अमेरिकी : सोनिया के खिलाफ 1984 दंगा मामला खारिज

न्यूयार्क: सिख-विरोधी दंगा मामले में सिख समूह द्वारा कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी के खिलाफ दायर किये गये मुकदमे को अमेरिकी अदालत ने यह कहते हुए खारिज कर दिया है कि इस मामले में गांधी को निजी तौर पर जिम्मेदार नहीं ठहराया जा सकता. बहरहाल, अदालत ने इस समूह को भविष्य में गांधी के खिलाफ कोई […]

न्यूयार्क: सिख-विरोधी दंगा मामले में सिख समूह द्वारा कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी के खिलाफ दायर किये गये मुकदमे को अमेरिकी अदालत ने यह कहते हुए खारिज कर दिया है कि इस मामले में गांधी को निजी तौर पर जिम्मेदार नहीं ठहराया जा सकता.

बहरहाल, अदालत ने इस समूह को भविष्य में गांधी के खिलाफ कोई मुकदमा लाने से प्रतिबंधित नहीं किया है. 13 पृष्ठों के आदेश में अमेरिकी जिला न्यायाधीश ब्रियान कोगन ने गांधी के निवेदन (मोशन) को स्वीकार करते हुए सिख्स फॉर जस्टिस नाम समूह की ओर से दर्ज कराई गई शिकायत को खारिज कर दिया. इसकी वजह अदालत ने इस मामले के विषयवस्तु आधारित न्यायक्षेत्र में नहीं होने और दावा करने में विफलता बताई.

उन्होंने गांधी के उस अनुरोध को खारिज कर दिया, जिसमें उन्होंने कहा था कि अदालत को मुकदमा-विरोधी हुक्म जारी करना चाहिए ताकि एसएफजे भविष्य में और मुकदमे न ला सके. अदालत ने कहा कि वह गांधी को न्यायेतर हत्याओं या उत्पीडन के आरोपों के आधार पर निजी तौर पर जिम्मेदार नहीं ठहरा सकती क्योंकि वे कांग्रेस की अध्यक्ष 1984 में दंगे होने के एक दशक से भी ज्यादा समय के बाद यानी 1998 में बनीं.

कोगन ने कहा कि सिख विरोधी दंगे एसएफजे और पक्षकारों द्वारा मुकदमा दायर किए जाने के लगभग 30 साल पहले हुए थे और सीमाओं की संवैधानिकता पक्षकारों के लिए एक स्वाभाविक बाधा है. आदेश पर प्रतिक्रिया देते हुए गांधी के वकील रवि बत्रा ने बताया कि सही न्याय हुआ है क्योंकि एसएफजे के बुरे इरादों के साथ प्रचार के लिए बेबुनियाद मामले को खारिज कर दिया गया है.

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By Prabhat Khabar Digital Desk

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