पुणे: बैंकों से कामकाज में सुस्ती छोडने का आह्वान करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज कहा कि वह बैंकों के कामकाज में राजनीतिक हस्तक्षेप के खिलाफ हैं लेकिन जनहित में जरुरी हस्तक्षेप का समर्थन करते हैं.
मोदी ने बैंकिंग क्षेत्र से ऐसे बैंक स्थापित करने का आह्वान किया जो कि दुनिया के शीर्ष बैंकों में शामिल हों. उन्होंने बैंकों के कामकाज में हस्तक्षेप नहीं करने का भरोसा देते हुये कहा कि बैंकों को पेशेवर ढंग से चलाए जाने की जरुरत है.
सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों और वित्तीय संस्थानों के शीर्ष कार्यकारियों को दो दिन चले सम्मेलन ‘ज्ञान संगम’ के आखिरी दिन संबोधित करते हुए मोदी ने कहा ‘‘जवाबदेही जरुरी है.’’ मोदी ने कहा कि सरकार का कोई निहित स्वार्थ नहीं है और सार्वजनिक क्षेत्र के बैंक इससे मजबूती हासिल कर सकते हैं.
