी न्यूज और सक्सेस स्टोरीज लिखने में भी उनकी खास रुचि है।

पत्रकारिता अनुभव

अभिषेक ने पत्रकारिता की पढ़ाई माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय (MCU), भोपाल से की है, जिसे पत्रकारिता की दुनिया में 'दादा माखनलाल की बगिया' भी कहा जाता है।

करियर की शुरुआत उन्होंने राजस्थान पत्रिका के साथ की, जहां उन्होंने डिजिटल पत्रकारिता की बारीकियों को करीब से समझा। इसके बाद वे प्रभात खबर से जुड़े और पिछले तीन वर्षों से डिजिटल जर्नलिस्ट के रूप में काम कर रहे हैं।

इस दौरान उन्होंने बिजनेस, शेयर बाजार, पर्सनल फाइनेंस, बैंकिंग, बजट, सरकारी योजनाएं, कृषि, MSME और अर्थव्यवस्था से जुड़े कई अहम विषयों पर रिपोर्टिंग और रिसर्च आधारित लेख लिखे हैं। इसके अलावा वे वीडियो स्क्रिप्टिंग, एक्सप्लेनर स्टोरी, डेटा स्टोरी और डिजिटल कंटेंट पर भी लगातार काम करते हैं। उनकी कोशिश रहती है कि जटिल आर्थिक और वित्तीय विषयों को आसान और भरोसेमंद भाषा में पाठकों और दर्शकों तक पहुंचाया जाए।

शिक्षा

अभिषेक पाण्डेय ने माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय (MCU), भोपाल से पत्रकारिता एवं जनसंचार की पढ़ाई की है। यहां उन्होंने रिपोर्टिंग, डिजिटल मीडिया, न्यूज़ राइटिंग, वीडियो प्रोडक्शन और मल्टीमीडिया जर्नलिज्म की बारीकियां सीखीं, जिनका इस्तेमाल वे आज अपनी पत्रकारिता में कर रहे हैं।

और पढ़ें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >