Uniquie Diwali 2023 Celebration in India: भारत के इन जगहों पर होती है धमाकेदार दिवाली सेलिब्रेशन

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Uniquie Diwali 2023 Celebration in India: भारत के इन जगहों पर होती है धमाकेदार दिवाली सेलिब्रेशन
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Uniquie Diwali 2023 Celebration in India: भारत के इन जगहों पर होती है धमाकेदार दिवाली सेलिब्रेशन

Uniquie Diwali 2023 Celebration in India: दिवाली बहुप्रतीक्षित भारतीय त्योहारों में से एक है और इसे देश में बड़े पैमाने पर मनाया जाता है. दिवाली या दीपावली को रोशनी के त्योहार के रूप में भी जाना जाता है जहां लोग अपने घरों को रोशन करके और मिट्टी के दीये जलाकर जश्न मनाते हैं.

अयोध्या
भगवान राम की जन्मस्थली अयोध्या में लोग दिल से दिवाली मनाते हैं. हिंदू पाठ्य पुस्तकों के अनुसार, दिवाली पहली बार उस दिन मनाई गई थी जब भगवान राम 14 साल के वनवास के बाद अपनी पत्नी सीता और भाई लक्ष्मण के साथ अयोध्या लौटे थे. लोग सरयू नदी के तट पर दीपक जलाने के लिए एकत्रित होते हैं. यहां दिवाली चार दिनों तक मनाई जाती है!

अमृतसर
अमृतसरी दिवाली कई मायनों में अनोखी और भव्य है! शहर ने पहली बार प्रकाश का त्योहार तब मनाया जब छठे सिख गुरु, गुरु हरगोबिंद सिंह 1619 में जेल से लौटे. उन्हें कई राजनीतिक नेताओं के साथ उनकी धार्मिक मान्यताओं के लिए सलाखों के पीछे डाल दिया गया था. यहां की दिवाली इसलिए खास है क्योंकि यहां स्वर्ण मंदिर की आधारशिला साल 1577 में रखी गई थी.

वाराणसी
भारत के प्राचीन हिंदू शहरों में से एक, इस स्थान पर दीवाली का जश्न अन्य शहरों की तरह नहीं मनाया जाता है. यहां के गंगा घाटों को मिट्टी के दीयों की कतार से रोशन किया गया है, जो एक जादुई दृश्य पैदा करता है. अगर आप दिवाली के दौरान वाराणसी जाएंगे तो आपको आध्यात्मिक अनुभव होगा. दो सप्ताह बाद, वाराणसी पूर्णिमा की रात को देव दीपावली मनाता है, जो एक बड़ा उत्सव है.

उदयपुर
दिवाली मनाने के लिए उदयपुर एक और जगह है. यहां लोग धन की देवी के दर्शन के लिए प्रसिद्ध महालक्ष्मी मंदिर जाते हैं. 2012 में, राजस्थान सरकार ने विभिन्न प्रदर्शनों के साथ शाही अंदाज में दिवाली मनाने की शुरुआत की.

गोवा
गोवा में दिवाली मनाने का सबसे अनोखा तरीका है क्योंकि इस दिन भगवान कृष्ण ने राक्षस नरकासुर का वध किया था. हर साल, राज्य एक प्रतियोगिता आयोजित करके दिवाली मनाता है और नरकासुर चतुर्दशी पर राक्षस के पुतले जलाए जाते हैं, जो दिवाली से एक दिन पहले होता है.

कोलकाता
जहां दुनिया देवी लक्ष्मी की पूजा करके दिवाली मनाती है, वहीं कोलकाता देवी काली की पूजा करके दिवाली मनाता है. इस दिन कोलकाता के काली मंदिरों में भक्तों की भीड़ लगी रहती है. कालीघाट, बेलूर मठ और दक्षिणेश्वर कुछ बेहतरीन जगहें हैं.

अहमदाबाद
गुजराती शहर भी पांच दिनों तक दिवाली मनाता है जो धनतेरस से शुरू होता है, जिस दिन लोग सोना खरीदते हैं. इसके बाद नरक चतुर्दशी आती है जहाँ कृष्ण द्वारा राक्षस नरकासुर का वध किया गया था. फिर दिवाली आती है, फिर बलिपद्यमी आती है और आखिरी दिन विक्रमसंवत होता है.

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लेखक के बारे में

By Shaurya punj

मैं धर्म, ज्योतिष और आध्यात्मिक विषयों पर लेखन में विशेषज्ञता रखता हूं. हस्तरेखा शास्त्र, राशिफल, ग्रह-नक्षत्र, धार्मिक परंपराओं और पौराणिक कथाओं से जुड़े विषयों पर मेरी विशेष रुचि और गहरी समझ है. रांची के सेंट जेवियर्स कॉलेज से मास कम्युनिकेशन में स्नातक करने के बाद मैंने डिजिटल मीडिया और कंटेंट राइटिंग के क्षेत्र में 15 वर्षों से अधिक का अनुभव हासिल किया है. धर्म और ज्योतिष के अलावा एंटरटेनमेंट, लाइफस्टाइल और शिक्षा जैसे विषयों पर भी लगातार लेखन करता रहा हूं. मेरी कोशिश रहती है कि जटिल विषयों को आसान, रोचक और भरोसेमंद तरीके से पाठकों तक पहुंचाया जाए.

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