Hero Passion Plus Drum vs Bajaj Platina 110: डेली गांव से शहर अप-डाउन के लिए किसे खरीदें?

हीरो पैशन प्लस ड्रम और बजाज प्लेटिना 110, दोनों ही बजट सेगमेंट में टॉप बाइक्स हैं. अगर आप गांव से शहर रोजाना आवाजाही करते हैं, तो यह कंपैरिजन आपको सही बाइक चुनने में मदद करेगा.

गांव से शहर रोजाना अप-डाउन करने वाले कामकाजी लोगों के लिए एक टिकाऊ और ज्यादा माइलेज देने वाली बाइक सेलेक्ट करना बहुत जरूरी होता है. हीरो पैशन प्लस ड्रम (Hero Passion Plus Drum) और बजाज प्लेटिना 110 (Bajaj Platina 110) दोनों ही भारतीय बाजार में बजट सेगमेंट की बेहद पॉपुलर बाइक्स हैं. अगर आप भी रोजाना खराब रास्तों और लंबे सफर को तय करके काम पर जाते हैं, तो इन दोनों में से सही ऑप्शन चुनना आपके समय और पैसे दोनों की बचत कर सकता है.

Hero Passion Plus Drum vs Bajaj Platina 110: इंजन और पावर 

हीरो पैशन प्लस ड्रम में 97.2 सीसी का एयर-कूल्ड सिंगल सिलेंडर इंजन मिलता है. यह इंजन 8.02 पीएस की पावर और 8.05 एनएम का टॉर्क जनरेट करता है. दूसरी तरफ, बजाज प्लेटिना 110 में 115.45 सीसी का ज्यादा पावरफुल इंजन दिया गया है. यह 8.6 पीएस की पावर और 9.81 एनएम का बेहतरीन टॉर्क देता है. गांव से शहर जाते समय अगर रास्तों पर चढ़ाई है या आपको पीछे सवारी बैठाकर सामान ले जाना पड़ता है, तो प्लेटिना 110 का बड़ा इंजन बेहतर परफॉरमेंस देता है.

Hero Passion Plus Drum vs Bajaj Platina 110: खराब रास्तों पर राइडिंग कम्फर्ट

गांव की टूटी सडकों और गड्डों से होकर शहर जाने के लिए राइडिंग कम्फर्ट सबसे अहम होता है. बजाज प्लेटिना 110 में 200 मिमी का शानदार ग्राउंड क्लीयरेंस मिलता है और इसका सॉफ्ट सस्पेंशन गड्डों के झटकों को आसानी से सोख लेता है. हीरो पैशन प्लस ड्रम में 168 मिमी का ग्राउंड क्लीयरेंस है. पैशन प्लस की सीट भी चौडी और आरामदायक है, लेकिन बहुत ज्यादा खराब और ऊबड़-खाबड़ रास्तों पर प्लेटिना का सस्पेंशन आपकी पीठ को ज्यादा आराम देता है.

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Hero Passion Plus Drum vs Bajaj Platina 110: माइलेज और मेंटेनेंस खर्च

दोनों ही बाइक्स माइलेज के मामले में जेब पर भारी नहीं पड़ती हैं. हीरो पैशन प्लस में कंपनी की पेटेंट आई3एस (i3S) तकनीक मिलती है. यह सिस्टम ट्रैफिक में रुकने पर इंजन को बंद कर देता है, जिससे शहर के ट्रैफिक में फ्यूल बचता है. प्लेटिना 110 भी अपनी शानदार फ्यूल एफिशिएंसी के लिए जानी जाती है. दोनों बाइक्स आसानी से 65 से 70 किलोमीटर प्रति लीटर तक का माइलेज दे देती हैं और इनका मेंटेनेंस खर्च भी काफी कम है.

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Hero Passion Plus Drum vs Bajaj Platina 110: ब्रेकिंग और एक्स्ट्रा फीचर्स

पैशन प्लस के इस ड्रम वेरिएंट में आगे और पीछे ड्रम ब्रेक दिए गए हैं. इसमें यूएसबी चार्जिंग पोर्ट और डिजिटल-एनालॉग मीटर जैसे आधुनिक फीचर्स मिलते हैं, जो लंबे सफर में मोबाइल चार्ज रखने के काम आते हैं. प्लेटिना 110 में भी ड्रम ब्रेक्स के साथ कंबाइंड ब्रेकिंग सिस्टम मिलता है, जो अचानक ब्रेक लगाने पर बाइक को फिसलने से बचाता है.

Hero Passion Plus Drum vs Bajaj Platina 110: कीमत

हीरो पैशन प्लस ड्रम की शुरुआती एक्स शोरूम कीमत 80,238 रुपये है.

बजाज प्लेटिना 110 की शुरुआती एक्स शोरूम कीमत 69,284 रुपये है.

कौन-सी बाइक है आपके लिए सही?

अगर आपके रूट में गांव की सडकें बहुत ज्यादा खराब हैं, कच्चे रास्ते हैं और आपको ऊबड़-खाबड़ रास्तों पर ज्यादा कम्फर्ट चाहिए, तो बजाज प्लेटिना 110 ज्यादा बेहतर साबित होगी. वहीं, अगर आप बढ़िया ब्रांड वैल्यू, शानदार रीसेल वैल्यू, आकर्षक डिजाइन और शहर के ट्रैफिक में आसान राइडिंग पसंद करते हैं, तो हीरो पैशन प्लस ड्रम आपके लिए एक भरोसेमंद ऑप्शन है.

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लेखक के बारे में

By शिवांश शेखर

शॉर्ट बायो 

शिवांश शेखर ऑटोमोबाइल और खेल स्पेशलिस्ट हैं. वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल में बतौर कंटेंट राइटर के तौर पर कार्यरत हैं. ऑटो सेक्शन में कार/बाइक लॉन्च, फीचर्स, खासियत, टिप्स, कंपेरिजन और सपेक्स से संबंधित खबरें कवर करते हैं.

विस्तृत बायो 

शिवांश शेखर ऑटोमोबाइल और खेल स्पेशलिस्ट पत्रकार हैं, जो पिछले 3 वर्षों से डिजिटल मीडिया में ऑटो और खेल जगत से जुड़ी खबरों के बारे में लगातार लिखते हैं. वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल में बतौर कंटेंट राइटर के रूप में काम कर रहे हैं. ऑटो सेक्शन में उनकी रूचि कार/बाइक लॉन्च, फीचर्स, स्पेसिफिकेशन, टिप्स, ट्रिक्स और कंपेरिजन से जुड़े विषयों में है. इसके अलावा फ्लेक्स फ्यूल टेक्नोलॉजी और ऑटो इंडस्ट्रीज के बदलते ट्रेंड्स पर लगातार लिखते हैं. 

उनका प्रयास रहता है कि पाठकों को सिर्फ लॉन्च, कीमत और फीचर्स के बारे में ही न बताया जाए, बल्कि यह भी जानकारी दी जाए कि वह तकनीक आम लोगों के लिए कितने काम का है, उसे इस्तेमाल करने का अनुभव कैसा रहेगा और उसे खरीदना सही रहेगा या नहीं.

पढ़ाई  

बिहार राज्य के जहानाबाद जिले में जन्में शिवांश शेखर की शुरुआती शिक्षा (BSEB) से पूरी हुई. इसके बाद उन्होंने साल 2023 में चौधरी चरण सिंह यूनीवर्सिटी, मेरठ (CCSU) के अंतर्गत आने वाली इंसटीच्युट ऑफ मैनेजमेंट स्टडीज, नोएडा (IMS) से जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन में ग्रेजुएशन की डिग्री प्राप्त की. पढ़ाई के दौरान ही शिवांश की रुचि खेल और ऑटो के विषयों पर लिखने में बढ़ने लगी. इसी दौरान उन्होंने खेल और ऑटोमोबाइल से जुड़ी खबरों पर काम करना शुरू किया और आगे चलकर इन्हीं विषयों को अपने काम का हिस्सा बना लिया. 

काम का सफर 

पत्रकारिता का ककहरा सीखने के बाद शिवांश का सफर एपीएन न्यूज से शुरू हुआ था. उन्होंने पत्रकारिता का समूह जागरण न्यू मीडिया में बतौर सब एडिटर खेल और अन्य खबरों की तकनीकी समझ विकसित की. जेएनएम में करीब डेढ़ साल खेल और अन्य विषयों पर काम करने के बाद उन्होंने एसियानेट न्यूज की तरफ रुख अपनाया. वहां, करीब डेढ़ साल तक ऑटोमोबाइल और स्पोर्ट्स सेक्शन में काम किया और फिर प्रभात खबर का रुख किया, जहां ऑटो बीट पर काम कर रहे हैं. ट्रेंड्स को लगातार फॉलो करते हैं.

विजन 

शिवांश का मानना है कि ऑटोमोबाइल से जुड़ी खबरें केवल नई गाड़ियों के बारे में जानकारी नहीं देती, बल्कि लोगों की रोजमर्रा की जिंदगी, खरीदारों के फैसलों और डिजिटल एक्सपिरियंस पर भी असर डालती हैं.

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