जामताड़ा से निकेश कुमार की रिपोर्ट
Dr Irfan Ansari, जामताड़ा : जामताड़ा स्थित नारायणपुर प्रखंड अंतर्गत भैयाडीह गांव में गुरुवार को उस वक्त माहौल अत्यंत गमगीन और भावुक हो उठा, जब तेलंगाना में मजदूरी के दौरान मौत के आगोश में समाने वाले रामदुलाल पंडित का पार्थिव शरीर सम्मानपूर्वक उनके पैतृक गांव पहुंचा. शव के गांव पहुंचते ही पूरे इलाके में मातम छा गया, परिजनों की चीख-पुकार से पूरा गांव रो पड़ा. इस बेहद गरीब परिवार की मदद के लिए झारखंड सरकार के स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी और उनके पिता सह पूर्व सांसद फुरकान अंसारी ने संवेदनशीलता दिखाते हुए मानवीय आधार पर जो प्रयास किए, उसकी पूरे क्षेत्र में सराहना हो रही है
तेलंगाना में ऊंचाई से गिरकर हुई थी दर्दनाक मौत
भैयाडीह गांव निवासी रामदुलाल पंडित अपने पीछे पत्नी और एक छोटे बच्चे का रोता-बिलखता परिवार छोड़ गए हैं. परिवार पालने के लिए वे तेलंगाना गए थे, जहां काम के दौरान ऊंचाई से गिरकर वे गंभीर रूप से घायल हो गए थे. आखिरकार 15 मई 2026 को इलाज के दौरान उनकी दर्दनाक मौत हो गई. रामदुलाल का परिवार इतना गरीब है कि उनके पास अपने कमाऊ सदस्य के शव को वापस लाने की बात तो दूर, तेलंगाना तक का टिकट कटाने के भी पैसे नहीं थे. घटना की भनक लगते ही स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने मामले को बेहद गंभीरता से लिया और अपने मुख्य प्रतिनिधि अजहरुद्दीन को तत्काल हर संभव सरकारी और प्रशासनिक मदद सुनिश्चित करने का टास्क सौंपा.
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विकाराबाद पुलिस से लेकर डीजीपी तक से किया संपर्क
मंत्री डॉ. इरफान अंसारी के कड़े निर्देश पर उनके प्रतिनिधि अजहरुद्दीन तुरंत एक्शन में आए. उन्होंने सबसे पहले तेलंगाना के विकाराबाद स्थित कारणकोट थाना प्रभारी से फोन पर संपर्क साधकर पूरे घटनाक्रम की विधिक जानकारी ली. इसके बाद मामले में आ रही प्रशासनिक अड़चनों को दूर करने के लिए तेलंगाना के मुख्य सचिव (Chief Secretary) और पुलिस महानिदेशक (DGP) से उच्च स्तरीय बातचीत की गई. झारखंड सरकार की ओर से मानवीय आधार पर हस्तक्षेप करने के आग्रह के बाद तेलंगाना प्रशासन ने पोस्टमार्टम और अन्य विधिक प्रक्रियाओं को तेजी से पूरा कराया.
पूर्व सांसद फुरकान अंसारी पहुंचे गांव
इस संकट की घड़ी में पीड़ित परिवार को ढांढस बंधाने के लिए पूर्व सांसद फुरकान अंसारी स्वयं भैयाडीह गांव पहुंचे. उन्होंने शोकाकुल पत्नी और परिजनों से मुलाकात कर उन्हें न सिर्फ सांत्वना दी, बल्कि तत्काल व्यक्तिगत रूप से आर्थिक सहायता भी प्रदान की. फुरकान अंसारी ने तुरंत एक विशेष एंबुलेंस की व्यवस्था कराई, जिसके जरिए मृतक के परिजनों को तेलंगाना के लिए रवाना किया जा सका.
शव पहुंचने पर भावुक हुए ग्रामीण, विपक्ष पर साधा निशाना
गुरुवार को जब कागजी प्रक्रिया पूरी होने के बाद शव सम्मानपूर्वक गांव लाया गया, तो ग्रामीणों ने रुंधे गले से स्वास्थ्य मंत्री और उनकी टीम का आभार जताया. ग्रामीणों ने कहा कि अगर मंत्री जी का प्रशासन पर दबाव और त्वरित सहायता नहीं मिलती, तो एक गरीब पत्नी कभी अपने पति का आखिरी बार चेहरा भी नहीं देख पाती. शव पहुंचने की सूचना पर दोबारा गांव पहुंचे मंत्री प्रतिनिधि अजहरुद्दीन ने शोक संतप्त परिवार से मुलाकात की. उन्होंने बताया कि स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी वर्तमान में दिल्ली में हैं, लेकिन वे फोन पर लगातार इस पूरे मामले की मॉनिटरिंग कर रहे थे. दिल्ली से लौटते ही वे स्वयं भैयाडीह आकर परिवार से मिलेंगे.
विधायक प्रतिनिधि ने विपक्ष पर बोला हमला
इस दौरान अजहरुद्दीन ने विपक्ष पर तीखा राजनीतिक हमला भी बोला है. उन्होंने कहा कि मुसीबत की घड़ी में ही जमीन पर काम करने वाले सच्चे नेता की पहचान होती है. डॉ. इरफान अंसारी बिना किसी भेदभाव के हमेशा गरीबों के आंसू पोंछने के लिए खड़े रहते हैं. वहीं, चुनाव के समय बड़ी-बड़ी बातें और राजनीति करने वाले विपक्षी नेता आज इस गरीब परिवार के दुख की घड़ी में कहीं दिखाई नहीं दे रहे हैं.
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