US Iran Ceasefire: अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने कहा है कि अगर ईरान होर्मुज स्ट्रेट से गुजरने वाले तेल टैंकरों से फीस वसूल रहा है, तो उसे तुरंत बंद कर देना चाहिए. ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर लिखा कि ऐसी खबरें हैं कि ईरान होर्मुज स्ट्रेट से गुजरने वाले टैंकरों से फीस ले रहा है, उन्हें ऐसा नहीं करना चाहिए और अगर वे ऐसा कर रहे हैं, तो उन्हें अभी रुक जाना चाहिए. उन्होंने एक और पोस्ट में कहा कि होर्मुज से तेल की सप्लाई जारी रहेगी चाहे ईरान की मदद से या उसके बिना भी. ट्रंप पहले ही साफ कर दिया है कि इस मार्ग को दोबारा खोलना दो हफ्ते के युद्धविराम समझौते का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है.
बेहद खराब काम कर रहा ईरान
ट्रंप ने ईरान के साथ हुए युद्धविराम की प्रभावशीलता पर सवाल उठाए हैं. उन्होंने कहा कि ईरान का व्यवहार समझौते के अनुरूप नहीं है और वह होर्मुज स्ट्रेट से तेल की आवाजाही को ठीक तरीके से संभालने में विफल रहा है. ट्रंप ने गुरुवार शाम अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म Truth Social पर पोस्ट करते हुए कहा कि ईरान इस मामले में बेहद खराब काम कर रहा है. ट्रंप ने कहा इसे शर्मनाक भी कह सकते हैं.
क्या ईरान टैंकरों से वसूल रहा टोल?
अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप की यह टिप्पणी उन खबरों के बाद आई है, जिनमें दावा किया गया कि ईरान होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने वाले तेल टैंकरों से शुल्क ले रहा है. ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल (Truth Social) पर इस मुद्दे को उठाते हुए कहा कि ऐसी रिपोर्ट्स सामने आ रही हैं, जिनमें ईरान की ओर से टैंकरों से फीस लेने की बात कही जा रही है. उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि ईरान को ऐसा नहीं करना चाहिए. साथ ही उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि अगर वाकई इस तरह की वसूली हो रही है, तो इसे तुरंत बंद किया जाना चाहिए.
ट्रंप की चेतावनी- अमेरिकी सेना रहेगी तैनात
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया ट्रूथ सोशल पर बुधवार को कहा था कि ईरान होर्मुज को पूरी तरह सुरक्षित खोलने पर सहमत हो गया है. उन्होंने ईरान को चेतावनी देते हुए यह भी कहा था वो समझौता तोड़ने की कोशिश न करे. जब तक कोई ठोस सहमति नहीं बन जाती अमेरिकी सेना ईरान के आस-पास ही तैनात रहेगी.
इस्लामाबाद में शांति वार्ता की तैयारी
पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद (Islamabad) में ईरान और अमेरिका के बीच शांति वार्ता की तैयारी चल रही है. दोनों देशों ने दो हफ्तों के अस्थायी सीजफायर पर सहमति जताई है, लेकिन शर्तों को लेकर मतभेद बने हुए हैं. ईरान ने प्रतिबंधों में राहत और होर्मुज स्ट्रेट पर नियंत्रण सहित 10 मांगें रखी हैं, जबकि अमेरिका का 15 बिंदुओं वाला अलग प्रस्ताव है. रिपोर्ट्स के मुताबिक, ईरान भविष्य में यहां से गुजरने वाले जहाजों से उनकी श्रेणी और सामान के आधार पर शुल्क लेने की योजना बना रहा है, जिसे ट्रंप नामंजूर कर रहे हैं.
