Budget 2025: अटल पेंशन योजना में पेंशन बढ़ने की संभावना, मौज में कटेगा बुढ़ापा

Budget 2025 में अटल पेंशन योजना के तहत पेंशन बढ़ने की संभावना है, जिससे लोगों को बुढ़ापे में बेहतर वित्तीय सुरक्षा मिलेगी और आरामदायक जीवन जीने में मदद मिलेगी

Budget 2025: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण 1 फरवरी को फाइनेंशियल ईयर 2025-26 का बजट पेश करेंगी. देशभर की निगाहें इस बजट पर टिकी हैं. उम्मीद की जा रही है कि इस बार सरकार अटल पेंशन योजना (APY) से जुड़ा बड़ा फैसला ले सकती है.

अटल पेंशन योजना में बढ़ सकती है न्यूनतम पेंशन

सरकार सामाजिक सुरक्षा को मजबूत करने के उद्देश्य से अटल पेंशन योजना के तहत मिलने वाली न्यूनतम पेंशन को दोगुना करने पर विचार कर रही है. फिलहाल इस योजना में 1,000 रुपये से लेकर 5,000 रुपये तक की मासिक पेंशन दी जाती है. यह पेंशन राशि जमा की गई राशि और योजना में किए गए योगदान पर निर्भर करती है.

पेंशन डबल करने की तैयारी

सूत्रों के अनुसार, सरकार न्यूनतम पेंशन को बढ़ाकर 10,000 रुपये करने की योजना बना रही है. इस प्रस्ताव को बजट में शामिल किया जा सकता है. अटल पेंशन योजना को खासतौर पर गरीब और असंगठित क्षेत्र के कर्मचारियों को बुढ़ापे में आर्थिक सहायता प्रदान करने के लिए शुरू किया गया था. यह योजना 2015-16 में पेंशन फंड रेगुलेटरी एंड डेवलपमेंट अथॉरिटी (PFRDA) द्वारा शुरू की गई थी.

योजना की मुख्य विशेषताएं

अटल पेंशन योजना की एक बड़ी खासियत यह है कि अगर लाभार्थी की मृत्यु हो जाती है, तो उसकी पेंशन राशि नॉमिनी को मिलती है.

पात्रता और आवेदन प्रक्रिया

योजना का लाभ लेने के लिए आवेदक की उम्र 18 से 40 साल के बीच होनी चाहिए. इसके लिए आवेदक का बैंक में खाता होना जरूरी है.आवेदन के लिए बैंक से या आधिकारिक वेबसाइट से फॉर्म डाउनलोड करें. फॉर्म भरने के बाद आधार कार्ड और अन्य जरूरी दस्तावेज के साथ इसे बैंक में जमा करें.

क्यों है यह योजना खास?

अटल पेंशन योजना ने असंगठित क्षेत्र के लाखों लोगों को बुढ़ापे में आर्थिक सहायता का भरोसा दिया है. सरकार द्वारा पेंशन राशि बढ़ाने का फैसला इस योजना को और अधिक प्रभावी बना सकता है.

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By Abhishek pandey

अभिषेक पाण्डेय पिछले तीन वर्षों से प्रभात खबर में डिजिटल जर्नलिस्ट के तौर पर काम कर रहे हैं। वे बिजनेस और अर्थव्यवस्था से जुड़ी खबरों को आसान भाषा में पाठकों तक पहुंचाने का काम करते हैं। शेयर बाजार, पर्सनल फाइनेंस, बैंकिंग, बजट, सरकारी योजनाएं, MSME, कृषि और इंडस्ट्री जैसे विषयों पर उनकी अच्छी पकड़ है। वे रिसर्च के साथ ऐसी खबरें और एक्सप्लेनर तैयार करते हैं, जिन्हें आम लोग भी आसानी से समझ सकें। इसके अलावा यूटिलिटी न्यूज और सक्सेस स्टोरीज लिखने में भी उनकी खास रुचि है।

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अभिषेक ने पत्रकारिता की पढ़ाई माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय (MCU), भोपाल से की है, जिसे पत्रकारिता की दुनिया में 'दादा माखनलाल की बगिया' भी कहा जाता है।

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शिक्षा

अभिषेक पाण्डेय ने माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय (MCU), भोपाल से पत्रकारिता एवं जनसंचार की पढ़ाई की है। यहां उन्होंने रिपोर्टिंग, डिजिटल मीडिया, न्यूज़ राइटिंग, वीडियो प्रोडक्शन और मल्टीमीडिया जर्नलिज्म की बारीकियां सीखीं, जिनका इस्तेमाल वे आज अपनी पत्रकारिता में कर रहे हैं।

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