Common Man Issues: झारखंड के इस पुल से लोग जान जोखिम में डालकर करते हैं पार, पर नहीं ले रहा कोई सुध

गिरिडीह के चिरकिया नदी पर बना पुल इनदिनों जर्जर हो गया है. जर्जर होने के कारण लोग जान जोखिम में इस पुल से आना-जाना करने को मजबूर हैं. इसके बावजूद अधिकारी से लेकर स्थानीय जनप्रतिनिधि इस समस्या के समाधान में कोई दिलचस्पी नहीं दिखा रहे हैं. इससे क्षेत्र के ग्रामीणों में काफी नाराजगी है.

Common Man Issues: गिरिडीह जिला अंतर्गत पीरटांड प्रखंड मुख्यालय से लगभग 22 किमी दूर स्थित महदूडीह और खेताडाबार के बीच चिरकिया नदी पर बना पुल जर्जर हो गयी है. इससे कभी भी बड़ी दुर्घटना घट सकती है. इस पुल से हर दिन सैकड़ों वाहनों का आना-जाना होता है. पुल का निर्माण 25 साल पहले 20 हजार की लागत से हुआ था. इसके बाद से इसकी मरम्मत नहीं हुई. मरम्मत के अभाव में पिलर के साथ-साथ पुल का ऊपरी भाग भी क्षतिग्रस्त हो गया है.

बरसात में पुल के ऊपर बहता है पानी

बरसात के दिनों में पानी पुल के ऊपर से बहता है. दोनों ओर पहुंच पथ की ऊंचाई पुल से अधिक होने के कारण यह स्थिति पैदा होती है. इसके कारण बरसात में कई बार आवागमन बाधित हो जाता है. वहीं, मरम्मत के अभाव में पुल अंदर से खोखला भी होने लगा है. पिलर भी क्षतिग्रस्त हो गयी है. खेताडाबर, सिकदारडीह, अंगेया, लोंगिटांड़, बोनासिंघा के साथ सिमरकोढी, हरलाडीह पंचायत के लोगों को विशेष परेशानी होती है. वहीं, धनबाद, टुंडी, राजगंज जाने के लिए लोग इस रास्ता का प्रयोग करते हैं.

पिहरा-ढाब पथ की स्थिति जर्जर

वहीं, गावां प्रखंड स्थित ढाब-पिहरा पथ के जर्जर रहने से भी लोगों को काफी परेशानी झेलनी पड़ रही है. इस पथ का निर्माण करीब एक दशक पूर्व पीडब्ल्यूडी द्वारा करवाया गया था. बीच में पथ की मरम्मत के नाम पर सिर्फ खानापूरी की गयी थी. पथ पर जगह-जगह गड्ढे बन जाने से राहगीर हिचकोले खाने को विवश हैं. आये दिन सड़क दुर्घटनाएं घट रही है. यह पथ प्रखंड के प्रमुख पथों में से एक हैं. यह पथ कोडरमा के सतगावां प्रखंड को भी जोड़ता है. सतगावां प्रखंड के प्रशासनिक पदाधिकारी एवं ग्रामीण जिला मुख्यालय जाने के लिए भी इसी पथ का इस्तेमाल करते हैं. बावजूद यह पथ इस समय उपेक्षा का दंश झेल रहा है. यात्री अपनी जान को जोखिम में डालकर यात्रा करने के लिए विवश हैं. मामले में सांसद प्रतिनिधि श्रीराम यादव ने कहा कि सांसद को पथ की मरम्मत को लेकर आवेदन दिया गया है. विभाग द्वारा पथ की मरम्मति की स्वीकृति मिल चुकी है. जल्द ही पथ की मरम्मत का कार्य शुरू करवाया जायेगा.

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क्या कहते हैं स्थानीय लोग

ग्रामीण तीर्थनाथ सिंह ने कहा कि पुल का निर्माण बेहद जरूरी है. पालगंज-बोनासिंघा सड़क पीरटांड़ की लाइफ लाइन है. वर्तमान में पुल की हालत जर्जर है. कभी भी बड़ी घटना घट सकती है. वहीं, संतोष राणा ने कहा कि वर्षों से हमलोग पुल निर्माण की मांग कर रहे हैं. लेकिन, मरम्मत की कोई पहल नहीं हो रही है. जल्द ही पुल निर्माण की दिशा में ठोस पहल होनी चाहिए.

महदूडीह-खेताडाबर के बीच पुल निर्माण जरूरी

ग्रामीण सुधीर सिंह ने कहा कि पालगंजबोनासिंघा सड़क तथा महदूडीह-खेताडाबर के बीच पुल के निर्माण की आवश्यकता है. पुल की स्थिति देखकर बड़ी दुर्घटना का भय बना रहता है. वहीं, ग्रामीण इमामुल अली ने कहा कि यह सड़क बहुत ही उपयोगी है. लेकिन, पुल की हालत जर्जर हो गयी है. विधायक एवं डीसी से जल्द पुल निर्माण करवाने की मांग की जायेगी.

रिपोर्ट : भोला पाठक, पीरटांड़, गिरिडीह.

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By Samir Ranjan

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