शेख हसीना के लिए मुसीबत बनती जा रही हैं खालिदा जिया, मौतों के लिए ठहराया जिम्मेदार, गिरफ्तारी की मांग

Bangladesh Violence: बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना की मुसीबतें कम होने का नाम ही नहीं ले रही है. अपने देश से भागकर उन्होंने भारत में शरण लिया. अब उन्हें गिरफ्तार कर उनपर मुकदमा चलाने की मांग उठ रही है.

Bangladesh Violence: बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना की मुश्किलें हर दिन के साथ बढ़ती जा रही है. आरक्षण के मुद्दे पर आंदोलन छिड़ा और उनका तख्तापलट हो गया. इसके बाद उन्हें देश छोड़कर भारत में शरण लेनी पड़ी. बीते दिनों उन पर हत्या का मामला दर्ज किया गया. अब उनकी गिरफ्तारी की मांग उठ रही है. बता दें, बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री खालिदा जिया की पार्टी ने शेख हसीना की गिरफ्तारी की मांग की है.

शेख हसीना को गिरफ्तार कर मुकदमा चलाने की मांग
गुरुवार को बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी ने देशभर में धरने का आयोजन किया. इस दौरान पार्टी ने अपदस्थ प्रधानमंत्री शेख हसीना और उनके करीबी लोगों को हालिया हिंसा के लिए जिम्मेदार करार दिया. साथ ही उन्हें गिरफ्तार करने और उन पर मुकदमा चलाने की मांग की. बता दें, अपनी सरकार के खिलाफ बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन के बाद शेख हसीना प्रधानमंत्री पद से इस्तीफा देकर पांच अगस्त को बांग्लादेश छोड़कर भारत में आ गई थी.

बीएनपी के कार्यकर्ताओं ने दिया धरना
बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (BNP) की ढाका महानगर इकाई के कार्यकर्ता और समर्थकों ने गुरुवार को शेख हसीना की गिरफ्तारी की मांग की. बीएनपी कार्यकर्ताओं ने अपनी मांगों को लेकर बैतुल मुकर्रम नेशनल मस्जिद के दक्षिणी गेट, हसीना की पार्टी अवामी लीग के कार्यालयों के सामने और सेंट्रल शहीद मीनार पर जमा हुए. इस दौरान बीएनपी के कार्यकर्ताओं ने शेख हसीना को गिरफ्तार करने और उन पर मुकदमा चलाने की मांग की.

बीएनपी ढाका सिटी साउथ के संयोजक रफीकुल इस्लाम मजनू ने बैतुल मुकर्रम में विरोध प्रदर्शन का नेतृत्व किया. उन्होंने कहा कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कहा कि हमने मांग की है कि फासीवादी निरंकुश शेख हसीना और उनके सहयोगियों को गिरफ्तार कर उनके खिलाफ मुकदमा चलाया जाए. उन्होंने बांग्लादेश में क्रूर नरसंहार किया है. बता दें, बांग्लादेश में पांच अगस्त को हसीना सरकार गिरने के बाद देशभर में हिंसक घटनाओं में 230 से अधिक लोगों की मौत हो गई थी. भाषा इनपुट के साथ

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Author: Pritish Sahay

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