गूगल का थेफ्ट डिटेक्शन लॉक फीचर बनेगा चोरों के लिए सरदर्द, हाथों में जाते ही हो जाएगा फोन लॉक, जानें कैसे काम करता है ये फीचर

Android 15 का नया सुरक्षा फीचर पिक्सल 6 और इसके बाद के मॉडल्स पर उपलब्ध है और जल्द ही इसे सभी डिवाइसेज पर रोलआउट किया जाएगा जो इस वर्जन में अपग्रेड होंगे. यह फीचर यूजर्स के डेटा की सुरक्षा के लिए डिजाइन किया गया है.

Android 15 Security Features: गूगल ने हाल ही में एंड्रॉयड 15 लॉन्च किया. इसमें कई नयी सुविधाओं के साथ-साथ गोपनीयता और सुरक्षा से जुड़ी टूल्स को भी हाईलाइट किया गया है. इनमें से एक प्रमुख फीचर है थेफ्ट डिटेक्शन लॉक. यह फीचर पिक्सल 6 और उसके बाद के मॉडल्स पर उपलब्ध है, लेकिन जल्द ही इसे उन सभी डिवाइसेज पर रोलआउट किया जाएगा जो इस नये वर्जन में अपग्रेड होंगे. यह सुरक्षा फीचर यूजर्स के डेटा को सुरक्षित रखने के लिए डिजाइन किया गया है. आइए विस्तार से समझते हैं क्या है थेफ्ट डिटेक्शन लॉक और ये काम कैसे करता है.

थेफ्ट डिटेक्शन लॉक क्या चीज है?

गूगल के अनुसार, थेफ्ट डिटेक्शन लॉक फीचर एआई (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) की मदद से यूजर का डेटा सुरक्षित रखने का काम करता है. यदि फोन यह महसूस करता है कि किसी ने उसे छीन लिया है और वह दौड़ते हुए, बाइक या गाड़ी से भागने की कोशिश कर रहा है, तो यह फीचर अपने आप सक्रिय हो जाएगा और डिवाइस को लॉक कर देगा. ध्यान देने वाली बात यह है कि इस फीचर को इस्तेमाल करने के लिए डिवाइस पर लॉक स्क्रीन सेट होना जरूरी है.

गूगल ने इसे विस्तार से समझाते हुए कहा है कि डिवाइस पर मशीन लर्निंग का उपयोग करते हुए, थेफ्ट डिटेक्शन लॉक विभिन्न डिवाइस संकेतों का विश्लेषण करता है ताकि संभावित चोरी के प्रयासों का पता लगाया जा सके. अगर फोन आपके अनलॉक डिवाइस पर किसी संभावित चोरी के प्रयास का पता लगाता है, तो यह स्क्रीन को लॉक कर देता है ताकि चोर डिवाइस का उपयोग न कर सके.

ऑफलाइन डिवाइस लॉक और रिमोट लॉक

चोरी का पता लगाने वाले लॉक के अलावा, एक और सुरक्षा फीचर ऑफलाइन डिवाइस लॉक है, जो उन स्थितियों में उपयोगी है जब चोर डिवाइस को ऑफलाइन ले जाकर डेटा चुराने या एंड्रॉयड के फाइंड माई डिवाइस के जरिये रिमोट वाइप से बचने की कोशिश करता है. अगर अनलॉक डिवाइस लंबे समय तक ऑफलाइन रहता है, तो यह फीचर स्क्रीन को लॉक कर देता है ताकि चोरी हुआ फोन इस्तेमाल न किया जा सके. इसके अलावा, रिमोट लॉक की मदद से यूजर किसी भी अन्य डिवाइस से अपने फोन नंबर और एक साधारण सुरक्षा प्रक्रिया का उपयोग करके फोन को तुरंत लॉक कर सकता है. ये फीचर्स अब ज्यादातर एंड्रॉयड 10 और उससे ऊपर के डिवाइस पर उपलब्ध हैं.

Android 15 में ऐसे नये सुरक्षा फीचर्स शामिल किये गए हैं, जो चोरों को पासवर्ड का अनुमान लगाने और चोरी किये गए फोन में संवेदनशील जानकारी तक पहुंचने से रोकते हैं. उदाहरण के लिए, कुछ सेटिंग्स में बदलाव करने के लिए अतिरिक्त पुष्टिकरण की आवश्यकता होगी, जिन्हें चोर अक्सर निशाना बनाते हैं, जैसे सिम हटाना या Find My Device को बंद करना. अगर ऐप्स और सेटिंग्स में कई बार असफल प्रयास किये जाते हैं, तो यह फीचर डिवाइस को लॉक कर देगा. यह अपडेट चोरी किये गए डिवाइस को रिसेट करने और बेचने को चोरों के लिए और मुश्किल बना देते हैं.

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