Paytm ने अपने यूजर्स के लिए शुरू किया टोकन सिस्टम, जानें क्या है यह

पेटीएम के संस्थापक एवं मुख्य कार्यपालक अधिकारी विजय शेखर शर्मा ने एक बयान में कहा कि भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) के दिशानिर्देशों के अनुरूप ग्राहकों के कार्ड का टोकन नंबर जारी करने की व्यवस्था लागू की गई है.

What Is Paytm Tokenisation: पेटीएम का संचालन करने वाली डिजिटल वित्तीय सेवा कंपनी वन97 कम्युनिकेशन लिमिटेड अब तक 2.8 करोड़ कार्ड के लिए टोकन जारी कर चुकी है और उसने कार्ड संबंधी सुरक्षित आंकड़ों को 30 जून तक हटाने की संभावना जतायी है.

पेटीएम के संस्थापक एवं मुख्य कार्यपालक अधिकारी विजय शेखर शर्मा ने एक बयान में कहा कि भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) के दिशानिर्देशों के अनुरूप ग्राहकों के कार्ड का टोकन नंबर जारी करने की व्यवस्था लागू की गई है.

उन्होंने कहा कि पेटीएम पर इस्तेमाल होने वाले करीब 80 फीसदी सक्रिय कार्ड का टोकन जारी किया जा चुका है. शर्मा ने कहा, पेटीएम सुरक्षित ऑनलाइन भुगतान के लिए प्रतिबद्ध है और कार्ड का टोकन जारी करने की आरबीआई की पहल उस दिशा में एक बड़ा कदम है.

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टोकन व्यवस्था के तहत किसी ऑनलाइन भुगतान मंच पर इस्तेमाल होने वाले कार्ड का असली ब्योरा नहीं रखा जाएगा और उसकी जगह एक टोकन नंबर जारी किया जाएगा जो अपने-आप में अलग होगा. असली कार्ड के ब्योरे का इस्तेमाल करने के बजाय इस टोकन का इस्तेमाल पीओएस मशीनों एवं क्यूआर कोड के जरिये भुगतान के समय बिना संपर्क में आये भी किया जा सकता है.

आरबीआई ने ऑनलाइन भुगतान मंचों को कहा है कि अपने पास सुरक्षित रखे कार्ड से जुड़े आंकड़ों को हटाने की तैयारी करें और 30 जून तक सभी कार्ड के लिए टोकन व्यवस्था लागू करें. पेटीएम ने कहा, कंपनी उपभोक्ताओं के लिए ऑनलाइन कार्ड भुगतान को सुरक्षित बनाने के लिए अब तक वीजा, मास्टरकार्ड और रुपे के करीब 2.8 करोड़ कार्ड के टोकन जारी कर चुकी है. इस तीव्र रफ्तार के साथ पेटीएम आरबीआई की समयसीमा के पहले ही अपने पास रखे कार्ड संबंधित आंकड़ों को हटाने की स्थिति में आ जाएगी.

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